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ट्रेड यूनियन्स का भारत बंद: राहुल गांधी ने दिया समर्थन, बंगाल में कुछ जगहों पर हिंसा
देशभर की ट्रेड यूनियन्स ने आज भारत बंद का ऐलान किया है। माना जा रहा है कि इसका असर देशभर में देखने को मिल सकता है। अनुमान जताया जा रहा है कि इसमें 25 करोड़ के करीब कर्मचारी शामिल होंगे।

एबीपी गंगा। देशभर की ट्रेड यूनियन्स ने आज भारत बंद का ऐलान किया है। माना जा रहा है कि इसका असर देशभर में देखने को मिल सकता है। अनुमान जताया जा रहा है कि इसमें 25 करोड़ के करीब कर्मचारी शामिल होंगे। यूनियन्स ने ये हड़ताल सरकार की नीतियों के विरोध में बुलाई है। आज की हड़ताल में मजदूरों, कर्मचारियों के अलावा किसानों समेत छात्रों के भी शामिल होने की संभावना है। उत्तर प्रदेश की बात करें तो आज होने वाली टीईटी परीक्षा पर हड़ताल का असर देखने को मिल सकता है। वहीं, पंजाब में किसानों ने फल, सब्जी और दूध की सप्लाई रोकने की घोषणा की है तो मध्य प्रदेश में कुछ बैंकों के कर्मचारी भी हड़ताल पर होंगे। इससे बैंकिंग सेवाओं पर असर पड़ेगा। बंद में ये संगठन शामिल भारत बंद के ऐलान को कई संगठन समर्थन दे रहे हैं। इनमें भारतीय व्यापार संघ, ऑल इंडिया यूनाइटेड ट्रेड यूनियन सेंटर, हिंद मजदूर सभा (एचएमएस), स्व-रोजगार महिला संघ, ऑल इंडिया ट्रेड यूनियन कांग्रेस (एआईटीयूसी), लेबर प्रोग्रेसिव फेडरेशन (एलपीएफ), यूनाइटेड ट्रेड यूनियन कांग्रेस (यूटीयूसी), ऑल इंडिया सेंट्रल काउंसिल ऑफ ट्रेड यूनियंस (एआईसीसीटीयू), इंडियन नेशनल ट्रेड यूनियन कांग्रेस (आईएनटीयूसी) और ट्रेड यूनियन कोऑर्डिनेशन सेंटर शामिल हैं। राहुल ने किया बंद का समर्थन उधर, कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने भारत बंद का समर्थन किया है। उन्होंने इस दौरान मोदी सरकार पर सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों को कमजोर करने का आरोप लगाया। राहुल ने इस बारे में ट्वीट कर लिखा, 'मोदी-शाह सरकार की जनविरोधी, श्रमिक विरोधी नीतियों ने भयावह बेरोजगारी पैदा की है और सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों को कमजोर किया जा रहा है, ताकि इन्हें मोदी के पूंजीपति मित्रों को बेचने को सही ठहराया जा सके।' बंगाल में हिंसा की छिटपुट घटनाएं उधर, हड़ताल के समर्थन में मजदूर संगठनों के साथ ही वामपंथी दलों और कांग्रेस समर्थकों के प्रदर्शनों के चलते पश्चिम बंगाल के कई हिस्सों में सड़क और रेल यातायात बाधित हुआ। कई स्थानों से हिंसा की छिटपुट घटनाएं भी सामने आई हैं। प्रदर्शनकारियों ने राज्य के कई स्थानों पर रेल एवं सड़क यातायात बाधित किया, जिससे सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ। पूर्वी बर्दवान जिले में विभिन्न स्थानों पर जलते हुए टायर डाले गए और सड़कें बाधित की गई। इसके अलावा रेलवे पटरियों को भी अवरुद्ध किया गया जिससे रेल यातायात बाधित हुआ। पूर्वी मिदनापुर जिले में बसों पर पथराव किया गया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हटाने का प्रयास किया जिसके बाद झड़प शुरू हो गई और इसके बाद कई प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
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Source: IOCL


























