एक्सप्लोरर

इन नौकरियों पर सबसे पहले हमला करेगा AI और ये जॉब्स अभी हैं सेफ! Microsoft की नई रिपोर्ट में हुआ चौंकाने वाला खुलासा

Microsoft on AI: अगर आप लेखक, अनुवादक या कस्टमर सर्विस जैसे कामों में लगे हैं तो अब सतर्क हो जाइए AI आपकी जॉब पर सीधा असर डाल रहा है.

Microsoft on AI: अगर आप लेखक, अनुवादक या कस्टमर सर्विस जैसे कामों में लगे हैं तो अब सतर्क हो जाइए AI आपकी जॉब पर सीधा असर डाल रहा है. वहीं अगर आप नर्स, मेकेनिक या मजदूर जैसे कामों से जुड़े हैं तो अभी के लिए आपकी नौकरी सुरक्षित मानी जा रही है. Microsoft Research की एक ताज़ा रिपोर्ट जो Bing Copilot (अब Microsoft Copilot) से जुड़ी 2 लाख AI इंटरैक्शन्स पर आधारित है यही दर्शाती है कि AI धीरे-धीरे रियल वर्ल्ड में कई नौकरियों की कार्यप्रणाली को बदल रहा है.

AI किन नौकरियों को सबसे ज़्यादा प्रभावित कर रहा है?

Microsoft ने इस रिपोर्ट में एक AI Applicability Score तैयार किया है. यह स्कोर इस बात पर आधारित है कि लोग AI से किस तरह का काम करवा रहे हैं AI उसे कितनी अच्छी तरह करता है, और उसका असर कितना व्यापक है.

इन क्षेत्रों की नौकरियां सबसे पहले प्रभावित हो रही हैं:

  • अनुवादक और इंटरप्रेटर
  • लेखक और कंटेंट क्रिएटर
  • सेल्स प्रतिनिधि
  • कस्टमर सर्विस एजेंट
  • एडिटर्स और प्रूफरीडर्स

इनके अलावा, पत्रकार, इतिहासकार, तकनीकी लेखक, शिक्षक और पब्लिक रिलेशन से जुड़े प्रोफेशनल्स भी प्रभावित हो रहे हैं. इन सभी में एक समानता है जानकारी, संवाद और कंटेंट पर आधारित कार्य जिन्हें AI तेज़ी और सटीकता से कर सकता है.

फिलहाल कौन सी नौकरियां हैं सुरक्षित?

वो काम जिनमें शारीरिक मेहनत या इंसानी देखभाल की ज़रूरत होती है अभी AI की पहुंच से बाहर हैं. इनमें शामिल हैं:

  • नर्स और हेल्थ असिस्टेंट्स
  • छत निर्माण और सीमेंट वर्कर्स
  • ट्रक ड्राइवर और भारी मशीन ऑपरेटर्स
  • बर्तन धोने वाले, सफाईकर्मी
  • मसाज थैरेपिस्ट और मेडिकल तकनीशियन

ऐसा इसलिए है क्योंकि Copilot, GPT या Claude जैसे AI टूल्स केवल सुझाव दे सकते हैं लेकिन खुद से कोई फिज़िकल काम नहीं कर सकते.

क्या अच्छी तनख्वाह वाली नौकरियां भी खतरे में हैं?

Microsoft की रिपोर्ट कहती है कि तनख्वाह और AI प्रभाव के बीच सीधा संबंध नहीं है. मिड-लेवल या क्रिएटिव नौकरियां अधिक प्रभावित हो रही हैं जबकि हाई-पेड या विशेषज्ञता वाली नौकरियों पर फिलहाल उतना असर नहीं पड़ा है. BA जैसी डिग्री होने या न होने से भी बहुत ज़्यादा फर्क नहीं पड़ता AI सभी पर असर डाल सकता है.

आपके लिए क्या मायने रखता है यह बदलाव?

अगर आपका काम पढ़ने, लिखने, रिसर्च करने या समझाने से जुड़ा है तो समझ लीजिए कि आप पहले ही AI के साथ वर्कबेंच शेयर कर रहे हैं. भले ही AI अभी आपकी नौकरी न छीने लेकिन यह ज़रूर बदल रहा है कि आप उसे कैसे करते हैं. वहीं, अगर आपका काम फिज़िकल है जैसे उठाना, बनाना, मरम्मत या देखभाल तो अभी के लिए आपका प्रोफेशन AI से सुरक्षित है.

