एक्सप्लोरर

Swarodaya Vigyan: नाक के छिद्रों में छिपा है सफलता का वो गुप्त फॉर्मूला, जिससे आज तक अनजान हैं आप!

Swarodaya Vigyan: स्वर विज्ञान, बिना कठिन तपस्या के केवल सांस की गति और दिशा से बदलें अपनी किस्मत. जानें किस समय कौन सा स्वर चलना है आपके लिए सबसे शुभ.

Swar Vigyan: भागदौड़ भरी जिंदगी में लोग मानसिक शांति और सफलता के लिए तमाम तरह के उपाय खोजते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि प्राचीन भारतीय चिकित्सा और योग पद्धति में एक ऐसा अनूठा उपाय बताया गया है जो पूरी तरह आपकी सांसों पर आधारित है? प्राचीन ग्रंथों में इसे 'स्वरोदय विज्ञान' या 'स्वर विज्ञान' कहा गया है.

स्वर विज्ञान मानव शरीर को पूरी तरह स्वस्थ और ऊर्जावान रखने का एक अत्यंत सरल और प्राकृतिक उपाय है. इसके सबसे अच्छी बात यह है कि इसका लाभ लेने के लिए किसी कठिन गणित, यंत्र-जाप, उपवास या कठिन तपस्या की आवश्यकता नहीं होती. आपको केवल अपनी दैनिक श्वास की गति और दिशा को पहचानना होता है.

नाक के छिद्रों का विज्ञान: क्या हैं सूर्य, चंद्र और सुषुम्ना स्वर?

आमतौर पर हम नाक का उपयोग केवल सांस लेने और गंध पहचानने के लिए करते हैं, लेकिन स्वर शास्त्र इसके सूक्ष्म उपयोगों की व्याख्या करता है. सामान्य अवस्था में हमारी नाक के दोनों छिद्रों से एक साथ बराबर हवा नहीं निकलती, बल्कि एक समय में कोई एक नथुना ज्यादा सक्रिय होता है:

  • चंद्र स्वर (इड़ा नाड़ी): जब नाक के बाएं (Left) छिद्र से श्वास का प्रवाह अधिक हो. इसे ठंडा और शक्ति (पार्वती) का स्वरूप माना जाता है.
  • सूर्य स्वर (पिंगला नाड़ी): जब दाहिने (Right) छिद्र से श्वास बाहर निकलती है. यह पुरुष प्रधान, गर्म और शिव का स्वरूप माना जाता है.
  • सुषुम्ना स्वर: जब दोनों छिद्रों से एक साथ बराबर सांस चल रही हो. इस समय को व्यावहारिक या सांसारिक कार्यों के लिए वर्जित माना गया है, क्योंकि इस दौरान पारलौकिक भावनाएं जागृत होती हैं और यह केवल ईश्वर आराधना या ध्यान के लिए सर्वश्रेष्ठ है.

दैनिक जीवन में व्यावहारिक उपयोग: इन 3 स्थितियों में मिल सकता है लाभ

स्वर विज्ञान के जानकारों और प्राचीन आलेखों के मुताबिक, सांसों के संतुलन को समझकर दैनिक जीवन के कई महत्वपूर्ण कार्यों को बेहतर बनाया जा सकता है:

दिन की सकारात्मक शुरुआत: सुबह सोकर उठते ही सबसे पहले अपनी नासिका का स्वर जांचें. जिस तरफ का स्वर चल रहा हो, बिस्तर से नीचे उतरते समय सबसे पहले वही पैर जमीन पर रखें. मान्यता है कि इससे पूरा दिन अनुकूल बीतता है.

कठिन परिस्थितियों और संवाद में सुधार: यदि आपको किसी क्रोधी व्यक्ति से बात करनी है या कोई जरूरी काम निकलवाना है, तो बातचीत के दौरान उस व्यक्ति को हमेशा अपने उस तरफ रखें जिस तरफ का स्वर सक्रिय हो. स्वर विज्ञान के अनुसार, इससे वार्तालाप का परिणाम आपके पक्ष में आने की संभावना बढ़ जाती है.

