वानखेड़े की पिच काफी हद तक 2012 जैसी है: अश्विन
वानखेड़े की पिच काफी हद तक 2012 जैसी है: अश्विन

मुंबई: भारत के स्टार ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन को लगता है कि वानखेड़े स्टेडियम की वर्तमान पिच काफी हद तक इंग्लैंड के खिलाफ चार साल पहले खेले गये मैच की तरह ही है जिसमें भारत को हार का सामना करना पड़ा था.
इंग्लैंड ने चौथे टेस्ट मैच के पहले दिन पांच विकेट पर 288 रन बनाये. अश्विन ने दिन का खेल समाप्त होने के बाद संवाददाताओं से कहा, ‘‘हम जब इंग्लैंड के खिलाफ आखिरी बार यहां खेले थे तो पहले दिन सुबह विकेट में काफी नमी थी और इसमें थोड़ी स्पिन थी लेकिन दूसरे और तीसरे दिन यह काफी सपाट था. मुझे इस बार भी वैसा ही विकेट लग रहा है. हमने खराब शुरूआत से उबरकर वापसी की थी और पिछली बार उनके खिलाफ 330 के आसपास स्कोर बनाने में सफल रहे थे. ’’
उन्होंने कहा, ‘‘यदि हम एक विकेट और हासिल कर लेते तो फिर वापसी करने की स्थिति में रहते है. उम्मीद है कि कल सुबह ऐसा होगा. हम जल्द से जल्द उनकी पारी समाप्त करना चाहेंगे. ’’
अश्विन ने 75 रन देकर चार विकेट लिये. उन्होंने टी के बाद तीन विकेट हासिल किये और वह तीसरे सेशन के अपने प्रदर्शन से संतुष्ट दिखे. इस ऑफ स्पिनर ने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि मैंने दोपहर के सेशन में जैसी गेंदबाजी की उसका इनाम मुझे तीसरे सेशन में मिला क्योंकि मेरा मानना है कि तब मैंने कीटन जेनिंग्स और मोईन अली के लिये बहुत अच्छी गेंदबाजी की तथा जो रूट को आउट किया. मेरे हिसाब से वह दिन का बेहतर स्पैल था और जब मैं तीसरे स्पैल के लिये आया तो उसका मुझे इनाम मिला. ’’
अश्विन ने कहा कि भारतीय गेंदबाज आज सुबह की नमी का फायदा उठाने में नाकाम रहे. उन्होंने कहा, ‘‘आम तौर पर वानखेड़े में पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम बड़ा स्कोर बनाती रही है इसलिए हम जानते थे कि परिस्थितियां हमारे अनुकूल नहीं हैं. सुबह के समय अमूमन नमी रहती है और हम उसका फायदा उठाना चाहते थे लेकिन दुर्भाग्य से हम ऐसा नहीं कर पाये. ’’
अश्विन ने कहा, ‘‘लेकिन दोपहर का सेशन इतना बुरा नहीं रहा. भले ही हमने लगभग 90 रन (79 रन) दिये और एक विकेट लिया लेकिन वह बड़ा विकेट था. हमने रूट को आउट किया था. ’’
जेनिंग्स ने जब खाता भी नहीं खोला था तब करूण नायर ने गली में उनका कैच छोड़ा लेकिन अश्विन ने फील्डरों के प्रति नरम रवैया अपनाया. उन्होंने कहा, ‘‘हम इस तरह के कैच पर कड़ा रवैया नहीं अपना सकते. मुझे लगता है कि उस कैच के लिये जाने के 50 प्रतिशत से भी कम अवसर थे. हां हमने सीरीज के दौरान कुछ कैच टपकाये. मैंने भी एक कैच छोड़ा लेकिन मुझे लगता है कि इन्हें हमारे मौकों के रूप में नहीं गिना जा सकता है. ’’
अश्विन ने जेनिंग्स की तारीफ की और कहा कि उससे काफी उम्मीदें हैं. उन्होंने कहा, ‘‘निश्चित तौर पर डेब्यू मैच में शतक उसके लिये खास है. जब करूण ने गली में उसका कैच छोड़ा तो मुझे अजीब सा अहसास हुआ कि शायद आज उसका दिन हो सकता है क्योंकि उसने इस सत्र में डरहम की तरफ से काफी रन बनाये हैं. उसने उसके बाद अच्छी बल्लेबाजी की. उसका डिफेंस मजबूत है और वह बहुत अच्छा खिलाड़ी लगता है. ’’
अश्विन को इसके साथ ही लगता है कि टीम को उसके तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी की भी कमी खली जो घुटने के दर्द के कारण इस मैच में नहीं खेल पाये. उन्होंने कहा, ‘‘शमी हमारे लिये ऐसा गेंदबाज है जो विकेट लेने की कोशिश करता है और साझेदारी तोड़ता है. पिछले एक साल से वह लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रहा है और निश्चित तौर पर उसकी कमी खली. मुझे लगता है कि यदि वह होता तो हम एक या दो और विकेट हासिल कर सकते थे लेकिन खेल ऐसा ही चलता है. ’’


















