पौष पूर्णिमा के मौके पर वाराणसी गंगा घाट पर उमड़ा आस्था का जन सैलाब, श्रद्धालुओं ने किया स्न्नान
आज 13 जनवरी के दिन पौष पूर्णिमा की पवित्र तिथि है. जहां एक तरफ संगम नगरी प्रयागराज में महाकुंभ 2025 की शुरुआत हो रही है, इस तिथि पर काशी में भी स्नान के लिए लाखों श्रद्धालुओं का जन सैलाब उमड़ पड़ा है.

Varanasi News: जहां एक तरफ प्रयागराज में विश्व के सबसे बड़े धार्मिक आयोजन महाकुंभ की शुरुआत हो गई, वहीं दूसरी तरफ धर्म नगरी काशी में भी पौष पूर्णिमा के दिन आस्था का जन सैलाब उमड़ पड़ा है. ब्रह्म मुहूर्त के पहले ही लोग गंगा घाट पर पहुंच गए और स्नान के बाद उन्होंने घाट पर मां गंगा का पूजन कर साथ में दान भी किया. सुबह 9:00 तक वाराणसी के गंगा घाट पर लाखों लोगों ने आस्था की डुबकी लगा ली है.
आज 13 जनवरी के दिन पौष पूर्णिमा की पवित्र तिथि है. जहां एक तरफ संगम नगरी प्रयागराज में महाकुंभ 2025 की शुरुआत हो रही है, वहीं इस तिथि पर काशी में भी स्नान के लिए लाखों श्रद्धालुओं का जन सैलाब उमड़ पड़ा है. काशी के दशास्वमेध घाट, राजेंद्र प्रसाद घाट, तुलसी घाट पर श्रद्धालु ब्रह्म मुहूर्त के पहले ही पहुंच गए. जहां उन्होंने विधि विधान से स्नान पूजन कर लोगों को दान भी दिया. मान्यता है कि इस दिन स्नान दान करने से भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी का आशीर्वाद प्राप्त होता है. वैभव सुख समृद्धि की प्राप्ति होती है. इस दौरान न सिर्फ वाराणसी के शहरी-ग्रामीण क्षेत्र से बल्कि आसपास के जनपद गाजीपुर, जौनपुर, बलिया, चंदौली से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु गंगा घाट पर पहुंचे.
गंगा घाट पर स्नान तिथि को देखते हुए चाक चौबंद रही व्यवस्था
13 और 14 जनवरी को काशी के गंगा घाट पर लाखों की संख्या में लोग स्नान पूजन के लिए पहुंचेंगे. ऐसे में आज पौष पूर्णिमा 13 जनवरी के दिन पुलिस प्रशासन, जल पुलिस की तरफ से व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखा गया है. गदौलिया से गंगा घाट की तरफ किसी भी वाहन को ले जाने की अनुमति नहीं है. इसके अलावा जल पुलिस की तरफ से भी लोगों को अलग-अलग दिशा निर्देश के साथ सतर्क किया जा रहा है. वहीं अब 14 जनवरी मकर संक्रांति के दिन भी भारी संख्या में श्रद्धालु वाराणसी के गंगा घाट पर पहुंचेंगे.
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