एक्सप्लोरर

US-China Tariff War: अमेरिका और चीन के टैरिफ वार से भारत के लिए ‘आपदा में अवसर’!

US Tariffs of Chinese Goods: अमेरिकी सरकार ने इस सप्ताह चीन के लगभग 18 बिलियन डॉलर के उत्पादों पर 100 फीसदी तक भारी-भरकम टैरिफ लगाने का ऐलान किया है...

दुनिया की दो सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाएं अमेरिका और चीन एक बार फिर से व्यापार युद्ध के मुहाने पर खड़े हैं. अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन की सरकार ने चीन के कई उत्पादों पर भारी-भरकम टैरिफ लगाने की योजना तैयार की है. इसके बाद प्रत्युत्तर में चीन के द्वारा भी अमेरिकी उत्पादों पर टैरिफ लगाए जाने की आशंका है, जैसा कि पहले भी देखा जा चुका है. नए सिरे से उभरे व्यापारिक तनाव के बीच भारत के लिए फायदे की स्थिति तैयार हो सकती है.

अमेरिकी सरकार ने इस बार चीन के जिन उत्पादों पर भारी-भरकम शुल्क लगाया है, उनमें इलेक्ट्रिक व्हीकल, बैटरी और पीपीई किट, ग्लव्स, सिरींज जैसे कई मेडिकल उत्पाद शामिल हैं. चीन में बनने वाले जिन मेडिकल उत्पादों पर शुल्क लगाने की तैयारी है, उनमें फेस मास्क, इंजेक्शन में इस्तेमाल होने वाले सिरींज और नीडल, मेडिकल ग्लव्स आदि प्रमुख हैं. उनके अलावा नेचुरल ग्रेफाइट जैसे मिनरल्स पर भी भारी टैरिफ लगा है.

इन उत्पादों पर बढ़ गया टैरिफ

कुछ उत्पादों पर तो टैरिफ लगाने का ऐलान भी हो चुका है. व्हाइट हाउस ने मंगलवार को चीन से आने वाले कई उत्पादों पर टैरिफ बढ़ाने का ऐलान किया. चीन के इलेक्ट्रिक व्हीकल पर टैरिफ को 25 फीसदी से बढ़ाकर 100 फीसदी किया गया है. इसी तरह टैरिफ को सोलर सेल पर 25 फीसदी से बढ़ाकर 50 फीसदी और कई स्टील व एल्युमिनीयम उत्पादों तथा नॉन-लीथियम आयन बैटरी पार्ट्स पर 7.5 फीसदी से बढ़ाकर 25 फीसदी कर दिया गया. फेस मास्क, क्रिटिकल मिनरल और शिप-टू-शोर क्रेन जैसे कई उत्पादों पर पहले कोई टैरिफ नहीं था, अब 25 फीसदी की दर से टैरिफ लगेगा.

दोहराने वाली है पुरानी कहानी

अमेरिका का कहना है कि इन टैरिफ से चीन से वहां जाने वाले लगभग 18 बिलियन डॉलर के उत्पादों पर असर होगा. इससे पहले पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के कार्यकाल में भी दोनों देश टैरिफ वार में शामिल हो चुके हैं. उस समय भी अमेरिका के द्वारा टैरिफ लगाए जाने के बाद चीन ने अमेरिकी उत्पादों पर जवाबी टैरिफ लगाया था. इस बार भी वही कहानी दोहराने की आशंका जताई जा रही है.

पहले से ही फायदे में भारत

अमेरिका अभी करीब 26 ट्रिलियन डॉलर की इकोनॉमी के साथ दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है. वहीं चीन करीब 21 ट्रिलियन डॉलर के साथ दूसरे नंबर पर है. दुनिया की दो सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के आपस में टकराने से वैश्विक व्यापार पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है. हालांकि इस विपरीत स्थिति में भारत के लिए नए मौके तैयार हो सकते हैं. अमेरिका पहले से ही चीन पर अपनी निर्भरता को कम करने का प्रयास कर रहा है, जिसके तहत कई अमेरिकी कंपनियों ने हालिया सालों में चीन से अपने मैन्युफैक्चरिंग और प्रोडक्शन बेस को अन्य देशों में शिफ्ट किया है. उनमें से कइयों ने भारत को बेस बनाना शुरू कर दिया है. उदाहरण के लिए सबसे बड़ी स्मार्टफोन व गैजेट कंपनी एप्पल अपने लोकप्रिय आईफोन समेत कई उत्पादों की मैन्यु्फैक्चरिंग भारत में शुरू करा चुकी है और मेड इन इंडिया उत्पादों को अन्य देशों के बाजारों में भी बेच रही है.

इन उत्पादों का बढ़ सकता है निर्यात

एनालिस्ट का कहना है कि ताजे टैरिफ वार से एक्सपोर्ट के मोर्चे पर भारत को खासा फायदा हो सकता है. भारत पहले से मेडिकल अप्लायंसेज एंड एसेसरीज, कृषि उत्पादों, चावल, कपड़े आदि का बड़े पैमाने पर निर्यात कर रहा है. कोविड के बाद के सालों में भारत ने मास्क समेत अन्य मेडिकल अप्लायंसेज की मैन्युफैक्चरिंग तेज की है. चीन के उत्पादों के लिए रास्ते बंद होने के बाद अमेरिका का बाजार भारत के उत्पादों के लिए अधिक अनुकूल बन सकता है.