यह भी पढ़ें:

भारत की पहली ‘AI City’ बनेगा ये शहर! 10,732 करोड़ से शुरू हुआ डिजिटल बदलाव, जानें क्या मिलेंगी सुविधाएं

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

Smartphone Tips: कोई एप आपकी स्क्रीन तो रिकॉर्ड नहीं कर रहा? फटाफट ऐसे करें चेक
कोई एप आपकी स्क्रीन तो रिकॉर्ड नहीं कर रहा? फटाफट ऐसे करें चेक
Important Phone Settings: फोन में कर लें ये तीन बदलाव, मोबाइल नहीं आप हो जाएंगे स्मार्ट, यहां जानिए क्या है तरीका?
फोन में कर लें ये तीन बदलाव, मोबाइल नहीं आप हो जाएंगे स्मार्ट, यहां जानिए क्या है तरीका?
OnePlus के भारत छोड़ने की चर्चा, क्या अब फोन खरीदना रहेगा फायदे का सौदा?
OnePlus के भारत छोड़ने की चर्चा, क्या अब फोन खरीदना रहेगा फायदे का सौदा?
Semicon 2.0 Explained: मोबाइल से मिसाइल तक... आखिर चिप इंडस्ट्री पर क्यों 1.27 लाख करोड़ रुपये खर्च करेगा भारत?
मोबाइल से मिसाइल तक... आखिर चिप इंडस्ट्री पर क्यों 1.27 लाख करोड़ रुपये खर्च करेगा भारत?

वीडियोज

Kiku Sharda ने खोला Kapil Sharma Show का बड़ा राज
Jennifer Winget की दूसरी शादी की खबरों ने बढ़ाई फैंस की खुशी
अफवाह या सच? Kiara Advani की दूसरी प्रेग्नेंसी की चर्चा तेज
'The Odyssey' Review: Christopher Nolan का विजुअल मास्टरपीस, IMAX में मिलेगा असली रोमांच
Supreme Court ने Samay Raina को लगाई सख्त फटकार, बढ़ीं मुश्किलें

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
देश का पहला प्राइवेट रॉकेट इतिहास रचने को तैयार, श्री हरिकोटा से विक्रम-1 भरेगा उड़ान, US-चीन की उड़ेगी नींद
देश का पहला प्राइवेट रॉकेट इतिहास रचने को तैयार, श्री हरिकोटा से विक्रम-1 भरेगा उड़ान, US-चीन की उड़ेगी नींद
मशहद के जिस इमाम रजा दरगाह में सुपुर्द-ए-खाक हुए थे अयातुल्ला खामनेई, वहां पर लगी आग
मशहद के जिस इमाम रजा दरगाह में सुपुर्द-ए-खाक हुए थे अयातुल्ला खामनेई, वहां पर लगी आग
देहरादून: राहुल गांधी के कार्यक्रम की तैयारियों के दौरान हादसा, कांग्रेस नेता अमर मेहता की मौत
देहरादून: राहुल गांधी के कार्यक्रम की तैयारियों के दौरान हादसा, कांग्रेस नेता अमर मेहता की मौत
रोहित शर्मा फिर हुए फ्लॉप, तो ये खिलाड़ी करने लगा ट्रेंड, टीम इंडिया में लाने की मांग तेज
रोहित शर्मा फिर हुए फ्लॉप, तो ये खिलाड़ी करने लगा ट्रेंड, टीम इंडिया में लाने की मांग तेज
OTT Watchlist: 6 महीने में ओटीटी पर सबसे ज्यादा देखे गए ये 6 सीरीज-फिल्में, 'धुरंधर' से आगे निकला ये शो
6 महीने में ओटीटी पर सबसे ज्यादा देखे गए ये 6 सीरीज-फिल्में, 'धुरंधर' से आगे निकला ये शो
'कई लोग आते तो कई जाते हैं', ISRO में इस्तीफों की बाढ़ पर जानें क्या बोले विज्ञान मंत्री जितेंद्र सिंह
'कई लोग आते तो कई जाते हैं', ISRO में इस्तीफों की बाढ़ पर जानें क्या बोले विज्ञान मंत्री जितेंद्र सिंह
Explained: क्या 7 महीनों में जाएगी बालेन शाह की सत्ता? कैसे नेपाली PM बनाने वाले Gen-Z खिलाफ हुए, जानें पूरा मामला
क्या 7 महीनों में जाएगी बालेन शाह की सत्ता? कैसे नेपाली PM बनाने वाले Gen-Z खिलाफ हुए?
सोनम वांगचुक का अनशन जारी, अब AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी ने सरकार से कर दी ये मांग
सोनम वांगचुक का अनशन जारी, अब AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी ने सरकार से कर दी ये मांग
Embed widget