एक्सप्लोरर

Oxytocin Health Risks: RML में सब-स्टैंडर्ड ऑक्सीटोसिन की 2700 वायल फेल, जानें क्यों है यह दवा आपके लिए जानलेवा?

Spurious Oxytocin: इस दवा की सुरक्षा को लेकर कई सवाल उठने लगे हैं, ऑक्सीटोसिन का इस्तेमाल प्रसव के दौरान लेबर शुरू कराने और डिलीवरी के बाद ज्यादा ब्लीडिंग को रोकने के लिए किया जाता है.

Postpartum Hemorrhage Treatment: ऑक्सीटोसिन की 2700 वायल गुणवत्ता जांच में फेल होने के बाद इस दवा की सुरक्षा को लेकर कई सवाल उठने लगे हैं, ऑक्सीटोसिन का इस्तेमाल प्रसव के दौरान लेबर शुरू कराने और डिलीवरी के बाद ज्यादा ब्लीडिंग को रोकने के लिए किया जाता है, ऐसे में जब इसकी गुणवत्ता पर सवाल खड़े हों, तो यह जानना जरूरी हो जाता है कि खराब या मानक के अनुरूप न होने वाली ऑक्सीटोसिन मरीजों की सेहत पर कितना असर डाल सकती है. चलिए आपको बताते हैं कि इसको लेकर एक्सपर्ट क्या कहते हैं. 

क्यों जरूरी है यह दवा?

हेल्थ के बारे में जानकारी देने वाली वेबसाइट Medicinenet ऑक्सीटोसिन शरीर में बनने वाला एक प्राकृतिक हार्मोन है, जिसे दवा के रूप में भी तैयार किया जाता है. अस्पतालों में इसका उपयोग गर्भाशय के संकुचन बढ़ाने, प्रसव को आगे बढ़ाने और डिलीवरी के बाद अत्यधिक रक्तस्राव को नियंत्रित करने के लिए किया जाता है. औषधि एक्सपर्ट और फार्माकोलॉजिस्ट डॉ. वी. उदय किरण के अनुसार, के अनुसार यह एक महत्वपूर्ण और जीवनरक्षक दवा है, लेकिन इसकी क्वालिटी और सही मात्रा दोनों का सुरक्षित होना बेहद जरूरी है. 

इसे भी पढ़ेंः Egg Vs Dal: दाल-सब्जी के मुकाबले एक अंडे से कितना मिलता है प्रोटीन, बच्चों के पोषण पर कितना पड़ेगा असर?

महिलाओं की मौत के बाद सवाल

राजस्थान के कोटा में सी-सेक्शन के बाद पांच महिलाओं की मौत के मामले में भी ऑक्सीटोसिन को लेकर सवाल उठे थे. जांच के दौरान जिस बैच की जांच की गई, उसमें ऑक्सीटोसिन का एक्टिव इंग्रीडिएंट नहीं मिला,. इसके बाद दवा निर्माता और वितरक के खिलाफ नियामक एजेंसियों ने कार्रवाई की और विश्व स्वास्थ्य संगठन  ने भी इस मामले में भारत सरकार से जानकारी मांगी. हालांकि, बाद में राजस्थान सरकार की आठ सदस्यीय एक्सपर्ट समिति और एम्स, नई दिल्ली की छह सदस्यीय टीम की रिपोर्ट में कहा गया कि इन मौतों का सीधा कारण केवल खराब ऑक्सीटोसिन को नहीं माना जा सकता. समिति के अनुसार सभी महिलाओं की चिकित्सीय स्थिति अलग-अलग थी और किसी एक वजह को जिम्मेदार ठहराने के पर्याप्त प्रमाण नहीं मिले. 

जांच में यह जरूर सामने आया कि अस्पतालों में कई स्तर पर गंभीर कमियां थीं। हाई-रिस्क प्रेग्नेंसी वाली महिलाओं की पर्याप्त निगरानी नहीं की गई। कई मरीजों के ब्लड प्रेशर, पल्स रेट, यूरिन आउटपुट, लिवर फंक्शन टेस्ट और दवाओं से जुड़े रिकॉर्ड अधूरे पाए गए। कुछ मामलों में पोस्टमार्टम भी नहीं कराया गया, जिससे मौत के वास्तविक कारण की पुष्टि करना मुश्किल हो गया।

इससे क्या होती है दिक्कत?

