अलीगढ़ में बारिश ने बढ़ाई किसानों की टेंशन, धान की फसल खराब, आलू बुवाई में हो रही देरी
UP News: किसानों ने कहा है कि बारिश के कारण धान की फसल खराब हो चुकी है, अब आलू की बुवाई में भी देरी हो रही है. किसानों ने सरकार से मदद की गुहार लगाई है.

अलीगढ़ में चंद दिनों पहले आई बाढ़ ने किसानों की फसलों को बर्बाद कर दिया था, शासन ने इस पर मरहम लगाने के लिए मुआवजे का ऐलान किया था. मगर, दुर्भाग्य यह है कि अभी तक किसानों को मुआवजे की राशि मिल सकी. अभी किसान बाढ़ का दंश भूले भी नहीं थे कि अब आसमान से हुई आफत की बारिश ने सड़क पर ला दिया है.
जिले में किसानों का आलम यह है कि चंद घंटे में धान की फसल बर्बाद हो चुकी है. साथ ही आलू की फसल पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं. किसानों का कहना है कि अगर यह बारिश चंद घंटे और आ जाए तो उनकी फसल भी काफी समय तक लेट हो जाएगी, जिसका खामियाजा किसानों को भारी पड़ सकता है.
अब तक आलू की बुवाई का काम हो जाता है पूरा
किसानों ने बताया कि इस समय में आलू की बुवाई का काम पूरा हो जाता है लेकिन धान की फसल खेत से न हट पाने के कारण आलू की बुवाई नहीं हो पाई.आज अलीगढ़ में कई घंटे तक हुई बारिश के कारण धान की कटी हुई फसल पूरे तरीके से खराब हो चुकी है. अब इसके लिए कम से कम 10 दिन धूप मिलना जरूरी है, जिससे धान की फसल सूखेगी, तब कहीं जाकर खेत की जुताई होगी और फिर आलू की बुवाई, लेकिन यह समय लेट होने के चलते किसान परेशान है.
सरकार से की मुआवजे की मांग
किसान ज्ञान प्रकाश सिंह ने कहा कि किसानो की हजारों बीघा फसल काफी हद तक पहले बर्बाद हो चुकी थी, बची हुई फसल अब बारिश के कारण बर्बाद होने वाली है. किसान ने कहा कि सरकार से किसानों को उचित मदद मिलना जरूरी है, इससे उनके जख्मों पर मरहम लगाने का काम हो सकता है. सरकार और प्रशासन की तरफ से मुआवजा दिया जाना चाहिए, ताकि जो किसान लोन लेकर बुवाई कर चुके हैं, उसका कर्ज अदा कर सके.
फिलहाल किसानों का यह कहना है कि सरकार अगर उन्हें सही समय पर सही मदद कर दे तो किसान फुटपाथ पर आने की कगार से बच सकते हैं. फिलहाल किसानों को सरकार से मदद की आस है. अब देखना होगा कि सरकार की तरफ से कब तक किसानों को मदद पहुंचाई जाती है.
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