(Source: Poll of Polls)
Food Grain Production: 8 साल में हुआ गेहूं और चावल का बंपर उत्पादन, मगर महंगी हो गई ये दाल
देश में गेहूं, चावल की उपज लगातार बढ़ रही है. केंद्र सरकार के हालिया आंकड़ों में गेहूं, चावल में बंपर बढ़त दर्ज की गई है. इसके अलावा फल-सब्जियों का उत्पादन भी बढ़ा है.

Rice and Wheat Production: देश में गेहूं कटाई चल रही है. किसानों गेहूं को लेकर मंडी पहुंच रहा है. केंद्र सरकार देश भर से गेहूं खरीद का आंकड़ा जुटा रही है. पिछले कुछ सालों में गेहूं, चावल व अन्य सब्जी फसलों के जो आंकड़ें सामने आए हैं. उन्होंने राहत दी है. पिछले 8 साल के आंकड़ों को देखें तो देश में गेहूं, चावल के उत्पादन में रिकॉर्ड बढ़ोत्तरी दर्ज की गई है. इसके अलावा अन्य फसलों के उत्पादन पर भी जोर दिया जा रहा है.
गेहूं, चावल, सब्जी के उत्पादन में बंपर बढ़ोत्तरी
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, मिनिस्ट्री ऑफ स्टैटिक्स एंड प्रोग्राम इंप्लीमेंटेशन के आंकड़ें सामने आए हैं. आंकड़ों के अनुसार, भारत में चावल और गेहूं का उत्पादन बहुत तेजी से बढ़ा है. 2014-15 में चावल और गेहूं के उत्पादन में 4.2 प्रतिशत बढ़ोत्तरी दर्ज की गई थी. वहीं, 2021-22 में 5.8 बढ़त हुई. फलों और सब्जियों का उत्पादन भी देश में बढ़ा है. इनके उत्पादन में 1.5 प्रतिशत की वृद्धि हुई है. देश में कुल खाद्य उत्पादन में फल और सब्जियों की हिस्सेदारी बढ़ कर 28.1 प्रतिशत है. यह खुद में एक रिकॉर्ड माना जा रहा है.
दाल, तिलहन की हालतत अभी भी खस्ता
चावल एक्सपोर्ट करने के मामले में भारत बड़े निर्यातक देश के रूप में देखा जाता है. लेकिन दलहन और तिलहन की उपज की हालत अभी भी खस्ता है. घरेलू खपत पूरी करने के लिए भारत सरकार को विदेशों से दाल और तिलहन मंगानी पड़ रही है. देश में हर साल दलहन-तिलहन की कमी होती है. सरकार पर आपूर्ति सुनिश्चित करने का दबाव रहता है.
अरहर की दाल 11 रुपये महंगई हुई
दलहन आपूर्ति न हो पाने का असर उसकी कीमतों पर भी देखने को मिलता है. अरहर दाल की कीमत में लगातार बढ़त दर्ज की जा रही है. दिल्ली में अरहर की दाल एक महीने पहले 120 रुपये प्रति किलो थी, जोकि अब बढ़कर 126 रुपये किलो हो गई है. जयपुर में अरहर की दाल के भाव 119 रुपये प्रति किलोग्राम थे, जोकि अब बढ़कर 130 रुपये प्रति किलोग्राम हो गए हैं.
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