Medicinenet के अनुसार, ऑक्सीटोसिन के दुष्प्रभाव की बात है, तो इसके इस्तेमाल के दौरान कुछ मरीजों में मतली, उल्टी, एलर्जी, असामान्य हार्ट रेट,ब्लड प्रेशर में बदलाव और दुर्लभ मामलों में गर्भाशय फटने जैसी गंभीर जटिलताएं भी हो सकती हैं. इसलिए यह दवा केवल डॉक्टर की निगरानी में ही दी जाती है. इसकी मात्रा मरीज की स्थिति के अनुसार तय की जाती है और इसे स्वयं इस्तेमाल करना या बिना मेडिकल सलाह के लेना खतरनाक हो सकता है. एक्सपर्ट का कहना है कि किसी भी दवा की गुणवत्ता में कमी चिंता का विषय है, लेकिन हर गंभीर घटना का कारण केवल दवा नहीं होती. सुरक्षित इलाज के लिए अच्छी गुणवत्ता वाली दवा, सही चिकित्सकीय निगरानी, समय पर इलाज और अस्पतालों में तय प्रोटोकॉल का पालन, सभी समान रूप से जरूरी हैं.

यह भी पढ़ेंः  Calories Burned: स्वीमिंग, रनिंग या रस्सी कूद... 1 घंटे में किसमें खर्च होती है सबसे ज्यादा कैलोरी, क्या बेहतर?

Disclaimer: यह जानकारी रिसर्च स्टडीज और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें. किसी भी नई गतिविधि या व्यायाम को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

Check out below Health Tools-
Calculate Your Body Mass Index ( BMI )

Calculate The Age Through Age Calculator

About the author सोनम

जर्नलिज्म की दुनिया में करीब 15 साल बिता चुकीं सोनम की अपनी अलग पहचान है. वह खुद ट्रैवल की शौकीन हैं और यही वजह है कि अपने पाठकों को नई-नई जगहों से रूबरू कराने का माद्दा रखती हैं. लाइफस्टाइल और हेल्थ जैसी बीट्स में उन्होंने अपनी लेखनी से न केवल रीडर्स का ध्यान खींचा है, बल्कि अपनी विश्वसनीय जगह भी कायम की है. उनकी लेखन शैली में गहराई, संवेदनशीलता और प्रामाणिकता का अनूठा कॉम्बिनेशन नजर आता है, जिससे रीडर्स को नई-नई जानकारी मिलती हैं. 

लखनऊ यूनिवर्सिटी से जर्नलिज्म में ग्रैजुएशन रहने वाली सोनम ने अपने पत्रकारिता के सफर की शुरुआत भी नवाबों के इसी शहर से की. अमर उजाला में उन्होंने बतौर इंटर्न अपना करियर शुरू किया. इसके बाद दैनिक जागरण के आईनेक्स्ट में भी उन्होंने काफी वक्त तक काम किया. फिलहाल, वह एबीपी लाइव वेबसाइट में लाइफस्टाइल डेस्क पर बतौर कंटेंट राइटर काम कर रही हैं.

ट्रैवल उनका इंटरेस्ट  एरिया है, जिसके चलते वह न केवल लोकप्रिय टूरिस्ट प्लेसेज के अनछुए पहलुओं से रीडर्स को रूबरू कराती हैं, बल्कि ऑफबीट डेस्टिनेशन्स के बारे में भी जानकारी देती हैं. हेल्थ बीट पर उनके लेख वैज्ञानिक तथ्यों और सामान्य पाठकों की समझ के बीच बैलेंस बनाते हैं. सोशल मीडिया पर भी सोनम काफी एक्टिव रहती हैं और अपने आर्टिकल और ट्रैवल एक्सपीरियंस शेयर करती रहती हैं.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

