एक्सप्लोरर

यूपी विधानसभा की इन 84 सीटों पर सबकी नजर, 69 पर BJP का कब्जा!

यूपी चुनाव के लिए सभी पार्टियों की नजर 84 सीटों पर है. बीजेपी के लिए इन 84 सीटों को साधने के लिए 4 महीने के कार्यक्रमों की श्रृंखला बनाई है जिसके आधार पर वह दलित मतदाताओं को साधाने के लिए आगे बढ़ेंगे.

उत्तर प्रदेश में वर्ष 2027 के चुनाव के लिए भारतीय जनता पार्टी की तैयारी जारी है. साल 2024 के आम चुनावों में मिले झटके से परेशान बीजेपी अपनी कोई भी गलती दोहराने के मूड में नहीं है. इसीलिए पार्टी ने दलित मतदाताओं को साधने के लिए बड़ा अभियान शुरू कर रही है. 29 जुलाई से शुरू हो रहा यह अभियान नवंबर में सपन्न होगा. 

बीजेपी संत रविदास की 650वीं जयंती के अवसर पर 29 जुलाई 2026 से 20 फरवरी 2027 तक 'श्री गुरु रविदास महाराज समरसता संकल्प अभियान' चलाने जा रही है. अभियान का उद्देश्य समाज के पिछड़े और दलित वर्गों के बीच जनसंपर्क को मजबूत करना और संत रविदास के सामाजिक समरसता, समानता, सेवा तथा भाईचारे के संदेश को जन-जन तक पहुंचाना है. इसके तहत 25 से 27 जुलाई 2026 तक सभी जिलों में प्रशिक्षण कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी. 

29 जुलाई 2026 को काशी (वाराणसी) से समरसता दीप अभियान के साथ इसकी औपचारिक शुरुआत होगी. 29 जुलाई से 10 सितंबर 2026 तक कलश वंदन अभियान के तहत संत रविदास की जन्मस्थली सीर गोवर्धनपुर (वाराणसी) की पवित्र मिट्टी को कलश में रखकर गांवों और बस्तियों तक पहुंचाया जाएगा. 

वहीं 29 जुलाई से 31 अगस्त 2026 के बीच संत संपर्क अभियान चलाकर संतों, महंतों और धार्मिक नेताओं से संपर्क कर उनका आशीर्वाद लिया जाएगा. इसके बाद 5 अक्टूबर से 5 नवंबर 2026 तक गुरु रविदास महाराज समरसता यात्रा पंजाब के जालंधर से शुरू होकर विभिन्न राज्यों से गुजरते हुए वाराणसी में संपन्न होगी.

अब आइए बीजेपी के इन कार्यक्रमों के पीछे का सियासी गणित समझते हैं-

साल 2017 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में बहुजन समाज पार्टी का कुल वोट शेयर 22.23% रहा और पार्टी को 19 सीटें मिलीं. वहीं समाजवादी पार्टी को 21.82% वोट और 47 सीटें मिलीं, जबकि भारतीय जनता पार्टी ने 39.67% वोट के साथ 312 सीटें जीतकर प्रचंड बहुमत हासिल किया.

चुनाव बाद के CSDS-लोकनीति सर्वे के मुताबिक, जाटव समुदाय का करीब 87% वोट बसपा के साथ रहा, लेकिन गैर-जाटव दलितों में बसपा को लगभग 44% और बीजेपी को 32% समर्थन मिला. इससे साफ हुआ कि बसपा का कोर जाटव वोट तो उसके साथ था, लेकिन गैर-जाटव दलितों के बीच बीजेपी ने बड़ी पैठ बना ली, जिसका सीधा फायदा उसे चुनावी नतीजों में मिला.

वहीं साल 2022 के विधानसभा चुनाव तक आते-आते बसपा का आधार और कमजोर हो गया. पार्टी का कुल वोट शेयर घटकर 12.88% रह गया और वह सिर्फ एक सीट जीत सकी. दूसरी ओर बीजेपी ने 41.29% वोट के साथ 255 सीटें जीतीं, जबकि समाजवादी पार्टी को 32.06% वोट और 111 सीटें मिलीं.

CSDS-लोकनीति के पोस्ट पोल सर्वे के अनुसार, जाटव समुदाय में बसपा का समर्थन 87% से घटकर 65% रह गया, जबकि बीजेपी का समर्थन 8% से बढ़कर 21% हो गया. गैर-जाटव दलितों में बीजेपी को 41% और बसपा को 27% समर्थन मिला. यह बदलाव दिखाता है कि बसपा का पारंपरिक दलित वोट बैंक लगातार कमजोर हुआ, जबकि बीजेपी ने खासकर गैर-जाटव दलितों के बीच अपनी पकड़ और मजबूत की.

2024 में क्या हाल था?

