एक्सप्लोरर

विवादित Retrospective Tax खत्म करेगी सरकार, केयर्न- वोडाफोन पर टैक्स की मांग वापस लेने को विधेयक पेश

Retro Tax Amendment: निचले सदन में विपक्षी सदस्य पेगासस जासूसी मामले सहित विभिन्न मुद्दों पर हंगामा कर रहे थे. हंगामे के बीच ही वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इस विधेयक को पेश किया.

Retro Tax Amendment: सरकार ने रेट्रो कर यानी पिछली तिथि से लागू कर कानून को लेकर कंपनियों में भय को खत्म करने के लिए गुरूवार को लोकसभा में एक विधेयक पेश किया. इसके तहत केयर्न एनर्जी और वोडाफोन जैसी कंपनियों से पूर्व की तिथि से कर की मांग को वापस लिया जाएगा. सरकार ने यह भी कहा कि वह इस तरह के कर के जरिए वसूले गए धन को वापस कर देगी.

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में विपक्षी सदस्यों के हंगामे के बीच ‘कराधान विधि (संशोधन) विधेयक, 2021’ पेश किया. इसके तहत भारतीय परिसंपत्तियों के अप्रत्यक्ष हस्तांतरण पर कर लगाने के लिए पिछली तिथि से लागू कर कानून, 2012 का इस्तेमाल करके की गई मांगों को वापस लिया जाएगा.

विधेयक में कहा गया है, ‘‘इन मामलों में भुगतान की गई राशि को बिना किसी ब्याज के वापस करने का भी प्रस्ताव है.’’ इस विधेयक का सीधा असर ब्रिटेन की कंपनियों केयर्न एनर्जी और वोडाफोन समूह के साथ लंबे समय से चल रहे कर विवादों पर होगा. भारत सरकार पिछली तिथि से लागू कर कानून के खिलाफ इन दोनों कंपनियों द्वारा किए गए मध्यस्थता मुकदमों में हार चुकी है. वोडाफोन मामले में हालांकि सरकार की कोई देनदारी नहीं है, लेकिन उसे केयर्न एनर्जी को 1.2 अरब अमेरिकी डॉलर वापस करने हैं. 

निचले सदन में विपक्षी सदस्य पेगासस जासूसी मामले सहित विभिन्न मुद्दों पर हंगामा कर रहे थे. हंगामे के बीच ही वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इस विधेयक को पेश किया. विधेयक में कहा गया कि एक विदेशी कंपनी के शेयरों के अंतरण (भारतीय संपत्ति के अप्रत्यक्ष हस्तांतरण) के जरिए भारत में स्थित संपत्ति के हस्तांतरण की स्थिति में होने वाले लाभ पर कराधान का मुद्दा लंबी मुकदमेबाजी का विषय था.

उच्चतम न्यायालय ने 2012 में एक फैसला दिया था कि भारतीय संपत्ति के अप्रत्यक्ष हस्तांतरण से होने वाले लाभ कानून के मौजूदा प्रावधानों के तहत कर योग्य नहीं हैं. इसके बाद सरकार ने वित्त अधिनियम, 2012 द्वारा आयकर अधिनियम, 1961 के प्रावधानों को पिछली तिथि से संशोधित किया, ताकि यह स्पष्ट किया जा सके कि एक विदेशी कंपनी के शेयरों की बिक्री से होने वाले लाभ पर भारत में कर लगेगा.

विधेयक के उद्देश्यों में कहा गया है, ‘‘इस कानून के अनुसार 17 मामलों में आयकर की मांग की गई थी. दो मामलों में उच्च न्यायालय द्वारा स्थगन के कारण आकलन लंबित हैं.’’ ब्रिटेन और नीदरलैंड के साथ द्विपक्षीय निवेश संरक्षण संधि के तहत इन 17 मामलों में से चार मामलों में मध्यस्थता लागू की गई थी. केयर्न और वोडाफोन द्वारा जीते गए मध्यस्थता आदेशों के संदर्भ में इसमें कहा गया, ‘‘दो मामलों में मध्यस्थता न्यायाधिकरण ने करदाता के पक्ष में और आयकर विभाग के खिलाफ फैसला सुनाया.’’

विधेयक में कहा गया, ‘‘वित्त अधिनियम, 2012 द्वारा किए गए उक्त स्पष्टीकरण संशोधनों ने पिछली तिथि से कराधान को लेकर हितधारकों की आलोचना को आमंत्रित किया. यह तर्क दिया जाता है कि पिछली तिथि से ऐसे संशोधन कर निश्चितता के सिद्धांत के खिलाफ हैं और एक आकर्षक गंतव्य के रूप में भारत की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाते हैं.’’

विधेयक में आगे कहा गया कि सरकार ने पिछले कुछ वर्षों के दौरान देश में निवेश के लिए सकारात्मक माहौल बनाने के लिए वित्तीय और बुनियादी ढांचा क्षेत्र में कई बड़े सुधार किए हैं, लेकिन ‘‘पिछली तिथि से स्पष्टीकरण संशोधन और कुछ मामलों में इसके चलते की गई मांग निवेशकों के बीच एक गंभीर मामला बना हुआ है.’’

