8th Pay Commission की तैयारी में तेजी, नियुक्त होंगे कंसल्टेंट, पढ़ें गाइडलाइंस
8th Pay Commission: कंसल्टेंट पदों को अनुभव के आधार पर तीन अलग-अलग कैटेगरी में बांटा गया है. कुल मिलाकर 23 पदों पर नियुक्ति होनी है. आयोग ने इसकी भर्ती के नियमों में बदलाव किया है.

8th Pay Commission: 8वें वेतन आयोग ने सोमवार को कॉन्ट्रैक्ट के आधार पर भरे जाने वाले कंसल्टेंट्स की नियुक्ति के लिए नए नियम घोषित किए. एक ऑफिस मेमोरेंडम में आयोग ने कंसल्टेंट की तीन कैटेगरी के लिए बदली हुई योग्यता, अनुभव की जरूरत, उम्र की सीमा और अधिकतम संख्या के बारे में बताया. यह नोटिफिकेशन आयोग में स्टाफ की जरूरतों से जुड़ा है और इसमें केंद्र सरकार के कर्मचारियों के वेतन या पेंशन में किसी बदलाव की घोषणा नहीं की गई है.
कंसल्टेंट्स के लिए अब क्या हैं नए मानदंड?
आयोग ने कंसल्टेंट्स की तीन कैटेगरी बनाई हैं - सीनियर कंसल्टेंट, कंसल्टेंट और यंग प्रोफेशनल.
सीनियर कंसल्टेंट कैटेगरी के लिए कम से कम 10 साल का संबंधित अनुभव जरूरी है. अधिकतम उम्र सीमा 45 साल है और इस कैटेगरी के तहत ज्यादा से ज्यादा दो कंसल्टेंट नियुक्त किए जा सकते हैं. पहले ये 5 थे, जिनमें अब कटौती की गई है.
कंसल्टेंट कैटेगरी के लिए कम से कम छह साल का संबंधित अनुभव जरूरी है. अधिकतम उम्र सीमा 40 साल है और इस कैटेगरी के तहत ज्यादा से ज्यादा पांच कंसल्टेंट नियुक्त किए जा सकते हैं.
वहीं, यंग प्रोफेशनल कैटेगरी के लिए कम से कम दो साल का संबंधित अनुभव जरूरी है. अधिकतम उम्र सीमा 32 साल है और इस कैटेगरी के तहत ज्यादा से ज्यादा 16 कंसल्टेंट नियुक्त किए जा सकते हैं. पहले इनकी संख्या 10 थी. ऊपर दिए गए सभी तीन कैटेगरीज के लिए उम्र और अनुभव तय करने की कट-ऑफ तारीख 1 अगस्त, 2026 है.
आवश्यक शैक्षणिक योग्यता
ह्यूमन रिसोर्स, इंडस्ट्रियल रिलेशंस या ऐसे ही विषयों में मास्टर या MBA डिग्री वाले उम्मीदवार इन पदों के लिए आवेदन कर सकते हैं. कमीशन ने LL.B करने वाले लॉ ग्रेजुएट को भी इसमें शामिल किया है, जिनके पास लीगल रिसर्च या ट्रिब्यूनल या कोर्ट में सर्विस से जुड़े मामलों को संभालने का अनुभव हो.
इसी के साथ IT, डेटा एनालिसिस और डेटा विज़ुअलाइजेशन में अनुभव रखने वाले B.Tech और M.Tech उम्मीदवार भी योग्य हैं. रिसर्च करने, जानकारी इकट्ठा और व्यवस्थित करने और ड्राफ्ट नोट तैयार करने की क्षमता को वरीयता दी जाएगी. कमीशन ने बताया कि सभी कंसल्टेंट कैटेगरी के लिए एक्सेल या स्प्रेडशीट का इस्तेमाल करने और प्रेजेंटेशन या स्लाइड डेक तैयार करने का अनुभव जरूरी है.
कुछ जरूरी बातें
- चुने गए कंसल्टेंट्स को Full Time सर्विस देनी होगी. अपने कार्यकाल के दौरान वह किसी और संस्थान या असाइनमेंट्स से नहीं जुड़ सकते हैं.
- चूंकि यह नियुक्ति पूरी तरह से कॉन्ट्रैक्ट बेस्ड है, जिसे आयोग द्वारा किसी भी समय बिना कोई कारण बताए समाप्त किया जा सकता है.
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