Greater Noida News: ईकोविलेज-1 सोसाइटी प्रबंधन पर 46 हजार का जुर्माना, बेसमेंट में कूड़े का ढेर मिलने पर कार्रवाई
Greater Noida News In Hindi: सोसाइटी लोगों की शिकायत पर प्राधिकरण के स्वास्थ्य विभाग ने मौके पर देखा कि गीला और सूखा कचरे के साथ निर्माण कार्य से निकलने वाले मलबा का भी निस्तारण नहीं किया जा रहा.

ग्रेटर नोएडा. ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के स्वास्थ्य विभाग ने ग्रेटर नोएडा वेस्ट स्थित सुपरटेक इकोविलेज-1 सोसाइटी पर 46,200 रुपये का जुर्माना लगाया है. बेसमेंट में कूड़े का ढेर मिलने और गीले व सूखे कचरे के साथ ही निर्माण कार्य से निकलने वाले मलबे का उचित निस्तारण न किए जाने पर यह कार्रवाई की गई है. बेसमेंट में कचरे का ढेर और दूषित पानी जमा होने से बदबू फैल रही थी.
दरअसल, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम- 2026 के तहत अधिक मात्रा में कचरा उत्सर्जित करने वाली संस्थाओं को कचरे का निस्तारण खुद से करना होता है. सुपरटेक इकोविलेज-1 सोसाइटी के निवासियों ने प्राधिकरण से शिकायत की थी कि बेसमेंट को कूड़ा घर में तब्दील कर दिया गया है. सोसाइटी में पांच हजार से अधिक परिवार रह रहे हैं. घरों से निकलने वाले कचरे का निस्तारण करने के बजाय बेसमेंट में एकत्रित किया जा रहा है.
सोसाइटी के बेसमेंट में चारों तरफ था कचरे का ढेर
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ एनजी रवि कुमार के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने रविवार को मौके का निरीक्षण किया तो शिकायत सही पाई गई. सोसाइटी के बेसमेंट में चारों तरफ कचरे का ढेर लगा हुआ था. साथ ही दूषित पानी जमा होने से बदबू आ रही थी. जांच में सोसाइटी प्रबंधन की लापरवाही पाई गई.
ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम- 2026 का हो रहा था उल्लंघन
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के वरिष्ठ प्रबंधक स्वास्थ्य सन्नी यादव ने बताया कि कचरे के निस्तारण में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम- 2026 का खुलेआम उल्लंघन किया जा रहा था. कचरे का पृथक्करण और प्रबंधन न करने, निर्माण कार्य से निकलने वाले मलबे का निस्तारण न करने सहित अन्य खामियां पाए जाने पर कुल 46,200 रुपये का जुर्माना लगाया गया. सोसाइटी पर पूर्व में भी कार्रवाई की गई है.
'संस्था को स्वयं करना होता है निस्तारण'
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के एसीईओ श्रीलक्ष्मी वीएस ने कहा कि , बल्क वेस्ट जेनरेट करने वाली ग्रुप हाउसिंग सोसाइटियों और संस्थाओं को कचरे का निस्तारण स्वयं करना होता है. उन्होंने कहा कि ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम- 2026 के प्रावधानों का पालन करने के लिए नियमित रूप से जागरुकता अभियान चलाया जा रहा है. नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है.
उन्होंने बल्क वेस्ट जनरेट करने वाली सभी संस्थाओं से अपील है कि वह कूड़े का उचित प्रबंधन खुद से करते हुए ग्रेटर नोएडा को साफ-सुथरा शहर बनाए रखने में योगदान दें.
यूपी कैडर के IPS का बंगाल में वीडियो वायरल, अखिलेश यादव बोले- 'बीजेपी ने अपने एजेंट...'






