ये भी पढ़ें: इस छोटे से देश ने कैसे कर ली ज्वालामुखी से अरबों के बिटकॉइन की माइनिंग?

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

बड़ी राहत! चाहे कितना लंबा चले ईरान वॉर, नहीं पड़ेगा कच्चे तेल संकट का असर, भारत की ओर चला क्रूड ऑयल शिप
चाहे कितना लंबा चले ईरान वॉर, नहीं पड़ेगा कच्चे तेल संकट का असर! भारत की ओर चला क्रूड ऑयल शिप
तनाव के बीच कच्चे तेल पर भारत सरकार का बड़ा अपडेट, अभी नहीं बढ़ेंगे पेट्रोल-डीजल और LPG के दाम
तनाव के बीच कच्चे तेल पर भारत सरकार का बड़ा अपडेट, अभी नहीं बढ़ेंगे पेट्रोल-डीजल और LPG के दाम
Stock Market News: US-ईरान तनाव के बीच 900 अंक उछलकर बंद सेंसेक्स, 24750 के स्तर पर पहुंचा निफ्टी, इन शेयरों में तेजी
US-ईरान तनाव के बीच 900 अंक उछलकर बंद सेंसेक्स, 24750 के स्तर पर पहुंचा निफ्टी, इन शेयरों में तेजी
कुकिंग ऑयल से लेकर केसर-पिस्ता तक... ईरान में छिड़े जंग से भारत में महंगी हुई चीजें, आम आदमी की बढ़ी मुश्किलें
कुकिंग ऑयल से लेकर केसर-पिस्ता तक... ईरान में छिड़े जंग से भारत में महंगी हुई चीजें, आम आदमी की बढ़ी मुश्किलें

वीडियोज

UP News: Hathras में भयंकर सड़क हादसा Etah-Aligarh Highway पर स्कॉर्पियो ने बाइक में मारी टक्कर
Chitra Tripathi: बेटे Nishant की लॉन्चिंग के लिए Nitish Kumar ने BJP को सौंपी सत्ता? | JDU | Bihar
Bharat Ki Baat: बिहार में BJP से CM की रेस में कौन आगे, क्या होगा फॉर्मूला? | Nitish Kumar | JDU
Sandeep Chaudhary: बिहार का CM कौन...BJP क्यों है मौन? | Nitish Kumar | Bihar | BJP | JDU
Bihar Politics: दिल्ली में Nitish Kumar..बिहार में BJP? निषाद या महिला कौन होगी मुख्यमंत्री? | JDU

फोटो गैलरी

Petrol Price Today
₹ 94.77 / litre
New Delhi
Diesel Price Today
₹ 87.67 / litre
New Delhi

Source: IOCL

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
'नॉट अवर बिजनेस,' ईरान के युद्धपोत को डुबाने पर कांग्रेस ने सरकार पर उठाए सवाल तो BJP ने दिया जवाब
'नॉट अवर बिजनेस,' ईरान के युद्धपोत को डुबाने पर कांग्रेस ने सरकार पर उठाए सवाल तो BJP ने दिया जवाब
नीतीश कुमार के फैसले से उनके गांव के ही लोग नहीं खुश! कहा- RJD को देंगे समर्थन
नीतीश कुमार के फैसले से उनके गांव के ही लोग नहीं खुश! कहा- RJD को देंगे समर्थन
चीन ही नहीं, भारत को भी मिलेगी राहत... ईरान के ऐलान ने अमेरिका-यूरोप की बढ़ाई टेंशन, अब क्या करेंगे ट्रंप?
चीन ही नहीं, भारत को भी मिलेगी राहत! ईरान के ऐलान ने US-यूरोप की बढ़ाई टेंशन, क्या करेंगे ट्रंप?
ये दो ओवर रहे भारत की जीत के टर्निंग प्वाइंट, वरना इंग्लैंड ने कर दिया था 'खेला'; चेज हो जाते 254 रन
ये दो ओवर रहे भारत की जीत के टर्निंग प्वाइंट, वरना इंग्लैंड चेज कर देता 254 रन
'ये उसका रोज का है' अनुराग डोभाल के वायरल वीडियो पर भाई ने किया रिएक्ट, बोले- 'वो बीवी को मारता था'
'ये उसका रोज का है' अनुराग डोभाल के वायरल वीडियो पर भाई ने किया रिएक्ट, बोले- 'वो बीवी को मारता था'
खामेनेई की मौत के 5 दिन बाद भारत ने जताया दुख, ईरानी दूतावास पहुंचे विदेश सचिव विक्रम मिसरी, लिखा शोक संदेश
खामेनेई की मौत के 5 दिन बाद भारत ने जताया दुख, ईरानी दूतावास पहुंचे विदेश सचिव विक्रम मिसरी, लिखा शोक संदेश
Citroen Basalt Vs Kia Syros: इंजन और फीचर्स के मामले में कौन सी SUV है बेहतर? यहां जानें अंतर
Citroen Basalt Vs Kia Syros: इंजन और फीचर्स के मामले में कौन सी SUV है बेहतर? यहां जानें अंतर
Strait of Hormuz: क्या है स्ट्रेट ऑफ होर्मुज, जानें कैसे मिला था इसे इसका यह नाम?
क्या है स्ट्रेट ऑफ होर्मुज, जानें कैसे मिला था इसे इसका यह नाम?
Embed widget