सरकार ने मेटा को फर्जी प्रोपेगेंडा, डीपफेक और भ्रामक सामग्री रोकने के लिए एल्गोरिदम में बदलाव करने को कहा है। साथ ही कंटेंट मॉडरेशन मजबूत करने और अवैध सामग्री पर तुरंत कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए हैं।
‘... अपने एल्गोरिदम में भी करें बदलाव’, मेटा को मोदी सरकार का निर्देश
Modi Government: मोदी सरकार ने Meta कंपनी को कंटेंट मॉडरेशन को मजबूत करने और इसका साफ रोडमैप देने के साथ गलत कंटेंट की पहचान और उस पर कार्रवाई का सिस्टम और मजबूत करने के लिए कहा है.

- मोदी सरकार ने फर्जी प्रोपेगेंडा रोकने, एल्गोरिथम बदलने को कहा।
- मेटा को गलत सामग्री रोकने, मॉडरेशन मजबूत करने को कहा।
- डीपफेक पर त्वरित कार्रवाई, डेटा लोकलाइजेशन का पालन करें।
मोदी सरकार ने सोमवार (10 अगस्त, 2026) को सोशल मीडिया कंपनी मेटा को फर्जी प्रोपेगेंडा रोकने के लिए बड़ा कदम उठाने का निर्देश दिया है. सरकार ने मेटा से निर्देश देते हुए कहा कि फर्जी प्रोपेगेंडा रोकने के लिए अगर जरूरत है तो अपने एल्गोरिदम (Algorithm) में भी बदलाव करें.
सूत्रों के मुताबिक, केंद्र सरकार ने Meta के उस एल्गोरिदम को बदलने पर जोर दिया, जो यह तय करता है कि सोशल मीडिया पर क्या और कितना वायरल होगा, जिससे फर्जी प्रोपेगेंडा न चल पाए. सरकार ने मेटा से कहा कि डीपफेक और फर्जी प्रोपेगेंडा उनकी जिम्मेदारी है, उसके लिए एल्गोरिदम में बदलाव की जरूरत हो तो वो भी करिए.
सिस्टम फर्जी कंटेट को पहचानकर रोके, न कि बढ़ावा दे- मोदी सरकार
दरअसल, एल्गोरिदम (Algorithm) वो सिस्टम है, जो यह तय करता है कि फेसबुक, इंस्टाग्राम जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर कौन-सी पोस्ट आपको ज्यादा दिखाई जाएगी और कौन-सी कम लोगों तक पहुंचेगी. ऐसे में मोदी सरकार चाहती है कि यही सिस्टम फर्जी और भ्रामक कंटेंट को बढ़ावा देने के बजाय उसे पहचानकर रोके.
सरकार ने Meta को कंटेंट मॉडरेशन (Content Moderation) को भी मजबूत करने और इसका साफ रोडमैप देने को कहा है. इसके साथ ही, मेटा को गलत कंटेंट की पहचान और उस पर कार्रवाई का सिस्टम और मजबूत करने के लिए भी कहा गया है.
मोदी सरकार ने मेटा को क्या-क्या दिए निर्देश?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने अमेरिकी सोशल मीडिया कंपनी मेटा को डीपफेक (Deepfake) और मॉर्फ्ड फोटो-वीडियो पकड़ने के लिए टेक्नोलॉजी को विकसित करने और गैर-कानूनी कंटेंट पर तुरंत कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए हैं.
सरकार ने डेटा लोकलाइजेशन (Data Localisation) के नियमों का पालन करने और सरकारी आदेश पर कंटेंट हटाने में तेजी दिखाने को लेकर भी निर्देशित किया है. इसके साथ ही, मेटा को सरकार के साथ बेहतर समन्वय (Coordination) रखने के लिए भी कहा गया है.
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Frequently Asked Questions
मोदी सरकार ने मेटा को क्या निर्देश दिए हैं?
सरकार ने मेटा से एल्गोरिदम बदलने पर क्यों जोर दिया है?
सरकार चाहती है कि मेटा का एल्गोरिदम फर्जी कंटेंट को बढ़ावा देने के बजाय उसे पहचान कर रोके। यह इसलिए ताकि सोशल मीडिया पर फर्जी प्रोपेगेंडा और भ्रामक जानकारी वायरल न हो।
मेटा को कंटेंट मॉडरेशन के संबंध में क्या निर्देश मिले हैं?
मेटा को कंटेंट मॉडरेशन को मजबूत करने और इसका एक साफ रोडमैप देने को कहा गया है। इसके अलावा, गलत कंटेंट की पहचान और उस पर कार्रवाई करने के सिस्टम को भी मजबूत करने के लिए कहा गया है।
सरकार ने मेटा को डीपफेक रोकने के लिए क्या करने को कहा है?
सरकार ने मेटा को डीपफेक और मॉर्फ्ड फोटो-वीडियो पकड़ने के लिए तकनीक विकसित करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही, गैर-कानूनी कंटेंट पर तुरंत कार्रवाई करने को भी कहा गया है।























