कांग्रेस बोली, 'स्टैच्यू आफ यूनिटी' के नीचे लिखा जाए, 'सरदार पटेल ने बैन की थी आरएसएस'
कांग्रेस नेता आनंद शर्मा ने आरएसएस पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि सरदार पटेल का आरएसएस को बैन करने वाला जो आदेश है उसे स्टैच्यू आफ यूनिटी के नीचे लिखा जाना चाहिए, ताकि देश के लोगों को आरएसएस के बारे में सरदार पटेल की राय का पता चल सके.

पुणे: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता आनंद शर्मा ने नाम लिये बिना सोमवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) पर हमला बोला है. आनंद शर्मा ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल के 1948 में आरएसएस को प्रतिबंधित करने वाला आदेश विशालकाय प्रतिमा के नीचे लगाया जाना चाहिए. गुजरात के नर्मदा जिले में सरदार पटेल की भव्य प्रतिमा ‘स्टैच्यू आफ यूनिटी’का निर्माण किया जा रहा है. इसका उद्धाटन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 31 अक्टूबर को करेंगे.
आनंद शर्मा ने कहा कि सरदार पटेल की प्रतिमा के नीचे उनके आरएसएस के बारे में कहे गए कथन लिखने से लोगों को पता चलेगा कि देश के पहले गृह मंत्री आरएसएस के बारे में क्या सोचते थे. आनंद शर्मा ने कहा कि आरएसएस-बीजेपी के पास अपने ऐसे लीडर नहीं है इसलिए ये सरदार पटेल की प्रतिमा बना रहे हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि प्रतिमा चीन निर्मित है.
कांग्रेस नेता ने कहा, ‘‘उनके (आरएसएस और बीजेपी) के अपने नायक नहीं हैं, इसलिए वे सरदार पटेल की ‘स्टैच्यू आफ यूनिटी’ बना रहे हैं और वह भी चीन में निर्मित है’’ उन्होंने कहा, ‘‘महात्मा गांधी की हत्या के बाद पटेल का 1948 में लिखित एक आदेश है. उस आदेश को प्रतिमा के नीचे लगाया जाना चाहिए ताकि देश को उनके बारे में पटेल की सोच का पता चले।’’
हालांकि, वरिष्ठ कांग्रेस नेता ने आरएसएस का नाम नहीं लिया. आनंद शर्मा, सरदार पटेल के आदेश की ओर इशारा कर रहे थे जिसमें उन्होंने महात्मा गांधी की हत्या के बाद आरएसएस पर प्रतिबंध लगा दिया था. इस प्रतिबंध को बाद में हटा दिया गया था.
यह भी पढ़ें-
गोवा: पर्रिकर की सरकार गिराने के लिए कांग्रेस ने चली थी चाल, लेकिन दो MLA बीजेपी के संपर्क में MeToo: मंत्री एमजे अकबर ने किया मानहानि का केस, पत्रकार प्रिया रमानी ने कहा- सच के सहारे लड़ूंगी देखें वीडियो- 






















