राजस्थान में जारी सियासी संकट के बीच कल 10 बजे कांग्रेस विधायक दल की बैठक, सचिन पायलट को न्योता
उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट ने रविवार को घोषणा की थी कि गहलोत सरकार बहुमत खो चुकी है, क्योंकि 30 विधायक उन्हें समर्थन देने को तैयार हैं. अटकलें चल रही हैं कि क्या पायलट मध्यप्रदेश की तर्ज पर बीजेपी में शामिल होंगे या यह भी हो सकता है कि वह तीसरा मोर्चा बनाएं, जिसे बीजेपी बाहर से समर्थन दे.

नई दिल्ली: राजस्थान में जारी सियासी उठापटक के बीच एक बार फिर कांग्रेस कल राजनीतिक स्थिति पर चर्चा के लिए विधायक दल की बैठक करेगी. इस संदर्भ में कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा,'' राजनीतिक स्थिति पर चर्चा के लिए कांग्रेस विधायक दल (सीएलपी) की एक और बैठक कल सुबह 10 बजे होगी. यदि किसी को कुछ मतभेद हैं तो उन्हें खुले दिमाग से सब कहना चाहिए. सोनिया गांधी और राहुल गांधी हर किसी की बात सुनने और समाधान खोजने के लिए तैयार हैं.''
सुरजेवाला ने कहा,''हमने सचिन पायलट और उनके साथ के अन्य लोगों को फिर से आमंत्रित किया है. परिवार के सदस्यों का सम्मान परिवार के भीतर ही होता है. उन्हें आना चाहिए और इस पर बात होनी चाहिए कि राजस्थान की 8 करोड़ जनता की सेवा कैसे की जाए.''
They're requested to come & discuss how to strengthen #Rajasthan & serve the 8 cr people together. If there are some differences with someone then they should say that that with an open mind. Sonia Gandhi & Rahul Gandhi are ready to listen to everyone&find solution: RS Surjewala https://t.co/DNT3mZr2BQ
— ANI (@ANI) July 13, 2020
उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट ने रविवार को घोषणा की थी कि गहलोत सरकार बहुमत खो चुकी है, क्योंकि 30 विधायक उन्हें समर्थन देने को तैयार हैं. अटकलें चल रही हैं कि क्या पायलट मध्यप्रदेश की तर्ज पर बीजेपी में शामिल होंगे या यह भी हो सकता है कि वह तीसरा मोर्चा बनाएं, जिसे बीजेपी बाहर से समर्थन दे. हालांकि कांग्रेस लगातार सचिन पायलट को मनाने की कोशिश कर रही है.
कांग्रेस कर रही है मनाने की कोशिश
राजस्थान कांग्रेस में जारी उठापटक के बीच सचिन पायलट को मनाने की कोशिश हो रही है. सचिन पायलट और दिल्ली आलाकमान के बीच बातचीत चल रही है. सूत्रों के मुताबिक सचिन पायलट को आश्वासन दिया जा रहा है कि चार मंत्री और प्रदेश अध्यक्ष पायलट खेमे से होंगे. वहीं सचिन पायलट को दिल्ली मे महासचिव ( CWC) या कार्यकारी अध्यक्ष पद दिया जाएगा. कल से लेकर अब तक राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, अहमद पटेल, के सी वेणुगोपाल और पी चिदंबरम ने सचिन पायलट से बातचीत की है. लगातार कांग्रेस उन्हें मनाने की कोशिश कर रही है.
बीजेपी को सत्ता में वापसी की उम्मीद
सचिन पायलट और गहलोत में तकरार के बीच बीजेपी को एक और राज्य में सत्ता में वापसी की उम्मीद दिख रही है. लेकिन अभी पार्टी वेट एंड वॉच का फॉर्मूला अपना रही है. साथ ही राजस्थान में मुख्य विपक्षी बीजेपी ने कांग्रेस से फ्लोर टेस्ट करवाने की मांग की है. राजस्थान के बीजेपी अध्यक्ष सतीश पूनिया ने कहा कि गठबंधन सहयोगी आरएलपी के तीन विधायकों सहित उनके पास 7 विधानसभा सदस्य हैं, लेकिन दूसरी पार्टियों के कई विधायक बीजेपी से जुड़ने को तैयार हैं.
पूनिया ने कहा, "राजनीतिक संकट के कारण अनिश्चितता बनी हुई है, लेकिन एक चीज स्पष्ट है कि गठबंधन सहयोगियों सहित हम संख्या में 75 हैं और कई अन्य विधायक हमसे जुड़ने को तैयार हैं." उन्होंने आगे कहा कि पार्टी केंद्रीय नेतृत्व के निर्देशों का पालन करेगी और राज्य में करवट लेती राजनीतिक स्थिति पर नजर रखते हुए अगले आदेश का इंतजार करेगी.
पूनिया ने कहा, "हमारी रणनीति अपनी जगह है, लेकिन हमारी प्राथमिकता यह सुनिश्चित करना है कि कांग्रेस सत्ता में वापसी न करने पाए, क्योंकि वह लोगों के बीच अपनी विश्वसनीयता खो चुकी है." पूनिया ने आगे कहा, "हम घटनाक्रम पर नजर रखेंगे, जैसे कि सचिन पायलट को समर्थन देना, मगर यह सुनिश्चित करेंगे कि कांग्रेस की सत्ता में वापसी न हो."























