बांका: मारपीट के 24 घंटे के अंदर घूसकांड में BDO गिरफ्तार, ले रहे थे 75 हजार
बांका में निगरानी की टीम ने कार्रवाई की है. फुल्लीडुमर प्रखंड के बीडीओ अमित प्रकाश सिंह 75 हजार घूस ले रहे थे. पंचायत समिति के प्रमुख गौतम प्रकाश ने उनके खिलाफ निगरानी में शिकायत की थी.

बांका जिले के फुल्लीडुमर के प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) अमित प्रकाश सिंह की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही है. बीते सोमवार (31 अगस्त, 2026) को प्रखंड कार्यालय में पूर्व मुखिया द्वारा मारपीट की घटना के ठीक अगले दिन मंगलवार (01 सितंबर, 2026) की सुबह निगरानी अन्वेषण ब्यूरो (VIB) की टीम ने बीडीओ को 75,000 रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया.
इस कार्रवाई में बीडीओ के साथ उनके रिश्तेदार बच्चन कुमार को भी दबोचा गया है, जिसकी जेब से रिश्वत की रकम बरामद की गई. एक दिन पहले ही बीडीओ के कार्यालय कक्ष में जन्म प्रमाण पत्र बनाने के दबाव को लेकर एक पूर्व मुखिया ने उनके साथ मारपीट की थी. इस घटना के बाद बीडीओ को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था.
इस घटना के बाद प्रशासनिक महकमे में यह मामला गरमाया हुआ था, लेकिन इस विवाद के 24 घंटे के भीतर ही बांका के नेहरू कॉलोनी स्थित बीडीओ के किराए के आवास पर निगरानी की छापेमारी ने पूरे मामले को नया मोड़ दे दिया.
गौतम प्रकाश ने दर्ज कराई थी शिकायत
निगरानी विभाग के पुलिस उपाधीक्षक (DSP) श्याम बाबू प्रसाद के अनुसार फुल्लीडुमर पंचायत समिति के प्रमुख गौतम प्रकाश ने निगरानी ब्यूरो में कमीशन मांगने की शिकायत दर्ज कराई थी. प्रखंड में पंचायत समिति की 33 में से शेष 26 योजनाओं (लागत लगभग 70 से 75 लाख रुपये) के प्रशासनिक अनुमोदन के एवज में बीडीओ द्वारा 5 प्रतिशत (करीब ₹3.5 लाख) घूस की मांग की जा रही थी.
यह भी पढ़ें- चिराग पासवान की टेंशन बढ़ी! आरोपों के घेरे में LJPR के 3 विधायक
जांच में आरोप सही पाए जाने के बाद निगरानी टीम ने जाल बिछाया. जैसे ही परिवादी ने बीडीओ के आवास पर पहुंचकर एडवांस के तौर पर ₹75,000 दिए, बीडीओ ने रकम गिनकर अपने रिश्तेदार बच्चन कुमार (निवासी- झपनिया, बौंसी) को रखने के लिए दे दी. निगरानी टीम ने तुरंत दबिश देकर दोनों को मौके से गिरफ्तार कर लिया और बच्चन कुमार की पैंट की जेब से ₹75,000 बरामद कर लिए.
फिलहाल निगरानी ब्यूरो की टीम दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी कर रही है और आवास की गहन तलाशी ली जा रही है. एक तरफ जहां एक दिन पहले अधिकारी के साथ हुई मारपीट चर्चा में थी, वहीं अगले ही दिन रिश्वतखोरी में गिरफ्तारी ने फुल्लीडुमर से लेकर बांका के प्रशासनिक गलियारों में हड़कंप मचा दिया है.
यह भी पढ़ें- मांझी-चिराग की जुबानी जंग के बीच तेजस्वी की दो टूक, 'आरक्षण के पक्षधर हैं तो...'






















