दिन में एक गिलास पी लें औषधीय गुणों वाला यह जूस, कभी नहीं होगी विटामिन बी12 की कमी
विटामिन बी12 की कमी आजकल बेहद कॉमन प्रॉब्लम बनती जा रही है. खासकर वेजिटेरियन और वीगन डाइट फॉलो करने वालों में विटामिन बी12 अक्सर कम होता है.

कोबालामिन के नाम से मशहूर विटामिन बी12 हमारे शरीर के लिए बेहद जरूरी पोषक तत्व है. यह रेड ब्लड सेल्स के निर्माण से लेकर डीएनए संश्लेषण और नर्वस सिस्टम को हेल्दी रखने में अहम भूमिका निभाता है. इसकी कमी से थकान, कमजोरी, एनीमिया और न्यूरोलॉजिकल प्रॉब्लम्स जैसी गंभीर सेहत संबंधी दिक्कतें हो सकती हैं. आइए आपको ऐसे देसी जूस के बारे में बताते हैं, जिसे पीने के बाद विटामिन बी12 की कमी कभी नहीं होगी.
विटामिन बी12 की कमी कितनी खतरनाक?
विटामिन बी12 की कमी आजकल बेहद कॉमन प्रॉब्लम बनती जा रही है. खासकर वेजिटेरियन और वीगन डाइट फॉलो करने वालों में विटामिन बी12 अक्सर कम होता है. दरअसल, यह विटामिन मुख्य रूप से पशु-आधारित फूड प्रॉडक्ट्स जैसे मांस, मछली, अंडे और डेयरी उत्पादों में पाया जाता है. हालांकि, कुछ सब्जियों, फल आदि से भी इसकी पूर्ति हो सकती है. दिल्ली की डायटीशियन डॉ. गीतांजलि सिंह (M.Sc Food and Nutrition) के मुताबिक, विटामिन बी12 की कमी से बचने के लिए नियमित रूप से बैलेंस्ड डाइट लेना जरूरी है. वहीं, शाकाहारी लोगों के लिए कुछ खास जूस इस कमी को पूरा करने में मददगार हो सकते हैं.
विटामिन बी12 की कमी के लक्षण
विटामिन बी12 की कमी के लक्षणों में थकान, कमजोरी, सांस लेने में तकलीफ, मूड स्विंग्स और मेमोरी लॉस आदि शामिल हैं. गंभीर मामलों में यह नर्व डैमेज और दिमाग संबंधित दिक्कतों का कारण बन सकता है. नेशनल सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी इन्फॉर्मेशन (NCBI) की स्टडी में सामने आया कि शिटेक मशरूम जैसे कुछ वेज फूड आइटम में विटामिन बी12 काफी ज्यादा होता है.
यह जूस भी बनाता है काम
कई रिसर्च में सामने आया है कि देसी चीजों से तैयार एक जूस भी विटामिन बी12 की कमी को पूरा कर सकता है. यह जूस न केवल पौष्टिक होता है, बल्कि आसानी से बनाया भी जा सकता है. यह जूस चुकंदर, पालक, सेब और सूरजमुखी के बीजों से तैयार किया जाता है, जो विटामिन बी12 के साथ-साथ अन्य जरूरी पोषक तत्वों से भरपूर है.
- चुकंदर: चुकंदर विटामिन बी12, आयरन और फोलिक एसिड का अच्छा सोर्स है. यह रेड ब्लड सेल्स के निर्माण में मदद करता है और एनीमिया को रोकने में कारगर है. चुकंदर का जूस नियमित रूप से पीने से ब्लड में ऑक्सीजन की आपूर्ति बढ़ती है, जो थकान और कमजोरी को कम करता है.
- पालक: पालक में विटामिन बी12 की थोड़ी मात्रा के साथ-साथ मैग्नीशियम और आयरन जैसे मिनरल्स पाए जाते हैं। यह नर्वस सिस्टम को मजबूत करने और एनर्जी लेवल को बढ़ाने में मदद करता है.
- सेब: सेब में विटामिन बी12 के साथ-साथ एंटीऑक्सिडेंट्स और फाइबर होते हैं, जो पाचन को बेहतर बनाते हैं. साथ ही, हार्ट हेल्थ भी बेहतर रखते हैं. सेब का नियमित सेवन विटामिन बी12 की कमी को पूरा करने के साथ-साथ हार्ट डिजीज का खतरा भी कम करता है.
- सूरजमुखी के बीज: सूरजमुखी के बीज विटामिन बी12 और विटामिन ई के अहम सोर्स हैं. ये बीज न केवल पोषक तत्व देते हैं, बल्कि इम्यून सिस्टम भी मजबूत करते हैं.
- तुलसी और धनिया: इन जड़ी-बूटियों में एंटीऑक्सिडेंट और एंटी-बैक्टीरियल गुण होते हैं, जो जूस को औषधीय बनाते हैं और शरीर को इंफेक्शन से बचाते हैं. तुलसी और धनिया जैसे हर्ब्स जूस में शामिल करने से इसका स्वाद और पोषक वैल्यू दोनों बढ़ते हैं.
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Disclaimer: खबर में दी गई कुछ जानकारी मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित है. आप किसी भी सुझाव को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.
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Source: IOCL






















