'जब इंसानियत की हद पार होती है तो जवाब...', पहलगाम हमले की बरसी पर सेना की आतंकियों को चेतावनी
Pahalgam Attack Anniversary: पहलगाम आतंकी हमले की पहली बरसी (22 अप्रैल) से पूर्व भारतीय सेना ने सोशल मीडिया के माध्यम से पाकिस्तान और आतंकवादियों को कड़ी चेतावनी जारी की है.

Pahalgam Attack Anniversary: कश्मीर के पहलगाम में हुए भीषण आतंकी हमले को कल यानी 22 अप्रैल को एक साल पूरा होने जा रहा है। इस दर्दनाक हमले की बरसी से ठीक एक दिन पहले भारतीय सेना ने सोशल मीडिया के जरिए पाकिस्तान और उसके पालतू आतंकवादियों को कड़ा संदेश दिया है। सेना ने साफ कर दिया है कि भारत की संप्रभुता और मानवता के खिलाफ उठने वाले हर कदम का अंत बेहद भयानक होगा।
सोशल मीडिया पर सेना की दहाड़
भारतीय सेना ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (X) पर एक बेहद शक्तिशाली पोस्ट साझा की है। सेना ने लिखा, "जब मानवता की सीमाएं पार की जाती हैं, तो प्रतिक्रिया निर्णायक होती है। न्याय मिलता है, भारत एकजुट है।" आतंकियों को सीधी चेतावनी देते हुए सेना ने आगे कहा कि कुछ सीमाएं ऐसी होती हैं, जिन्हें कभी पार नहीं करना चाहिए। इस पोस्ट में सेना ने पिछले साल की गई जवाबी कार्रवाई 'ऑपरेशन सिंदूर' का भी विशेष उल्लेख किया है।
ऑपरेशन सिंदूर: जब भारत ने घर में घुसकर मारा
22 अप्रैल 2023 को हुए पहलगाम हमले में 26 निर्दोष लोगों की जान गई थी, जिसके बाद पूरे देश में भारी आक्रोश था। इसका बदला लेने के लिए भारतीय सशस्त्र बलों ने 7 मई की देर रात 'ऑपरेशन सिंदूर' को अंजाम दिया। सेना ने पाकिस्तान और पीओके (PoK) में स्थित आतंकवादियों के 9 ठिकानों पर मिसाइल हमले किए। इनमें जैश-ए-मोहम्मद का गढ़ बहावलपुर और लश्कर-ए-तैयबा का अड्डा मुरीदके पूरी तरह तबाह कर दिए गए। इस भीषण हमले में लगभग 100 आतंकी मारे गए थे।
पाकिस्तान की हिमाकत और भारत का मुंहतोड़ जवाब
भारत की इस कार्रवाई से बौखलाए पाकिस्तान ने भारतीय इलाकों पर हमले की कोशिश की थी, लेकिन भारतीय सेना ने उसे नाकाम कर दिया। जवाबी कार्रवाई में भारत ने महज तीन घंटे के भीतर पाकिस्तान के 11 सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। इसमें नूर खान, रफीकी, मुरीद, सुक्कुर, सियालकोट, पसरूर, चुनियन, सरगोधा, स्कर्दू, भोलारी और जैकोबाबाद के एयरबेस और मिलिट्री सेंटर शामिल थे।
सिंधु जल संधि और नया सुरक्षा सिद्धांत
पहलगाम हमले के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक ऐतिहासिक फैसला लेते हुए पाकिस्तान के साथ सिंधु जल संधि (Indus Waters Treaty) को निलंबित कर दिया। इस कदम ने पाकिस्तान की कमर तोड़ दी। साथ ही, भारत ने एक नया राष्ट्रीय सुरक्षा सिद्धांत (National Security Doctrine) स्थापित किया, जिसके तहत भविष्य में होने वाले किसी भी आतंकी हमले को अब 'युद्ध की कार्रवाई' (Act of War) माना जाएगा।
रक्षा मंत्री ने की सेना की सराहना
पहलगाम हमले की बरसी से दो दिन पहले रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भारतीय सेना के पराक्रम की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि 'ऑपरेशन सिंदूर' एक बड़ी सफलता थी और इसके लिए देश के बहादुर जवान बधाई के पात्र हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत अपनी सुरक्षा के साथ कोई समझौता नहीं करेगा।
Source: IOCL

























