एक्सप्लोरर

AAP से गठबंधन पर कल फैसला लेंगे राहुल गांधी, जातीय समीकरणों ने उलझाया आप-कांग्रेस गठजोड़ का पेंच

2014 के लोकसभा चुनाव में दिल्ली की सभी सात सीटों पर बीजेपी ने जीत दर्ज की थी. आम आदमी पार्टी और कांग्रेस दोनों शून्य पर सिमट गई थी.

नई दिल्ली: दिल्ली में आम आदमी पार्टी (आप) से गठबंधन को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी सोमवार को अंतिम फैसला ले सकते हैं. आप से गठबंधन को लेकर कांग्रेस दो हिस्सों में बंटी है. दिल्ली कांग्रेस की अध्यक्ष शीला दीक्षित ने आप से गठबंधन से इनकार किया है. जबकि दिल्ली के प्रभारी पीसी चाको गठबंधन के पक्ष में हैं.

आप और कांग्रेस में गठबंधन पर अब तक फैसला नहीं होने की वजह आप द्वारा सातों सीट पर पहले ही अपने उम्मीदवार घोषित कर देना तो है ही, साथ ही सातों लोकसभा सीटों के जातीय समीकरणों को लेकर भी दोनों के बीच सीटों के बंटवारे पर पेंच फंस गया.

लोकसभा चुनाव के मद्देनजर आप कांग्रेस गठबंधन को लेकर दोनों दलों के नेतृत्व के बीच विभिन्न मसलों पर मतभेद के कारण कोई निर्णायक फैसला नहीं हो पा रहा है. जानकारों के मुताबिक, गठबंधन की राह में दो मुख्य बाधायें उभर कर सामने आयी हैं. पहली बाधा है आप द्वारा सातों सीट पर पहले ही अपने उम्मीदवार घोषित कर देना. विभिन्न सीटों पर जातीय समीकरणों के लिहाज से दोनों दलों के बीच अपनी पसंद की सीटों पर दावेदारी दूसरी प्रमुख बाधा है.

कांग्रेस में गठबंधन के हिमायती एक नेता ने बताया कि आप नेतृत्व, गठजोड़ के लिये तो तत्पर है लेकिन शुरु में ही छह सीटों पर उम्मीदवारों के नाम घोषित कर आप ने सीट बंटवारे के दरवाजे को बिल्कुल सीमित कर दिया है. खासकर आप ने कांग्रेस की पसंद वाली उन तीन सीटों पर ऐसे उम्मीदवार उतार दिये जो ना तो जातीय समीकरणों के लिहाज से मुफीद हैं, ना ही आप के लिये इन्हें चुनाव मैदान से वापस लेना सहज है.

DETAILS: यहां जानें बीजेपी के सभी घोषित कैंडिडेट के नाम और उनका संसदीय क्षेत्र

जातीय समीकरणों का हवाला देकर कांग्रेस दक्षिणी दिल्ली, पूर्वी दिल्ली, उत्तर पूर्वी और उत्तर पश्चिम दिल्ली (सुरक्षित) सीट पर मजबूत दावेदारी कर रही है. आप ने दक्षिणी दिल्ली से राघव चड्ढा, पूर्वी दिल्ली से आतिशी, उत्तर पूर्वी से दिलीप पांडे और उत्तर पश्चिम दिल्ली से गूगन सिंह को उम्मीदवार बनाया है. आप चड्ढा, आतिशी और पांडे पर कोई समझौता करने के मूड में नहीं है जबकि क्षेत्रीय और जातीय समीकरणों के आधार पर कांग्रेस पूर्वी दिल्ली और उत्तर पूर्वी दिल्ली सीट में से किसी एक को ही समझौते के तहत छोड़ सकती है.

जातीय समीकरणों पर आधारित सीट वितरण संबंधी कांग्रेसी फार्मूले के मुताबिक जाट, गूजर और यादव सहित अन्य पिछड़े वर्ग के 35 प्रतिशत मतदाताओं वाली दक्षिणी दिल्ली सीट पर महज 12 फीसदी पंजाबी, खत्री और सिख मतदाताओं के बलबूते आप के राघव चड्ढा अनुपयुक्त प्रत्याशी हैं.

कांग्रेस के फार्मूले में पेश आंकड़ों के मुताबिक इस सीट पर 19 प्रतिशत अनुसूचित जाति, 10 प्रतिशत पंजाबी खत्री, दो प्रतिशत सिख, नौ प्रतिशत ब्राह्मण, पांच प्रतिशत वैश्य, पांच प्रतिशत मुस्लिम, पांच प्रतिशत जाट, 10 प्रतिशत यादव गूजर और 20 प्रतिशत अन्य पिछड़े वर्ग की जातियों के मतदाता है.

प्रियंका गांधी बोलीं- चौकीदार सिर्फ अमीरों की ड्यूटी करते हैं, तो CM योगी आदित्यनाथ ने किया पलटवार

वहीं पूर्वी दिल्ली में अनुसूचित जाति के 17 प्रतिशत, मुस्लिम 15 प्रतिशत, गूजर जाट छह प्रतिशत और अन्य पिछड़ी जातियों की हिस्सेदारी 22 प्रतिशत होने के कारण कांग्रेस की नजर में आप प्रत्याशी सामाजिक समीकरणों के मुताबिक उपयुक्त नहीं है. कांग्रेस इस सीट पर किसी पिछड़े या मुस्लिम समुदाय के उम्मीदवार की हिमायती है. इसी तरह कांग्रेस उत्तर पूर्वी सीट पर 17 प्रतिशत अनुसूचित जाति, 20 प्रतिशत मुस्लिम, 11 प्रतिशत गूजर यादव और 14 प्रतिशत अन्य पिछड़ी जातियों की मौजूदगी के आधार पर इन समुदायों के किसी पूर्वांचली चेहरे को उम्मीदवार बनाना चाहती है.