थकान और शारीरिक कष्ट से राहत: शरीर में अत्यधिक थकावट होने पर दाईं करवट लेकर लेटने से बायां (चंद्र) स्वर शुरू हो जाता है, जिससे शरीर को तुरंत शीतलता और आराम मिलता है. इसी तरह मामूली सिरदर्द या सर्दी-जुकाम होने पर स्वर बदलने से राहत मिलने की बात कही गई है.

काम है ज़रूरी और स्वर है उल्टा? ऐसे चुटकियों में बदलें स्वर

अगर आपको कोई बहुत आवश्यक कार्य शुरू करना है लेकिन आपका स्वर उसके विपरीत चल रहा है, तो स्वर विज्ञान में इसे बदलने के बेहद आसान उपाय हैं:

  • जिस नथुने से श्वास नहीं आ रही है, उसके विपरीत वाले सक्रिय नथुने को उंगली से दबा लें और बंद वाले नथुने से ही श्वास लेना और छोड़ना शुरू करें. थोड़ी देर में स्वर बदल जाएगा.
  • इसके अलावा, आप जो स्वर चलाना चाहते हैं, उसके दूसरी तरफ की करवट लेकर 10 मिनट के लिए लेट जाएं, नासिका का स्वर तुरंत पलट जाएगा.

स्वर शास्त्र के अनुसार, गंभीर और स्थायी कार्य (जैसे नया व्यापार शुरू करना, गृह प्रवेश, आभूषण या संपत्ति खरीदना, नए वस्त्र पहनना) हमेशा चंद्र स्वर में करने चाहिए. वहीं शारीरिक श्रम, व्यायाम और कठिन कार्य सूर्य स्वर में करने से सबसे अनुकूल परिणाम मिलते हैं.

Jagannath Temple Mahaprasad: भगवान जगन्नाथ के भोग को क्यों कहते हैं 'अबाढ़ा'? नाम के पीछे छिपा है सामाजिक समरसता का यह बड़ा सच

Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.

हर्षिका मिश्रा । धर्म और ज्योतिष पत्रकार

हर्षिका मिश्रा ABP Live में धर्म और ज्योतिष से जुड़े विषयों पर लिखती हैं. उन्हें ज्योतिष के क्षेत्र में तीन वर्षों का अनुभव है. पिछले एक वर्ष से वे धर्म और ज्योतिष की डिजिटल कवरेज पर काम कर रही हैं. उनके लेखन के प्रमुख विषय ग्रह गोचर, राशिफल, व्रत-त्योहार और धार्मिक परंपराएं हैं.

उन्होंने नई दिल्ली स्थित AIMC से टेलीविजन और रेडियो प्रोडक्शन में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है. उनकी पढ़ाई में स्क्रिप्ट लेखन और वीडियो प्रोडक्शन शामिल रहे हैं. वे लेख और वीडियो स्क्रिप्ट के जरिए धर्म व ज्योतिष से जुड़े सवालों को सरल भाषा में समझाती हैं.

वैदिक ज्योतिष, अंक ज्योतिष, वास्तु और शकुन शास्त्र उनके अध्ययन एवं लेखन के विषय हैं. वे नई पीढ़ी के पाठकों के लिए करियर, पढ़ाई और रिश्तों से जुड़े प्रश्नों पर भी लिखती हैं. उनका ध्यान ज्योतिषीय शब्दों का अर्थ और किसी व्याख्या का आधार स्पष्ट करने पर रहता है.

उनका मानना है कि ज्योतिष से जुड़ी जानकारी डर पैदा करने के बजाय सोचने और अपनी परिस्थितियों को समझने में मदद करनी चाहिए. वे ज्योतिषीय आकलनों को संभावित संकेतों के रूप में देखती हैं और व्यक्तिगत प्रयास व जिम्मेदारी को महत्व देती हैं.

