क्रेडिट कार्ड नहीं तो इमरजेंसी में कहां से मिलेगा पैसा? और क्या-क्या विकल्प हैं, जहां सस्ता मिल जाएगा लोन?
Loan without credit card: क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल अब सिर्फ शॉपिंग या बिल भरने तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि यह लोन लेने का भी एक जरिया है. हालांकि, बिना इसके भी लोन मिलने के कई तरीके हैं.

- आपातकालीन ऋण के लिए गोल्ड, पीपीएफ, एफडी पर लोन उपलब्ध हैं.
- गोल्ड, पीपीएफ, एलआईसी, एफडी पर कम ब्याज पर ऋण मिलता है.
- बिना गिरवी Buy Now Pay Later और ऐप से तुरंत छोटे ऋण संभव हैं.
Cheapest Loan in Emergency: इमरजेंसी की स्थिति में पैसों की जरूरत पड़ने पर क्रेडिट कार्ड लोन का एक अच्छा विकल्प साबित हो सकता है. घर में कोई जरूरी काम हो या बच्चों की फीस भरनी हो या घर में किसी की शादी हो, तो क्रेडिट कार्ड से आप लोन लेकर बाद में ब्याज सहित इसका भुगतान आराम से कर सकते हैं, लेकिन क्या हो जब अपने पास कोई क्रेडिट कार्ड ही न हो, तो? आज हम आपको कुछ ऐसे ही बेहतरीन ऑप्शंस के बारे में बताने जा रहे हैं, जिसके लिए क्रेडिट कार्ड होने की भी जरूरत नहीं पड़ेगी और सस्ते में लोन भी मिल जाएगा.
कहां मिलेगा सबसे सस्ता लोन?
गोल्ड लोन- अगर आपके पास थोड़ा-बहुत सोना रखा है, तो आप उसे गिरवी रखकर लोन ले सकते हैं. इसमें ब्याज दरें भी काफी कम- 8-10% के बीच होती है.
PPF या LIC पर लोन- सरकारी स्कीम हो या इंश्योरेंस पॉलिसी दोनों ही जरूरत के समय लोन के अच्छे विकल्प साबित हो सकते हैं. इसमें सरेंडर वैल्यू पर काफी कम इंटरेस्ट रेट पर आपको लोन मिल जाता है.
FD पर लोन- बैंक आपको आपकी फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) पर 90% तक लोन देता है. इसमें एफडी पर मिलने वाले इंटरेस्ट से महज 1-2% ज्यादा ही ब्याज चुकाना पड़ता है.
लोन लेने के कुछ और आसान विकल्प
मान लीजिए कि आपके पास गिरवी रखने के लिए कुछ भी नहीं है, तो उस स्थिति में भी आपको कई अन्य तरीकों से लोन मिल जाएंगे. इनमें से एक है Buy Now Pay Later का ऑप्शन. अमेजन, पेटीएम या फ्लिपकार्ट जैसे ऐप जरूरत पड़ने पर कुछ हजार तक की क्रेडिट लिमिट पर ब्याज देते हैं. सही समय पर चुकाने पर इसमें ब्याज भी नहीं देना पड़ता है. इसके अलावा, KreditBee, Moneytrap और NAVI जैसे भी कुछ ऐप हैं, जो सिर्फ पैन या आधार कार्ड पर कुछ हजार तक लोन दे देते हैं. कुछ ऐप ऐसे भी हैं, जो आपकी सैलरी के आधार पर छोटा-मोटा लोन तुरंत दे देते हैं.
ये भी पढ़ें:
82 साल बुजुर्ग के पेंशन अकाउंट में आए 759 करोड़ रुपये, फिर आगे क्या हुआ? बिहार का है मामला

























