महिला NRIs के लिए बैंक ऑफ बड़ौदा ने लॉन्च किया स्पेशल सेविंग अकाउंट, जानें इसके क्या है फायदे
Bank of Baroda: बैंक ऑफ बड़ौदा ने महिला एनआरआई के लिए एक स्पेशल सेविंग अकाउंट की पेशकश की है. इसके ढेरों फायदे हैं, जिसका मकसद ग्लोबल इंडियन विमेन को सशक्त बनाना है.

Bank of Baroda: पब्लिक सेक्टर के बैंक ऑफ बड़ौदा (BOB) ने महिला एनआरआई के लिए एक स्पेशल सेविंग अकाउंट को लॉन्च किया है. BoB ग्लोबल वूमेन एनआरई और एनआरओ सेविंग्स अकाउंट के कई सारे फायदे हैं. जैसे कि होम और ऑटो लोन पर कम इंटरेस्ट रेट व प्रॉसेसिंग फीस, लॉकर रेंट पर पूरी छूट, निःशुल्क एयरपोर्ट लाउंज एक्सेस के साथ कस्टमाइज्ड डेबिट कार्ड. इसके अलावा, पर्सनल और एयर एक्सीडेंट इंश्योरेंस कवरेज की भी सुविधा है.
यह है बैंक की इस खास पेशकश का लक्ष्य
बैंक ऑफ बड़ौदा की एक्जीक्यूटिव डायरेक्टर बीना वहीद ने ET के साथ बात करते हुए कहा, बैंक का लक्ष्य दुनियाभर में भारतीय महिलाओं की बदलती जरूरतों को पूरा करना है. उन्होंने कहा, बॉब ग्लोबल वूमेन एनआरई और एनआरओ सेविंग अकाउंट नए जमाने की ग्लोबल इंडियन विमेन की बदलती जरूरतों को पहचानने और उन्हें सशक्त बनाने के लिए डिजाइन किया गया है.
प्रीमियम NRI, NRO सेविंग अकाउंट भी अपग्रेड
महिलाओं के लिए इस खास पेशकश के अलावा, बैंक ने अपने बॉब प्रीमियम एनआरई और एनआरओ बचत खाते को भी अपग्रेड किया है. इस बदलाव में डेबिट कार्ड में ट्रांजैक्शन लिमिट को बढ़ाया गया है. एयरपोर्ट लाउंज का फ्री एक्सेस दिया गया है, डिपॉजिट लॉकर फ्री है, लोन पर इंटरेस्ट रेट भी रियायती है. 20 जुलाई, 1908 को सर महाराजा सयाजीराव गायकवाड़ तृतीय ने बैंक ऑफ बड़ौदा की स्थापना की थी. 17 देशों में फैले इस बैंक के ग्राहकों की संख्या लगभग 165 मिलियन है. नया ग्लोबल एनआरआई बैंकिंग सेगमेंट अपनी स्थिति को मजबूत करने के लिए बैंक की रणनीति का हिस्सा है.
एनआरआई किसे कहते हैं?
भारतीय मूल के ऐसे नागरिक जो दूसरे देशों में काम या पढ़ाई के सिलसिले में रह रहे हैं उन्हें Non Resident Indian या एनआरआई कहा जाता है. कई जगहों पर इन्हें Overseas Indian भी कहते हैं. कई बार लोग हायर स्टडीज के लिए या अच्छी नौकरी की तलाश में या किसी ट्रेनिंग के चलते विदेश जाते हैं और वहीं जाकर बस जाते हैं. इसे इस तरह से भी समझ सकते हैं कि ऐसे नागरिक जो भारत में एक साल में 182 दिनों से भी कम समय रहते हैं उन्हें NRI कहा जाता है. भारत सरकार के India’s Foreign exchange Management act 1990 के तहत बिजनेस, रोजगार या शिक्षा वगैरह के लिए विदेश में बसने वाले भारतीयों को एनआरआई कहा जाता है.
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Source: IOCL






















