एक घंटे की बारिश में डूबा जयपुर! सड़कों पर 2 फीट तक भरा पानी
Jaipur Rain News: जयपुर में करीब एक घंटे की बारिश के बाद कई इलाकों में जलभराव हो गया. सड़कों पर दो फीट तक पानी भरने से ट्रैफिक प्रभावित हुआ और लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ी.

जयपुर में बुधवार (29 जुलाई) दोपहर अचानक मौसम ने करवट ली और शहर के कई हिस्सों में करीब एक घंटे तक बारिश हुई. बारिश बहुत तेज नहीं थी, लेकिन इसके बाद कई इलाकों में सड़कों और गलियों में पानी भर गया. कई जगह करीब दो फीट तक पानी जमा हो गया, जिससे लोगों को आने-जाने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ा. बारिश के बाद शहर के कई प्रमुख मार्गों पर ट्रैफिक की रफ्तार भी थम गई.
एमडी रोड, रामगंज, सुभाष चौक, मालवीय नगर, अल्बर्ट हॉल और जेएलएन रोड समेत कई इलाकों में घुटनों तक पानी भर गया. सबसे ज्यादा परेशानी मोती डूंगरी रोड पर देखने को मिली, जहां सड़क पर जमा पानी कई दुकानों और घरों के अंदर तक पहुंच गया. लोगों को अपना सामान सुरक्षित करने के साथ-साथ घरों और दुकानों से पानी बाहर निकालने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी.
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जलभराव से बढ़ी लोगों की मुश्किलें
बारिश के बाद कई जगह वाहन पानी में फंस गए, जबकि कई प्रमुख चौराहों और सड़कों पर लंबा ट्रैफिक जाम लग गया. दफ्तर से लौट रहे लोगों और स्कूल-कॉलेज से घर जा रहे छात्रों को काफी परेशानी झेलनी पड़ी. वहीं, निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को पैदल चलना भी मुश्किल हो गया क्योंकि सड़कें पूरी तरह पानी से भर गई थीं.
स्थानीय लोगों का कहना है कि जयपुर में हर मानसून के दौरान यही हाल देखने को मिलता है. थोड़ी सी बारिश होते ही शहर के कई हिस्सों में जलभराव हो जाता है.
लोगों का आरोप है कि बारिश के पानी की निकासी के लिए पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने की वजह से हर साल यही स्थिति बनती है. उनका कहना है कि अगर ड्रेनेज सिस्टम को समय रहते बेहतर किया जाए तो इस समस्या से काफी हद तक राहत मिल सकती है.
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बारिश से गर्मी से राहत, लेकिन व्यवस्था पर सवाल
बारिश से जहां लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिली और मौसम सुहावना हो गया, वहीं दूसरी ओर जलभराव ने एक बार फिर नगर निगम और संबंधित विभागों की तैयारियों पर सवाल खड़े कर दिए.
लोगों का कहना है कि अगर समय रहते जल निकासी की व्यवस्था मजबूत नहीं की गई तो मानसून के बाकी दिनों में भी शहरवासियों को इसी तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है.
