CSDS के ही डेटा के अनुसार साल 2024 के चुनाव अगड़ी जातियों में बीजेपी नीत एनडीए को सबसे अधिक 79% समर्थन मिला, जबकि सपा और कांग्रेस के इंडिया गठबंधन को 16%, बसपा को 1% और अन्य दलों को 4% वोट मिले. यादव समुदाय में इंडिया गठबंधन को 82% समर्थन मिला, जबकि एनडीए को 15%, बसपा को 2% और अन्य को 1% वोट मिले. कुर्मी-कोइरी समुदाय में एनडीए को 61% और इंडिया गठबंधन को 34% वोट मिले, जबकि बसपा को 2% और अन्य को 3% समर्थन मिला. अन्य पिछड़ी जातियों में भी एनडीए 59% समर्थन के साथ आगे रहा, जबकि इंडिया गठबंधन को 34%, बसपा को 3% और अन्य दलों को 4% वोट मिले.

दलित समुदाय के भीतर जाटव मतदाताओं में बसपा को सबसे अधिक 44% समर्थन मिला, जबकि इंडिया गठबंधन को 25%, एनडीए को 24% और अन्य दलों को 7% वोट मिले. वहीं गैर-जाटव दलितों में इंडिया गठबंधन 56% समर्थन के साथ सबसे आगे रहा, जबकि एनडीए को 29%, बसपा को 15% और अन्य दलों को 1% वोट मिले. मुस्लिम मतदाताओं में इंडिया गठबंधन को सबसे अधिक 92% समर्थन मिला, जबकि बसपा को 5%, एनडीए को 2% और अन्य दलों को 1% वोट मिले.

इन 84 सीटों पर सबकी नजर

उत्तर प्रदेश विधानसभा की 403 सीटों में से 84 सीटें अनुसूचित जाति (SC) के लिए आरक्षित हैं. राज्य में दलित आबादी करीब 21% मानी जाती है और राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार इसका प्रभाव सिर्फ आरक्षित सीटों तक सीमित नहीं है. दलित मतदाता प्रदेश की 150 से अधिक विधानसभा सीटों पर जीत-हार का रुख तय करने की क्षमता रखते हैं. दलित समुदाय के भीतर जाटव सबसे बड़ा वर्ग है, जिसकी आबादी राज्य की कुल जनसंख्या का लगभग 11.26% मानी जाती है.

जो सीटें रिजर्व हैं उसमें रामपुर मनिहारन, पुरकाज़ी, नगीना, नेहतौर, चंदौसी, मिलक, धनौरा, हस्तिनापुर, हापुड़, खुर्जा, खैर, इगलास, हाथरस, बलदेव, आगरा कैंट, आगरा ग्रामीण, टूंडला, जलेसर, किशनी, बिसौली, फरीदपुर, पूरनपुर, पुवायां, श्रीनगर, कस्ता, हरगांव, सिधौली, मिश्रिख, गोपामऊ, सांडी, बालामऊ, सफीपुर, मोहन, मलिहाबाद, मोहनलालगंज, बछरावां, सलोन, जगदीशपुर, कादीपुर, कायमगंज, कन्नौज, भरथना, औरैया, रसूलाबाद, बिल्हौर, घाटमपुर, उरई, मऊरानीपुर, महरौनी, राठ, नरैनी, खागा, बाबागंज, मंझनपुर, सोरांव, बारा, कोरांव, जैदपुर, हैदरगढ़, मिल्कीपुर, आलापुर, बलहा, बलरामपुर, मनकापुर, कपिलवस्तु, महादेवा, धनघटा, महाराजगंज, खजनी, बांसगांव, रामकोला, सलेमपुर, लालगंज, मेहनगर, मोहम्मदाबाद-गोहना, बेल्थरा रोड, मछलीशहर, केराकत, जखनियां, सैदपुर, चकिया, अजगरा, औराई, छानबे शामिल है.

69 सीटों पर बीजेपी का कब्जा

इनमें से 69 सीटों पर भाजपा, 10 सीटों पर समाजवादी पार्टी, 1 सीट पर राष्ट्रीय लोक दल (RLD), 1 सीट पर सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (SBSP), 1 सीट पर अपना दल (सोनेलाल) और 1 सीट पर निर्दलीय विधायक हैं. इन सीटों में पश्चिमी उत्तर प्रदेश से लेकर अवध, बुंदेलखंड, पूर्वांचल और तराई क्षेत्र तक अधिकांश सीटों पर बीजेपी का कब्जा है, जबकि समाजवादी पार्टी का प्रभाव कुछ चुनिंदा सीटों पर दिखाई देता है.

अब यह देखना होगा कि आगामी चुनाव में बीजेपी अपना प्रभाव बनाए रखने में सफल होगी या समाजवादी पार्टी अपना दबदबा बढ़ा सकेगी.

