दिल्ली में रेवेन्यू प्रशासन का बड़ा पुनर्गठन, 11 की जगह होंगे 13 जिले, अधिसूचना हुई जारी
Delhi News: दिल्ली में अब 11 की जगह 13 रेवेन्यू डिस्ट्रिक्ट और 33 की जगह 39 सब डिविजन ऑफिस होंगे. दिल्ली के उपराज्यपाल की मंजूरी के बाद अधिसूचना जारी की गई.

दिल्ली में प्रशासनिक ढांचे में बड़ा बदलाव करते हुए अब 11 की जगह 13 रेवेन्यू डिस्ट्रिक्ट और 33 की जगह 39 सब डिविजन ऑफिस बनाए गए हैं. उपराज्यपाल की मंजूरी के बाद 26 दिसंबर 2025 को इस संबंध में अधिसूचना जारी कर दी गई. खास बात यह है कि अब दिल्ली सरकार के रेवेन्यू डिस्ट्रिक्ट और MCD जोन की सीमाएं एक समान होंगी. ये नाया ढांचा नए साल के पहले दिन यानी 1 जनवरी से लागू हो जाएगा.
अधिसूचना के बाद अंतरिम व्यवस्था लागू
दिल्ली सरकार द्वारा जारी प्रेस रिलीज के मुताबिक, दस्तावेज पंजीकरण से जुड़ी सेवाओं में किसी भी तरह की रुकावट न आए, इसके लिए मौजूदा सब-रजिस्ट्रार ऑफिस की जूरिस्डिक्शन को अंतरिम रूप से बरकरार रखा गया है.
साउथ ईस्ट डिस्ट्रिक्ट में लाजपत नगर और कालकाजी, ओल्ड दिल्ली में कश्मीरी गेट I और II, सेंट्रल में बसई दरापुर I और II व आसफ अली रोड, जबकि नई दिल्ली में सरोजिनी नगर और INA सब-रजिस्ट्रार ऑफिस काम करते रहेंगे. इसी तरह सेंट्रल नॉर्थ में पीतमपुरा I और II, नॉर्थ में लिबासपुर और आउटर नॉर्थ में नरेला को शामिल किया गया है.
नए रेवेन्यू डिस्ट्रिक्ट के अनुसार SRO का पुनर्विन्यास
अधिसूचना में बताया गया है कि साउथ वेस्ट डिस्ट्रिक्ट में नजफगढ़ और कपासहेड़ा I व II, नॉर्थ वेस्ट में कंझावला, पंजाबी बाग और रोहिणी, नॉर्थ ईस्ट में सीलमपुर और शाहदरा, जबकि ईस्ट डिस्ट्रिक्ट में गीता कॉलोनी, विवेक विहार और प्रीत विहार सब-रजिस्ट्रार ऑफिस रहेंगे. साउथ डिस्ट्रिक्ट में हौज खास और वेस्ट डिस्ट्रिक्ट में जनकपुरी I, II और III को शामिल किया गया है.

कैबिनेट निर्णय के तहत 22 से बढ़कर 39 SRO होंगे
प्रेस रिलीज में साफ किया गया है कि मौजूदा 22 सब-रजिस्ट्रार ऑफिस को बढ़ाकर 39 नए SRO बनाने का फैसला पहले ही कैबिनेट स्तर पर लिया जा चुका है. इस विस्तार को लागू करने के लिए अलग से अधिसूचना जारी की जाएगी. सरकार का कहना है कि रेवेन्यू डिस्ट्रिक्ट और MCD जोन की सीमाएं एक जैसी होने से नागरिकों को सेवाओं के लिए इधर-उधर नहीं भटकना पड़ेगा और प्रशासनिक प्रक्रिया अधिक पारदर्शी व प्रभावी बनेगी.
दिल्ली सरकार के द्वारा 13 जिलों के इस पुनर्गठन के साथ इसके लिए जिला मजिस्ट्रेट (DM) और उप-जिला मजिस्ट्रेट (SDM) कार्यालयों के स्थान अस्थायी रूप से निर्धारित किए गए हैं, जब तक कि नए कार्यालय स्थापित नहीं हो जाते. सरकार ने स्पष्ट किया है कि यह व्यवस्था अंतरिम है और इसका उद्देश्य संक्रमण अवधि के दौरान नागरिक सेवाओं को निर्बाध बनाए रखना तथा आम जनता को किसी भी प्रकार की असुविधा से बचाना है.

अंतरिम व्यवस्था के तहत दक्षिण-पूर्व जिले में लाजपत नगर स्थित पुरानी गार्गी कॉलेज बिल्डिंग, उत्तर जिले में बुराड़ी स्थित एनडीपीएल कार्यालय, नई दिल्ली जिले में जामनगर हाउस, उत्तर-पूर्व जिले में नंद नगरी डीसी कार्यालय परिसर और पश्चिम जिले में राजा गार्डन स्थित डीएम कार्यालय से प्रशासनिक कार्य संचालित किए जाएंगे.
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Source: IOCL





















