चांदी सोने से 3 गुना तेजी से लुढ़की, खरीदने से पहले 3 कारण जान लें
धनतेरस का त्यौहार आने में अब महज एक हफ्ता ही बाकी रह गया है. इससे पहले ही सोने-चांदी की कीमतों में बड़ा अंतर देखने को मिल रहा है. सोने के मुकाबले चांदी की कीमतों में ज्यादा गिरावट दर्ज की गई है.

धनतेरस के मौके पर सोना और चांदी खरीदना शुभ माना जाता है. इस साल धनतेरस 6 नवंबर, शुक्रवार को मनाई जाएगी. लेकिन त्यौहार के आने से एक हफ्ता पहले ही सोना और चांदी की कीमतों में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है. खास बात ये है कि सोने के मुकाबले चांदी की कीमत में ज्यादा गिरावट आई है.
जनवरी में रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचने के बाद इंटरनेशनल मार्केट में चांदी की कीमत आधे से भी ज्यादा गिर चुकी है. वहीं, भारत में चांदी का भाव पिछले हफ्ते 2 लाख रुपये प्रति किलो से नीचे आ गया.
कितनी आई चांदी की कीमतों में गिरावट?
इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के मुताबिक, 26 अक्टूबर को चांदी की कीमत 1,94,479 रुपये प्रति किलो रही. जबकि 30 सितंबर को इसका भाव 2,20,435 रुपये प्रति किलो था. यानी इस दौरान चांदी की कीमत में करीब 11.8% की गिरावट आई.
सोने की कीमत में आई कितनी गिरावट?
तो वहीं सोने की कीमत में गिरावट चांदी की अपेक्षा कम रही. 30 सितंबर को 24 कैरेट सोने का भाव 1,47,888 रुपये प्रति 10 ग्राम था, जो 26 अक्टूबर को घटकर 1,41,710 रुपये रह गया. इस तरह सोने की कीमत में करीब 4.2% की कमी आई.
क्यों आ रही चांदी की कीमतों में गिरावट?
चांदी की कीमतों में गिरावट की बड़ी वजहें मुख्य रूप से तीन हैं. जिनके कारण महज एक महीने के अंदर ही चांदी की कीमत में तेजी से गिरावट आई है. आइये जानें क्या हैं ये तीन मुख्य वजहें:
- चांदी का इस्तेमाल सिर्फ गहने बनाने में नहीं होता. इसका उपयोग इलेक्ट्रॉनिक्स, सोलर पैनल और कई दूसरे उद्योगों में भी किया जाता है. इसलिए जब उद्योगों की मांग घटती है, तो चांदी की कीमत पर ज्यादा असर पड़ता है.
- सोलर पैनल बनाने वाली कंपनियां लागत घटाने के लिए अब हर पैनल में पहले के मुकाबले कम चांदी इस्तेमाल करने की कोशिश कर रही हैं. इससे चांदी की औद्योगिक मांग पर दबाव पड़ रहा है.
- चांदी का बाजार सोने के मुकाबले छोटा है. इसलिए इसमें कीमतें तेजी से ऊपर-नीचे होती हैं. जनवरी में चांदी की अंतरराष्ट्रीय कीमत 121 डॉलर प्रति औंस से ऊपर पहुंच गई थी, लेकिन अब ये करीब 54 डॉलर पर कारोबार कर रही है. यानी अपने रिकॉर्ड स्तर से इसमें लगभग 56% की गिरावट आ चुकी है.
धनतेरस पर सोना खरीदें या चांदी?
धनतेरस पर सोना और चांदी खरीदना शुभ माना जाता है. लेकिन त्यौहार से पहले कीमतों में आई गिरावट खरीदारों के लिए राहत की बात हो सकती है. चांदी सस्ती होने से एक तय बजट में पहले के मुकाबले ज्यादा चांदी खरीदी जा सकती है. हालांकि इसकी कीमतों में अभी भी बड़ा उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है.
तो वहीं सोने की कीमत में भी गिरावट आई है, लेकिन ये चांदी के मुकाबले कम रही है. आने वाले दिनों में अमेरिकी फेडरल रिजर्व के ब्याज दरों पर फैसले और महंगाई के आंकड़ों का दोनों धातुओं की कीमतों पर असर पड़ सकता है.
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