मुंबई में ‘बाबा बंगाली’ का फर्जी खेल बेनकाब, रेलवे पुलिस की छापेमारी में हुआ गिरफ्तार
Mumbai News: मुंबई में सेंट्रल और वेस्टर्न रेलवे की टीम ने फर्जी ‘बाबा बंगाली’ के खिलाफ छापा मारकर 15 हजार प्रचार पोस्टर जब्त किए. आरोपी को गिरफ्तार कर मामला दर्ज किया गया है.

मुंबई में 17 फरवरी को रेलवे प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कथित फर्जी “बाबा बंगाली” के खिलाफ छापा मारा. यह कार्रवाई सेंट्रल रेलवे (CR) और वेस्टर्न रेलवे (WR) की संयुक्त टीम ने की. दोनों विभागों की टीम ने रे रोड इलाके में मीरा अली दरगाह, दरुखाना परिसर में दबिश दी. बताया जा रहा है कि यह पूरी कार्रवाई मुखबिर से मिली पुख्ता सूचना के आधार पर की गई थी.
आईटी सेल और रेलवे सुरक्षा बल भी रहे शामिल
इस संयुक्त टीम में आईटी सेल, मुंबई के SIPF जी.के. राय, एएसआई पी.के. मिश्रा (CR), SIPF एस.के. सोनी और WR स्टाफ के अन्य कर्मचारी शामिल थे. टीम को सूचना मिली थी कि रेलवे परिसर में बड़े पैमाने पर बिना अनुमति पोस्टर चिपकाए जा रहे हैं और इसके पीछे कथित ‘बाबा बंगाली’ का हाथ है.
15 हजार प्रचार पोस्टर बरामद
छापेमारी के दौरान एमडी नाजिर अंदारी, पिता एमडी रजुल को मौके से गिरफ्तार किया गया. उसके कब्जे से करीब 15,000 प्रचार पोस्टर बरामद किए गए. ये पोस्टर रेलवे स्टेशन, कोच और आसपास के इलाकों में चिपकाने के लिए छपवाए गए थे. पोस्टरों के जरिए तंत्र-मंत्र और झाड़-फूंक जैसी सेवाओं का प्रचार किया जा रहा था.
बिना अनुमति चल रहा था प्रचार
पूछताछ में आरोपी ने माना कि उसने रेलवे प्रशासन से कोई अनुमति नहीं ली थी. इसके बावजूद वह अपने व्यवसाय के प्रचार के लिए रेलवे परिसर में पोस्टर लगवा रहा था. रेलवे अधिकारियों का कहना है कि इस तरह की गतिविधियां न सिर्फ नियमों का उल्लंघन हैं, बल्कि यात्रियों को गुमराह भी करती हैं.
कई धाराओं में मामला दर्ज
इस मामले में वडाला में रेलवे अधिनियम की धारा 144, 145(बी), 147 और 166 के तहत केस दर्ज किया गया है. अधिकारियों के मुताबिक जांच अभी जारी है. पोस्टर छापने वाली एजेंसी, पैसे के लेन-देन और पोस्टर लगाने वाले अन्य लोगों की पहचान की जा रही है. रेलवे प्रशासन ने साफ कहा है कि भविष्य में भी ऐसे फर्जी प्रचार के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी.

