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

राष्ट्रगान की तरह 'वंदे मातरम' को देना होगा सम्मान, नहीं तो... राष्ट्रगीत को लेकर सरकार ला रही नया विधेयक, जानें क्या है ये
राष्ट्रगान की तरह 'वंदे मातरम' को देना होगा सम्मान, नहीं तो... राष्ट्रगीत को लेकर सरकार ला रही नया विधेयक, जानें क्या है ये
Exclusive: दो मस्जिद...विंटेज कारों का शोकेस और PWD का गेस्ट हाउस, जौहर यूनिवर्सिटी के अंदर क्या-क्या है?
दो मस्जिद...विंटेज कारों का शोकेस और PWD का गेस्ट हाउस, जौहर यूनिवर्सिटी के अंदर क्या-क्या है?
आप और सपा के बाद सोनम वांगचुक को मिला कांग्रेस का साथ, पवन खेड़ा ने जंतर-मंतर पहुंचकर की मुलाकात
आप-सपा के बाद सोनम वांगचुक को मिला कांग्रेस का साथ, पवन खेड़ा ने जंतर-मंतर पहुंचकर की मुलाकात
Lenin Box Office Day 7 Worldwide: 'धमाल 4' के आगे 'लेनिन' का भी वर्ल्डवाइड बजा डंका, अखिल अक्किनेनी के करियर का बना इतना बड़ा रिकॉर्ड
'लेनिन' का भी वर्ल्डवाइड बजा डंका, अखिल अक्किनेनी के करियर का बना इतना बड़ा रिकॉर्ड

वीडियोज

Lionel Messi: 39 साल की फुटबॉल मशीन! ABPLIVE
Kiku Sharda ने खोला Kapil Sharma Show का बड़ा राज
Jennifer Winget की दूसरी शादी की खबरों ने बढ़ाई फैंस की खुशी
अफवाह या सच? Kiara Advani की दूसरी प्रेग्नेंसी की चर्चा तेज
'The Odyssey' Review: Christopher Nolan का विजुअल मास्टरपीस, IMAX में मिलेगा असली रोमांच

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
राष्ट्रगान की तरह 'वंदे मातरम' को देना होगा सम्मान, नहीं तो... राष्ट्रगीत को लेकर सरकार ला रही नया विधेयक, जानें क्या है ये
राष्ट्रगान की तरह 'वंदे मातरम' को देना होगा सम्मान, नहीं तो... राष्ट्रगीत को लेकर सरकार ला रही नया विधेयक, जानें क्या है ये
Exclusive: दो मस्जिद...विंटेज कारों का शोकेस और PWD का गेस्ट हाउस, जौहर यूनिवर्सिटी के अंदर क्या-क्या है?
दो मस्जिद...विंटेज कारों का शोकेस और PWD का गेस्ट हाउस, जौहर यूनिवर्सिटी के अंदर क्या-क्या है?
आप और सपा के बाद सोनम वांगचुक को मिला कांग्रेस का साथ, पवन खेड़ा ने जंतर-मंतर पहुंचकर की मुलाकात
आप-सपा के बाद सोनम वांगचुक को मिला कांग्रेस का साथ, पवन खेड़ा ने जंतर-मंतर पहुंचकर की मुलाकात
Lenin Box Office Day 7 Worldwide: 'धमाल 4' के आगे 'लेनिन' का भी वर्ल्डवाइड बजा डंका, अखिल अक्किनेनी के करियर का बना इतना बड़ा रिकॉर्ड
'लेनिन' का भी वर्ल्डवाइड बजा डंका, अखिल अक्किनेनी के करियर का बना इतना बड़ा रिकॉर्ड
स्पेन या अर्जेंटीना, किसके सिर सजेगा ताज? जानिए कब, कहां और कैसे देखें FIFA World Cup 2026 का महामुकाबला
स्पेन या अर्जेंटीना, किसके सिर सजेगा ताज? जानिए कब, कहां और कैसे देखें FIFA World Cup 2026 का महामुकाबला
Strait of Hormuz: 'जब तक अगला आदेश न दें...', होर्मुज में खतरा, भारतीयों के लिए DGMA ने जारी की एडवाइजरी, जानें क्या कहा
'जब तक अगला आदेश न दें...', होर्मुज में खतरा, भारतीयों के लिए DGMA ने जारी की एडवाइजरी, जानें क्या कहा
बिगड़ती तबीयत, खतरे में जान... सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल का 20वां दिन, डॉक्टरों ने दी ऑर्गन फेलियर की चेतावनी
खतरे में जान... सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल का 20वां दिन, डॉक्टरों ने दी ऑर्गन फेलियर की चेतावनी
Sonam Wangchuk Hunger Strike: लंबे वक्त तक भूख हड़ताल से कौन-से अंग सबसे पहले होते हैं खराब, कब फेल होने लगता है सिस्टम?
लंबे वक्त तक भूख हड़ताल से कौन-से अंग सबसे पहले होते हैं खराब, कब फेल होने लगता है सिस्टम?
Embed widget