AIIMS Delhi ने रचा इतिहास! 4 महीने के मासूम की दुनिया की सबसे दुर्लभ लंग सर्जरी सफल
AIIMS Delhi ने रचा इतिहास! 4 महीने के मासूम की दुनिया की सबसे दुर्लभ लंग सर्जरी सफल
Dengue Outbreak in Mumbai: बारिश के साथ बढ़ा बीमारियों का खतरा! मुंबई में डेंगू-स्वाइन फ्लू के मामले तेजी से बढ़े
बारिश के साथ बढ़ा बीमारियों का खतरा! मुंबई में डेंगू-स्वाइन फ्लू के मामले तेजी से बढ़े
Fiber Rich Foods : बिना सलाद खाए फाइबर कैसे बढ़ाएं? रोज के खाने में इन 4 देसी चीजों को मिलाकर पेट रखें एकदम साफ
बिना सलाद खाए फाइबर कैसे बढ़ाएं? रोज के खाने में इन 4 देसी चीजों को मिलाकर पेट रखें एकदम साफ
India-UK Trade Deal: यूके से कौन-कौन सी दवाएं आयात करता है भारत, जानें अब कितना कम हो जाएगा इनका दाम?
यूके से कौन-कौन सी दवाएं आयात करता है भारत, जानें अब कितना कम हो जाएगा इनका दाम?
Advertisement

वीडियोज

Shehnaaz Gill की 'Ishqnama' का ट्रेलर रिलीज़, Jai Randhhawa की दमदार परफॉर्मेंस ने लूटी महफिल
Shehnaaz Gill की Ishqnama का ट्रेलर दमदार, Jai Randhhawa की इंटेंसिटी ने जीता दिल
Mathew VanDyke और अब Jordan Brown! Indian borders के पास बड़ी साजिश? |ABPLIVE
रिपोर्ट्स: Deepika Padukone और Ranveer Singh के घर फिर आ सकती है खुशखबरी
Middle East: भारतीय नाविक की मौत पर भारतका बदला शुरू! हिलेगा मिडिल ईस्ट? |ABPLIVE
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
कच्चे तेल की कीमत बढ़ने के बाद केंद्र सरकार का बड़ा फैसला, डीजल और ATF पर बढ़ाया विंडफॉल टैक्स
कच्चे तेल की कीमत बढ़ने के बाद सरकार का बड़ा फैसला, डीजल और ATF पर बढ़ाया विंडफॉल टैक्स
'PM मोदी चंपत राय को बचा रहे...', चढ़ावा चोरी मामले को लेकर बोले शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद
'PM मोदी चंपत राय को बचा रहे...', चढ़ावा चोरी मामले को लेकर बोले शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद
NEET में 5 लाख की डील, 111 सवाल और कोचिंग कनेक्शन... CBI ने खोली परत-दर-परत साजिश
NEET में 5 लाख की डील, 111 सवाल और कोचिंग कनेक्शन... CBI ने खोली परत-दर-परत साजिश
गंभीर के फैसलों पर उठे सवाल, आयरलैंड-इंग्लैंड में हार के बाद एबी डिविलियर्स ने टीम इंडिया को सुनाई खरी-खरी
गंभीर के फैसलों पर उठे सवाल, आयरलैंड-इंग्लैंड में हार के बाद एबी डिविलियर्स ने टीम इंडिया को सुनाई खरी-खरी
प्यार, शादी और फिर धोखा... बेहद फिल्मी रही जेनिफर विंगेट और करण सिंह ग्रोवर की लव स्टोरी
प्यार, शादी और फिर धोखा... बेहद फिल्मी रही जेनिफर विंगेट और करण सिंह ग्रोवर की लव स्टोरी
'नहीं मिलेगी जीत...', ट्रंप के पूर्व रक्षा प्रमुख की अमेरिका को चेतावनी, ईरान को लेकर क्या कहा?
'नहीं मिलेगी जीत...', ट्रंप के पूर्व रक्षा प्रमुख की अमेरिका को चेतावनी, ईरान को लेकर क्या कहा?
यूपी चुनाव से पहले मायावती की राह चले चिराग पासवान! दोहरा दी बसपा चीफ की सालों पुरानी मांग
यूपी चुनाव से पहले मायावती की राह चले चिराग पासवान! दोहरा दी बसपा चीफ की सालों पुरानी मांग
IIT online Courses: घर बैठे IIT से कर सकते हैं ये सीक्रेट कोर्स, कोई नहीं बताएगा इनके बारे में, बन जाएगी जिंदगी
घर बैठे IIT से कर सकते हैं ये सीक्रेट कोर्स, कोई नहीं बताएगा इनके बारे में, बन जाएगी जिंदगी
Embed widget