कोविड-19 महामारी के बाद अर्थव्यवस्था में तेजी से सुधार और रोजगार को बढ़ावा देने में विदेशी निवेश की महत्वपूर्ण भूमिका है. विधेयक में कहा गया है कि यदि लेनदेन 28 मई 2012 से पहले किया गया है तो भारतीय संपत्ति के किसी भी अप्रत्यक्ष हस्तांतरण के लिए पिछली तिथि से कराधान की कोई भी मांग भविष्य में नहीं कीजाएगी. इन मामलों में भुगतान की गई राशि को बिना किसी ब्याज के वापस करने का भी प्रस्ताव किया गया है और इस संबंध में सभी लंबित मुकदमों को वापस ले लिया जाएगा, हालांकि लागत, हर्जाना, ब्याज आदि के लिए कोई दावा दायर नहीं किया जा सकेगा.

ये भी पढ़ें: Vodafone ने 22,100 करोड़ के मामले हासिल की जीत, केंद्र सरकार ने दिया ये बयान

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

उदयनिधि स्टालिन के अरेस्ट पर भारी ड्रामा, पुलिस ने बदली पूछताछ की जगह, 5 बड़ी बातें
उदयनिधि स्टालिन के अरेस्ट पर भारी ड्रामा, पुलिस ने बदली पूछताछ की जगह, 5 बड़ी बातें
शेख हसीना की प्रेस कॉन्फ्रेंस पर बांग्लादेश को आपत्ति, भारत ने दिया ये जवाब
शेख हसीना की प्रेस कॉन्फ्रेंस पर बांग्लादेश को आपत्ति, भारत ने दिया ये जवाब
रक्षा मामलों की संसदीय समिति की बैठक में तीखी बहस, राहुल गांधी ने उठाया मुद्दा
रक्षा मामलों की संसदीय समिति की बैठक में तीखी बहस, राहुल गांधी ने उठाया मुद्दा
क्या कांग्रेस के कहने पर हुआ वांगचुक-सरकार में समझौता? हो गया खुलासा
क्या कांग्रेस के कहने पर हुआ वांगचुक-सरकार में समझौता? हो गया खुलासा

वीडियोज

Bigg Boss 20 में क्या है Salman Khan का Karan Arjun Secret? Promo ने बढ़ाई उत्सुकता
Salman Khan का Emotional खुलासा, Sohail Khan Divorce और Jail Days पर पहली बार करी चर्चा
Lock Upp 2 में Harshad Chopda ने Shivangi Joshi के लिए किया बड़ा Sacrifice, फैंस हुए इमोशनल
Ramayana पर बढ़ा विवाद, Shri Ramlila Mahasangh ने दी चेतावनी, Preview Screening की रखी मांग
London में Shah Rukh Khan का नया लुक वायरल, क्या King का First Look गलती से हुआ Reveal?

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
'PM को माफी का किसने दिया अधिकार? राहुल ने सवाल कर RSS पर किया अटैक
'PM को माफी का किसने दिया अधिकार? राहुल ने सवाल कर RSS पर किया अटैक
दिल्ली में SIR का बढ़ा समय, अब 27 अक्टूबर को आएगी फाइनल वोटर लिस्ट
दिल्ली में SIR का बढ़ा समय, अब 27 अक्टूबर को आएगी फाइनल वोटर लिस्ट
'मेरी वजह से ब्रेंडन मैकुलम कोच पद से हटाए गए', बेन स्टोक्स ने खुद को ठहराया जिम्मेदार
'मेरी वजह से ब्रेंडन मैकुलम कोच पद से हटाए गए', बेन स्टोक्स ने खुद को ठहराया जिम्मेदार
सोहेल-सीमा के तलाक पर सलमान खान ने किया रिएक्ट, भाई से बोले- तुम्हारा दर्द समझता हूं, खुद को ब्लेम करना बंद करो
सोहेल-सीमा के तलाक पर सलमान खान ने किया रिएक्ट, भाई से बोले- तुम्हारा दर्द समझता हूं, खुद को ब्लेम करना बंद करो
Xप्लेन: क्या सुप्रीम कोर्ट के फैसले से शादीशुदा और लिव-इन पार्टनर में कोई फर्क नहीं?
क्या SC के फैसले से शादीशुदा और लिव-इन पार्टनर में कोई फर्क नहीं?
'बंगाल को बनाया जेल, TMC सांसद-विधायकों को दी जा रही धमकी', ममता का BJP पर हमला
'बंगाल को बनाया जेल, TMC सांसद-विधायकों को दी जा रही धमकी', ममता का BJP पर हमला
किसी का फटा सिर, किसी के कान…, फ्लाइट टर्बुलेंस से जख्मी पैसेंजर की आपबीती
किसी का फटा सिर, किसी के कान…, फ्लाइट टर्बुलेंस से जख्मी पैसेंजर की आपबीती
उदयनिधि स्टालिन की हिरासत पर मद्रास हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, कहा- पूछताछ के बाद...
उदयनिधि की हिरासत पर मद्रास हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, कहा- 'पूछताछ के बाद रिहा कीजिए'
Embed widget