Bakrid 2026: उत्तराखंड में 28 मई को बकरीद की छुट्टी घोषित, सड़क पर नमाज पढ़ने पर सरकार ने लगाई रोक
Uttarakhand Holiday on Eid ul Adha: उत्तराखंड सरकार ने 28 मई को बकरीद के अवसर पर प्रदेश में सार्वजनिक अवकाश घोषित करने का आदेश जारी किया है. साथ ही सड़कों पर नमाज पढ़ने पर रोक रहेगी.

उत्तराखंड सरकार ने 28 मई को बकरीद के अवसर पर प्रदेश में सार्वजनिक अवकाश घोषित करने का आदेश जारी किया है. इस फैसले के साथ ही राज्य सरकार ने प्रदेशवासियों को त्योहार की शुभकामनाएं देते हुए शांति और सौहार्द बनाए रखने की अपील की है. वहीं, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने एक बार फिर स्पष्ट किया है कि सरकार सभी धर्मों और उनकी पूजा पद्धतियों का सम्मान करती है, लेकिन कानून व्यवस्था से किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा.
मुख्यमंत्री धामी ने अपने बयान में कहा कि उत्तराखंड एक शांतिप्रिय राज्य है, जहां सभी धर्मों के लोग आपसी भाईचारे के साथ रहते हैं. उन्होंने कहा कि “हमें किसी की पूजा पद्धति से कोई आपत्ति नहीं है. हर व्यक्ति को अपने धर्म के अनुसार पूजा-अर्चना और इबादत करने की पूरी स्वतंत्रता है. लेकिन यह सब कानून के दायरे में रहकर होना चाहिए.”
Bakrid 2026: सड़कों पर नमाज का जिक्र कर कांग्रेस सांसद इमरान प्रतापगढ़ी का बड़ा बयान, 'फालतू का...'
सड़कों पर नमाज की अनुमति नहीं
सीएम धामी ने विशेष रूप से सड़कों पर नमाज पढ़ने के मुद्दे पर अपनी सरकार की नीति को दोहराते हुए कहा कि सार्वजनिक स्थानों और सड़कों पर नमाज अदा करने की अनुमति नहीं दी जाएगी. उन्होंने कहा कि सड़कों का उपयोग आम जनता की आवाजाही के लिए होता है और वहां किसी भी प्रकार की धार्मिक गतिविधि से आम लोगों को परेशानी हो सकती है. इसलिए सभी से अपील है कि निर्धारित स्थानों पर ही नमाज अदा करें.
सभी जिलों में शांति और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम के निर्देश
सरकार के इस रुख को प्रशासनिक सख्ती और कानून व्यवस्था को बनाए रखने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है. प्रशासन को भी निर्देश दिए गए हैं कि बकरीद के मौके पर सभी जिलों में शांति और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएं. पुलिस और स्थानीय प्रशासन को संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखने के लिए कहा गया है, ताकि त्योहार शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो सके.
कानून का उल्लंघन बर्दाश्त नहीं
प्रदेश सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि उत्तराखंड में सभी धर्मों के त्योहार पूरे उत्साह और सम्मान के साथ मनाए जाएंगे. चाहे वह नमाज हो या पूजा, सभी को अपनी धार्मिक आस्थाओं का पालन करने की पूरी आजादी है, लेकिन किसी भी स्थिति में कानून का उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.
सीएम धामी ने कहा कि “उत्तराखंड में सब होगा-नमाज भी होगी, पूजा भी होगी, लेकिन कानून के साथ खिलवाड़ करने की इजाजत किसी को नहीं है.” उन्होंने प्रदेशवासियों से अपील की कि वे आपसी भाईचारे और सद्भाव को बनाए रखें और त्योहार को मिलजुलकर मनाएं.
बकरीद के मौके पर राज्य सरकार के इस संतुलित रुख को सामाजिक समरसता बनाए रखने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है. प्रशासन और सरकार दोनों ही इस बात पर जोर दे रहे हैं कि धार्मिक स्वतंत्रता के साथ-साथ कानून का पालन भी उतना ही जरूरी है, ताकि प्रदेश में शांति और व्यवस्था कायम रह सके.
आगरा में जिप लाइन हादसे में 16 साल के किशोर की मौत, 45 फीट ऊपर से गिरा; दो आरोपी गिरफ्तार
टॉप हेडलाइंस
Source: IOCL

























