Haryana: गुरुग्राम को मिलेगा नया प्रशासनिक मॉडल, सड़क-सफाई और बिजली के लिए खास प्लान तैयार
Haryana News: गुरुग्राम की समस्याओं से निपटने के लिए मुख्यमंत्री के मुख्य प्रधान सचिव राजेश खुल्लर ने नई कार्य योजना बनाई. सफल होने पर यह मॉडल राज्य के अन्य शहरों में भी लागू होगा.

गुरुग्राम के लोगों को लंबे समय से झेलनी पड़ रही तमाम समस्याओं को हल करने के लिए अब प्रशासन ने एक ठोस कार्य योजना तैयार कर ली है. सोमवार को इस बारे में जानकारी देते हुए अधिकारियों ने बताया कि इस योजना के जरिए स्वच्छता, सड़कों की मरम्मत, जल निकासी, बिजली की दिक्कतें, आवारा पशुओं को आश्रय देना और खुले में कूड़ा जलाने की प्रथा पर सख्ती से रोक लगाने पर काम होगा.
नागरिकों के सुझावों से बनी कार्य योजना
यह कार्य योजना नागरिक समूहों, आरडब्ल्यूए, सामाजिक संगठनों और अन्य संस्थानों से मिले सुझावों के आधार पर बनाई गई है. मुख्यमंत्री के मुख्य प्रधान सचिव राजेश खुल्लर ने अपने छह दिवसीय प्रवास के दौरान लोगों की शिकायतें और सुझाव सुने और उसी के आधार पर यह रोडमैप तैयार किया गया.
सोमवार को खुल्लर ने हरियाणा इंस्टीट्यूट ऑफ पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन (HIPA) में दो सत्र लिए. पहले सत्र में नगर निगम के पार्षदों और मेयर राजरानी मल्होत्रा के साथ बैठक हुई, जिसमें अलग-अलग वार्डों की समस्याओं पर चर्चा हुई.
खुल्लर ने भरोसा दिलाया कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी खुद गुरुग्राम की परेशानियों के समाधान के लिए प्रतिबद्ध हैं और जल्द ही लोगों को सकारात्मक नतीजे देखने को मिलेंगे.
Chief Principal Secretary to CM, Sh. Rajesh Khullar, has finalized an action plan to resolve key civic issues of the city—designed on citizens’ & RWAs’ feedback.
✅ Cleanliness & road repairs
✅ Drainage improvement
✅ Shelter for stray animals
✅ Safe trimming & disposal near… pic.twitter.com/Ry49kbDdGV
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बिजली हादसों पर सख्ती, जिम्मेदारों पर होगा केस दर्ज
दूसरे सत्र में खुल्लर ने जिला अधिकारियों से बातचीत की. इस दौरान मानसून के दौरान बिजली की लाइनों से हो रहे हादसों का मुद्दा उठा. उन्होंने पुलिस आयुक्त विकास अरोड़ा को साफ निर्देश दिए कि अगर भविष्य में ऐसे हादसे होते हैं तो संबंधित क्षेत्र के जूनियर इंजीनियर, सब-डिविजनल ऑफिसर और एग्जीक्यूटिव इंजीनियर पर केस दर्ज किया जाए.
भारी बारिश से बिगड़े हालात, अब छुट्टियां रद्द
भारी बारिश के चलते शहर में बिजली आपूर्ति बार-बार ठप हो रही थी, जिससे लोगों का रोजमर्रा का जीवन प्रभावित हो रहा था. इसी को देखते हुए बिजली विभाग के सभी कर्मचारियों और अधिकारियों की छुट्टियां नवंबर तक रद्द कर दी गई हैं.
अब हर अधिकारी को खुद फील्ड में जाकर बिजली लाइनों की जांच करनी होगी और यह सुनिश्चित करना होगा कि पेड़ों की ठीक तरह से छंटाई हो तथा शाखाओं का सही निस्तारण किया जाए.
कचरा प्रबंधन पर कड़ी कार्रवाई
शहर के नागरिकों ने शिकायत की थी कि गुरुग्राम में बाहर से कचरा लाकर डंप किया जा रहा है. इस पर खुल्लर ने साफ कहा कि ऐसे वाहनों को तुरंत जब्त किया जाए और संबंधित एजेंसियों के खिलाफ केस दर्ज हो.
वहीं, खुले में कचरा जलाने वालों पर भी अब सख्त कार्रवाई होगी. थाना प्रभारियों को आदेश दिया गया है कि वे अपने क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखें और ऐसी गतिविधियों पर रोक लगाएं.
टीमवर्क पर जोर
खुल्लर ने सभी अधिकारियों से अपील की कि वे टीम भावना के साथ काम करें. उन्होंने कहा कि हर अधिकारी को अपने घर से लेकर दफ्तर तक का रास्ता अपनी जिम्मेदारी समझना चाहिए और इस दौरान आने वाली समस्याओं का खुद समाधान करना चाहिए. उनका मानना है कि जब अधिकारी व्यक्तिगत पहल करेंगे तभी नागरिकों की असली चिंताओं का हल निकलेगा.
गुरुग्राम बनेगा मॉडल शहर
खुल्लर ने कहा कि यह योजना सबसे पहले गुरुग्राम में लागू होगी. अगर यह सफल साबित हुई तो इसे हरियाणा के अन्य शहरों में भी दोहराया जाएगा. यानी गुरुग्राम का प्रशासनिक मॉडल पूरे राज्य के लिए मिसाल बन सकता है.
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Source: IOCL





















