'चोर पकड़ा गया है...', राकेश टिकैत ने चुनाव आयोग पर साधा निशाना
भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत ने चुनाव आयोग पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि अब चोर पकड़ा गया है, वो ख़ुद भी अपनी गैंग में शामिल दूसरे लोगों को नाम बता देगा.

भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने चुनाव आयोग की निष्पक्षता और कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए है. उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का नाम लिए बिना ही तंज कसते हुए कहा कि चोर पकड़ा गया है, अब उसे पकड़ लो वो खुद ही अपनी गैंग में शामिल अन्य लोगों के नाम बता देगा. वहीं उन्होंने चुनाव आयोग पर बीजेपी को फायदा पहुंचाने का भी आरोप लगाया.
राकेश टिकैत महोबा के गल्ला मंडी परिसर में आयोजित विशाल किसान महापंचायत में पहुंचे थे, जहां उन्होंने किसानों के मुद्दों को लेकर बात की. इस दौरान पत्रकारों से बात करते हुए टिकैत ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर जोरदार हमला बोला. उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग बेईमानी कर रहा है और बीजेपी को फायदा पहुंचाने के लिए वोट काटे जा रहे हैं.
'इनके नेता विदेशी, इनके वोटर भी विदेशी..', राहुल गांधी पर बीजेपी नेता का बड़ा हमला
चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर उठाए सवाल
राकेश टिकैत ने इस दौरान चुनाव आयोग की निष्पक्षता और कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाते हुए कहा कि चोर पकड़ा गया है अब उसे पकड़ लो, वह खुद ही अपनी गैंग में शामिल अन्य लोगों के नाम बता देगा. उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग ने फॉर्म-6 में गड़बड़ी की तो वहीं चुनाव हार चुके भाजपा प्रत्याशियों को जिताने का काम किया. समाजवादी पार्टी को वोट देने वाले मुसलमानों और यादवों के वोट चुन-चुनकर काटे जा रहे हैं, जबकि भाजपा समर्थित जातियों के वोटों को छुआ तक नहीं जा रहा.
विरोधी दलों की भूमिका पर उठाए सवाल
विपक्ष की भूमिका पर निशाना साधते हुए टिकैत ने कहा कि देश का विपक्ष डरा हुआ है और डरा हुआ विपक्ष ही देश में तानाशाहों को जन्म देता है. उन्होंने विपक्ष को सलाह दी कि केवल बयानबाजी से काम नहीं चलेगा बल्कि सड़क पर उतरकर हल्ला बोलना होगा. उन्होंने चेताया कि 2027 के विधानसभा चुनाव में बड़े पैमाने पर बेईमानी की तैयारी है और यदि चुनाव ईमानदारी से हुए तो नतीजा कुछ और होगा.
टिकैत ने इस दौरान बुंदेलखंड के विकास और किसानों की बदहाली पर चर्चा की. टिकैत ने मांग की कि बुंदेलखंड को विशेष पैकेज दिया जाए और इसे ऑर्गेनिक स्टेट घोषित किया जाए. उन्होंने कहा कि यहां के खनिज संसाधनों का 40 प्रतिशत हिस्सा स्थानीय जनता और विकास कार्यों पर खर्च होना चाहिए.
कुशीनगर: नारायणी नदी का बांध टूटने से हड़कंप, देर रात भागने को मजबूर हुए लोग





