श्रीमद्भगवद्गीता का कर्म सिद्धांत उनकी सोच को प्रभावित करता है. पत्रकारिता और ज्योतिष के अलावा उन्हें संगीत, साहित्य और यात्राओं में रुचि है.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

CJP का 'तिरंगा मार्च': क्या मोदी सरकार पर बढ़ेगा दबाव? जानिए ग्रहों के संकेत और जमीनी हकीकत
CJP का 'तिरंगा मार्च': क्या मोदी सरकार पर बढ़ेगा दबाव? जानिए ग्रहों के संकेत और जमीनी हकीकत
नई पार्टी तो बना ली, पर क्या साथ देंगे ग्रह? दिव्या मित्तल के सियासी भविष्य पर चौंकाने वाला खुलासा
क्या राजनीति में चमकेगी दिव्या मित्तल की किस्मत? नई पार्टी के ऐलान पर ग्रहों ने दिया बड़ा इशारा
Surya Gochar 2026: 17 अक्टूबर से तुला में नीच होंगे सूर्य, क्या इन 5 राशियों की बढ़ेंगी मुश्किलें? जानें नीचभंग का नियम
Surya Gochar 2026: 17 अक्टूबर को नीच होंगे सूर्य, 5 राशियों पर असर
Kal Ka Rashifal 16 October 2026: शुक्रवार को शोभन योग से मेष को कानूनी राहत और तुला की होगी नई होम डील! पढ़ें 12 राशियों का भाग्यफल
Kal Ka Rashifal 16 October 2026: शुक्रवार को शोभन योग से मेष को कानूनी राहत और तुला की होगी नई होम डील! पढ़ें 12 राशियों का भाग्यफल

वीडियोज

Jagadhatri:😮Jagadhatri मिशन के लिए तैयार, Shivay ने घर की देवी को सम्मान देकर भेजा मैदान में! #sbs
Bollywood News: कॉफ़ी विद करण का धमाकेदार आगाज, सलमान खान के बेबाक अंदाज ने शो पर लगाया तड़का! (15.10.26)
VIRAL ROBOT: नाबालिग से 'रोबोट' ने की दरिंदगी! धक्का दिया...हैरान कर देगी ये करतूत! |ABPLIVE
सजा-ए-मौत का नीला ड्रम!
CJP को भी 'हाइजैक' कर लेंगे राहुल ?

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
टी पार्टी में राहुल गांधी का बड़ा बयान, बोले- 'डरें नहीं, अगले 10 महीने में...'
टी पार्टी में राहुल गांधी का बड़ा बयान, बोले- 'डरें नहीं, अगले 10 महीने में...'
नीला ड्रम केस: फांसी की सजा सुन साहिल-मुस्कान बेचैन! जेल में कैसी बीती पहली रात?
नीला ड्रम केस: फांसी की सजा सुन साहिल-मुस्कान बेचैन! जेल में कैसी बीती पहली रात?
अंकिता भंडारी केस: जांच पूरी होने तक दुष्यंत गौतम को न दें पदभार, राहुल की राष्ट्रपति को चिट्ठी
अंकिता भंडारी केस: जांच पूरी होने तक दुष्यंत गौतम को न दें पदभार, राहुल की राष्ट्रपति को चिट्ठी
'दृश्यम 3' 500 करोड़ के पार फिर भी 'हनुमान अंश' से रह गई पीछे, जानें 14वें दिन का कलेक्शन
'दृश्यम 3' 500 करोड़ के पार फिर भी 'हनुमान अंश' से रह गई पीछे, जानें 14वें दिन का कलेक्शन
'सचिन-कोहली की तरह वैभव सूर्यवंशी भी...', पूर्व सिलेक्टर के बयान ने चौंकाया
'सचिन-कोहली की तरह वैभव सूर्यवंशी भी...', पूर्व सिलेक्टर के बयान ने चौंकाया
'जरूर सत्ता परिवर्तन होगा, हम सब चाहते हैं कि...', प्रशांत भूषण का बड़ा बयान
'जरूर सत्ता परिवर्तन होगा, हम सब चाहते हैं कि...', प्रशांत भूषण का बड़ा बयान
'बंद करो, दफा हो जाओ...', प्रेस कॉन्फ्रेंस में हंगामा, नेहा बोरा का ऐलान- ये आंदोलन नहीं रुकेगा
'बंद करो, दफा हो जाओ...', प्रेस कॉन्फ्रेंस में हंगामा, नेहा बोरा का ऐलान- ये आंदोलन नहीं रुकेगा
13.38 लाख करोड़ का रिकॉर्ड डायरेक्ट टैक्स: पैसा कहां से आया, कहां गया और आम आदमी को क्या मिला?
13.38 लाख करोड़ का रिकॉर्ड डायरेक्ट टैक्स: जानिए सरकारी खजाने में पैसा कहां से आया, कहां गया
Embed widget