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क्या केरल यूनिवर्सिटी भी हो जाएगी केरलम? जानिए किन किन संस्थानों का बदलेगा नाम

केंद्र सरकार ने केरल का नाम बदलकर केरलम करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है. अब संसद की स्वीकृति के बाद यह बदलाव लागू होगा. आइए जानें कि क्या नाम बदलने पर केरल यूनिवर्सिटी का नाम भी बदला जा सकता है.

केंद्र सरकार ने केरल का नाम बदलकर केरलम करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है. अब इस बदलाव को संविधान में दर्ज करने के लिए संसद की औपचारिक स्वीकृति जरूरी है. नाम बदलने के बाद राज्य से जुड़े कई सरकारी संस्थानों, विभागों और विश्वविद्यालयों के नाम भी बदले जा सकते हैं. इसमें केरल यूनिवर्सिटी का नाम भी शामिल हो सकता है. पूरी प्रक्रिया संवैधानिक नियमों के तहत होगी.

केरल से केरलम कैसे हुआ फैसला?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने राज्य का नाम केरल से बदलकर केरलम करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है. यह प्रस्ताव पहले 24 जून 2024 को केरल विधानसभा ने सर्वसम्मति से पास किया था. विधानसभा ने केंद्र से अनुरोध किया था कि राज्य का आधिकारिक नाम केरलम किया जाए, जो मलयालम भाषा में राज्य का पारंपरिक नाम है. फिलहाल इस बदलाव को संविधान में दर्ज करने के लिए संसद की मंजूरी जरूरी है. संविधान के अनुच्छेद 3 के तहत संसद को किसी राज्य का नाम बदलने का अधिकार है. संसद से मंजूरी मिलने के बाद आधिकारिक गजट नोटिफिकेशन जारी होगा और नया नाम लागू हो जाएगा. 

नाम बदलने की संवैधानिक प्रक्रिया

राज्य का नाम बदलने के लिए तय प्रक्रिया होती है.

पहला चरण: राज्य विधानसभा प्रस्ताव पास करती है.

दूसरा चरण: केंद्र सरकार प्रस्ताव पर विचार करती है.

तीसरा चरण: संसद में संशोधन बिल लाया जाता है.

चौथा चरण: दोनों सदनों से पारित होने के बाद राष्ट्रपति की मंजूरी मिलती है.

इसके बाद आधिकारिक राजपत्र में नया नाम प्रकाशित किया जाता है और वह लागू हो जाता है.

किन संस्थानों पर पड़ेगा असर?

अगर केरल का नाम आधिकारिक रूप से केरलम हो जाता है, तो राज्य सरकार के अधीन आने वाले कई संस्थानों के नाम बदले जा सकते हैं. इसमें मंत्रालय, सरकारी विभाग, बोर्ड, निगम, राज्य परिवहन, रेलवे स्टेशन, विश्वविद्यालय और अन्य संस्थान शामिल हो सकते हैं.

उदाहरण के तौर पर, जब उड़ीसा का नाम बदलकर ओडिशा किया गया था, तो सरकारी दस्तावेजों और कई संस्थानों के नाम अपडेट किए गए थे. इसी तरह बॉम्बे का नाम मुंबई और मद्रास का नाम चेन्नई होने के बाद कई संस्थानों के नाम बदले गए. 

क्या केरल यूनिवर्सिटी का नाम भी बदलेगा?

राज्य का नाम बदलने के बाद University of Kerala का नाम भी बदला जा सकता है. संभावना है कि इसका नाम ‘यूनिवर्सिटी ऑफ केरलम’ या ‘केरलम यूनिवर्सिटी’ किया जाए. हालांकि इस बारे में अभी कोई आधिकारिक अधिसूचना जारी नहीं हुई है.

इतिहास में भी ऐसा बदलाव हो चुका है. 1957 में त्रावणकोर विश्वविद्यालय का नाम बदलकर केरल विश्वविद्यालय किया गया था, उस वक्त राज्य का पुनर्गठन हुआ था, इसलिए इस बार भी नाम में बदलाव की संभावना मजबूत मानी जा रही है. 

आम लोगों पर क्या असर होगा?

आम नागरिकों के लिए सबसे जरूरी बात यह है कि नाम बदलने से राज्य की सीमाओं या प्रशासनिक ढांचे में कोई बदलाव नहीं होगा. यह केवल आधिकारिक नाम में बदलाव है. सरकारी दस्तावेज, साइनबोर्ड, वेबसाइट, विश्वविद्यालय डिग्री, सरकारी पत्र और अन्य रिकॉर्ड में नया नाम धीरे-धीरे अपडेट किया जाएगा, हालांकि इस प्रक्रिया में समय लग सकता है.

यह भी पढ़ें: Kerala Name Change: भारत का राज्य कैसे बना था केरल, कहां गायब हो गया त्रावणकोर?

About the author निधि पाल

निधि पाल को पत्रकारिता में छह साल का तजुर्बा है. लखनऊ से जर्नलिज्म की पढ़ाई पूरी करने के बाद इन्होंने पत्रकारिता की शुरुआत भी नवाबों के शहर से की थी. लखनऊ में करीब एक साल तक लिखने की कला सीखने के बाद ये हैदराबाद के ईटीवी भारत संस्थान में पहुंचीं, जहां पर दो साल से ज्यादा वक्त तक काम करने के बाद नोएडा के अमर उजाला संस्थान में आ गईं. यहां पर मनोरंजन बीट पर खबरों की खिलाड़ी बनीं. खुद भी फिल्मों की शौकीन होने की वजह से ये अपने पाठकों को नई कहानियों से रूबरू कराती थीं.

अमर उजाला के साथ जुड़े होने के दौरान इनको एक्सचेंज फॉर मीडिया द्वारा 40 अंडर 40 अवॉर्ड भी मिल चुका है. अमर उजाला के बाद इन्होंने ज्वाइन किया न्यूज 24. न्यूज 24 में अपना दमखम दिखाने के बाद अब ये एबीपी न्यूज से जुड़ी हुई हैं. यहां पर वे जीके के सेक्शन में नित नई और हैरान करने वाली जानकारी देते हुए खबरें लिखती हैं. इनको न्यूज, मनोरंजन और जीके की खबरें लिखने का अनुभव है. न्यूज में डेली अपडेट रहने की वजह से ये जीके के लिए अगल एंगल्स की खोज करती हैं और अपने पाठकों को उससे रूबरू कराती हैं.

खबरों में रंग भरने के साथ-साथ निधि को किताबें पढ़ना, घूमना, पेंटिंग और अलग-अलग तरह का खाना बनाना बहुत पसंद है. जब ये कीबोर्ड पर उंगलियां नहीं चला रही होती हैं, तब ज्यादातर समय अपने शौक पूरे करने में ही बिताती हैं. निधि सोशल मीडिया पर भी अपडेट रहती हैं और हर दिन कुछ नया सीखने, जानने की कोशिश में लगी रहती हैं.

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