Rajasthan Election: राजस्थान कांग्रेस में इतने विधायकों-मंत्रियों का टिकट कटना तय? सामने आई बड़ी जानकारी
Rajasthan Election 2023: विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस में टिकट बंटवारे को लेकर बड़ा उलटफेर देखने को मिल सकता है. सूत्रों के मुताबिक पार्टी के कई बड़े विधायकों और मंत्रियों का टिकट काटा जा सकता है.

Rajasthan Election 2023: इस साल के अंत में राजस्थान में होने वाले महत्वपूर्ण विधानसभा चुनाव (Assembly Election) से पहले कांग्रेस (Congress) पांच से आठ मंत्रियों सहित, अपने कई मौजूदा विधायकों को टिकट से वंचित रखने की योजना बना रही है. सत्ताधारी पार्टी इस चुनाव में 60 नए चेहरे उतार सकती है. सूत्रों ने सोमवार (14 अगस्त) को यह जानकारी दी.
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस ने इस साल के अंत में होने वाले चुनावों में कम से कम पांच से आठ मंत्रियों सहित कम से कम 35 विधायकों को हटाने का फैसला किया है. सूत्र ने कहा कि पार्टी कुछ मशहूर हस्तियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और कुछ प्रमुख पुरस्कार विजेताओं को चुनाव में उतारने पर भी विचार कर रही है. आगे बताया गया है कि यह फैसला पार्टी द्वारा एक महीने पहले कराए गए सर्वे के मद्देनजर लिया जा रहा है.
कांग्रेस दे सकती है 60 नए चेहरों को मौका
पार्टी ने मौजूदा विधायकों और मंत्रियों के खिलाफ सत्ता विरोधी लहर का हवाला देते हुए, इस साल के अंत में होने वाले चुनाव में 60 नए चेहरों को मैदान में उतारने का फैसला किया है. सूत्र ने आगे कहा कि कुछ वरिष्ठ मंत्रियों को अगले साल होने वाले लोकसभा चुनावों में मैदान में उतारा जा सकता है, क्योंकि उनमें अपनी लोकप्रियता और अपने निर्वाचन क्षेत्रों में किए गए कार्यों का हवाला देते हुए बीजेपी से मुकाबला करने की क्षमता है.
टिकट से वंचित विधायकों को यहां दी जायेगी जगह- सूत्र
सूत्र ने हालांकि यह भी कहा कि जिन विधायकों को इस साल के अंत में विधानसभा चुनाव लड़ने के लिए टिकट से वंचित किया जाएगा, उनमें से कुछ को सरकार के सत्ता में लौटने पर बोर्ड या स्थानीय नगर निकायों में रखा जाएगा. सूत्र से जब पूछा गया कि पूर्व उपमुख्यमंत्री और पूर्व राज्य इकाई प्रमुख सचिन पायलट से लेकर पार्टी के कितने विधायकों पर टिकट कटने की तलवार लटकेगी, तो उन्होंने कहा कि कम से कम 18 ऐसे नेता हैं. महत्वपूर्ण विधानसभा चुनाव इस साल के अंत में नवंबर महीने में होने हैं.
सीएम गहलोत लगातार कर रहे हैं घोषणाएं
अशोक गहलोत के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार रेगिस्तानी राज्य में वैकल्पिक सरकार की परंपरा को तोड़ने के लिए मतदाताओं को लुभाने के लिए राज्य में कई योजनाएं शुरू कर रही है. कांग्रेस ने पिछले महीने पार्टी प्रमुख मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी के साथ पार्टी नेताओं की बैठक के दौरान, राज्य में विधानसभा चुनाव से कम से कम दो महीने पहले पार्टी उम्मीदवारों की घोषणा करने का फैसला किया था. पार्टी ने चुनाव समिति का भी गठन कर दिया है. इन सबके बीच बीजेपी राज्य की सत्ता में वापसी ऐड़ी चोटी का जोर लगा रही है.
