राहुल सांकृत्यायन एबीपी लाइव में डिप्टी न्यूज़ एडिटर के पद पर कार्यरत हैं और स्टेट्स टीम का नेतृत्व कर रहे हैं. उन्हें राजनीति, शासन-प्रशासन, अपराध और राज्यों की समकालीन राजनीतिक गतिविधियों की कवरेज में एक दशक से अधिक का अनुभव है. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और फीचर डेस्क से की और इसके बाद न्यूज़18 हिंदी, वनइंडिया हिंदी और अमर उजाला जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम किया.   राहुल ने भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC), नई दिल्ली से हिंदी पत्रकारिता की शिक्षा प्राप्त की है. उन्होंने कर्नाटक विधानसभा चुनाव 2018, लोकसभा चुनाव 2024, ऑपरेशन सिंदूर और महाकुंभ 2025 जैसे महत्वपूर्ण आयोजनों की कवरेज की है. पत्रकारिता के साथ-साथ उन्हें हिंदी साहित्य और वैचारिक लेखन में भी विशेष रुचि है.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

वेब सीरीज से आया नकली नोट बनाने का आइडिया, YouTube की मदद से छाप डाले 5.26 लाख रुपये
वेब सीरीज से आया नकली नोट बनाने का आइडिया, YouTube की मदद से छाप डाले 5.26 लाख
अम्बेडकरनगर: सपा बागी विधायक के फलाहार में जुटे भारी समर्थक, दिखाई सियासी ताकत
अम्बेडकरनगर: सपा बागी विधायक के फलाहार में जुटे भारी समर्थक, दिखाई सियासी ताकत
'हम तैयार हैं बस...' UP पंचायत चुनाव पर OP राजभर का बड़ा दावा, अखिलेश पर भी बोला हमला
'हम तैयार हैं बस...' UP पंचायत चुनाव पर OP राजभर का बड़ा दावा, अखिलेश पर भी बोला हमला
UP की सौज झील बनी रामसर साइट्स, संख्या बढ़कर हुई 14'; CM योगी ने बताया गौरव का क्षण
UP की सौज झील बनी रामसर साइट्स, संख्या बढ़कर हुई 14'; CM योगी ने बताया गौरव का क्षण
Advertisement

वीडियोज

लखनऊ में मौत की पटकथा...नेपाल में 'गुप्त लीला' !
SC में सुनवाई का सार..'क्या 'तमाशा' बना रखा है ?'
तो सत्ता परिवर्तन का प्लान-बांग्लादेश का क्यों बखान!
Jagadhatri:😮Jagadhatri मिशन के लिए तैयार, Shivay ने घर की देवी को सम्मान देकर भेजा मैदान में! #sbs
Bollywood News: कॉफ़ी विद करण का धमाकेदार आगाज, सलमान खान के बेबाक अंदाज ने शो पर लगाया तड़का! (15.10.26)
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
राजनाथ सिंह का INDIA गठबंधन पर वार, 'रिजीम चेंज की बात कर रहे, आग लगाने की मंशा'
राजनाथ सिंह का INDIA गठबंधन पर वार, 'रिजीम चेंज की बात कर रहे, आग लगाने की मंशा'
BJP का गठबंधन कमजोर करने में जुटे राजभर? सहयोगी पार्टी के कई नेताओं को कराया शामिल
BJP का गठबंधन कमजोर करने में जुटे राजभर? सहयोगी पार्टी के कई नेताओं को कराया शामिल
Lehra Do Tiranga March Live: AISF और AIYF का तिरंगा मार्च दोपहर 1 बजे, CJP 5 बजे करेगी प्रोटेस्ट
Live: AISF और AIYF का तिरंगा मार्च दोपहर 1 बजे, CJP 5 बजे करेगी प्रोटेस्ट
सिर्फ वनडे खेलने के लिए BCCI से कितना पैसा लेते हैं रोहित और विराट?
सिर्फ वनडे खेलने के लिए BCCI से कितना पैसा लेते हैं रोहित और विराट?
इमरान खान के 'लीव इंडिया' नोटिस पर किरण राव का तीखा तंज- 'वाह, अब मुंबई पुलिस?'
इमरान खान को मिले देश छोड़ने के नोटिस पर भड़की आमिर ख़ान की एक्स वाइफ
पंजाब में एक और हत्या! नशा बेचने से रोकने पर हमला, बिक्रमजीत सिंह की मौत
पंजाब में एक और हत्या! नशा बेचने से रोकने पर हमला, बिक्रमजीत सिंह की मौत
CJI सूर्यकांत पर बयान को लेकर सुप्रीम कोर्ट सख्त, संजय राउत से मांगा स्पष्टीकरण
CJI सूर्यकांत पर बयान को लेकर सुप्रीम कोर्ट सख्त, संजय राउत से मांगा स्पष्टीकरण
स्टोन-पेपर-सिजर में छोटी बच्ची से बार-बार हारा आर्मी वाला, वीडियो वायरल
स्टोन-पेपर-सिजर में छोटी बच्ची से बार-बार हारा आर्मी वाला, वीडियो वायरल
Embed widget