CM नायब सिंह सैनी ने निहंग सिखों से की मुलाकात, 1984 के दंगा पीड़ितों के लिए किया बड़ा ऐलान
Haryana News: मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने निहंग सिखों के योगदान को नमन किया. 1984 दंगा पीड़ितों को नौकरी देने की घोषणा की और राष्ट्र निर्माण में उनकी भूमिका को अहम बताया.

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने निहंग सिंह संप्रदाय से मुलाकात कर संत कबीर कुटीर में उनका गर्मजोशी से स्वागत किया. इस दौरान मुख्यमंत्री ने निहंग सिख समुदाय की वीर परंपरा, त्याग और राष्ट्र व धर्म रक्षा में उनके ऐतिहासिक योगदान को नमन किया.
मुख्यमंत्री ने 25 नवंबर को आयोजित हुए 350वें शहीदी समागम के लिए निहंग सिखों का आभार जताया और इसे सिख इतिहास व बलिदान की स्मृति को सशक्त करने वाला आयोजन बताया.
चंडीगढ़ के 'संत कबीर कुटीर' पर निहंग सिख समुदाय के चरण पड़े यह मेरे लिए सौभाग्य की बात है और उनका स्वागत करना गौरव का विषय है।
— Nayab Saini (@NayabSainiBJP) January 3, 2026
25 नवंबर को आयोजित 350वें शहीदी समागम के लिए निहंग सिखों द्वारा साधुवाद मेरे लिए सम्मान की बात है।
गुरु साहिबान की धरती पंजाब की आज की स्थिति देख कर… pic.twitter.com/Wn8NXPnoNI
धर्म की रक्षा के लिए हमेशा तैयार रहते है निहंग सिख- नायब सिंह सैनी
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए निहंग सिखों और सिख समाज के योगदान की सराहना की. अपने भाषण की शुरुआत उन्होंने 'जो बोले सो निहाल, सतश्री अकाल' के जयकारे से की. मुख्यमंत्री ने कहा कि निहंग सिख निर्भीक संत-सिपाही हैं, जो शस्त्रों से सुसज्जित होकर गुरु गोविंद सिंह जी की अकाल सेना के रूप में धर्म की रक्षा करते आए हैं. उन्होंने कहा कि निहंगों का आशीर्वाद उनके लिए अमृत के समान है और यह उनके जीवन की बड़ी खुशी है.
दंगों में प्रभावित परिवार के सदस्य को दी जाएगी नौकरी- मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने 1984 के सिख विरोधी दंगों का जिक्र करते हुए कहा कि हरियाणा सरकार ने पीड़ित परिवारों के लिए बड़ा फैसला लिया है. उन्होंने बताया कि विधानसभा में निर्णय लिया गया है कि 1984 के दंगों में जिन परिवारों ने अपने मुखिया को खोया था, ऐसे 121 परिवारों को चिन्हित कर प्रत्येक परिवार को एक सरकारी नौकरी दी जाएगी.
जहां-जहां निहंग सिख खड़े हैं वहां जरूर हुआ परिवर्तन- मुख्यमंत्री
उन्होंने 24 दिसंबर को वीर बाल दिवस के अवसर पर पंचकूला में हुए बड़े कार्यक्रम का भी उल्लेख किया, जिसमें केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह शामिल हुए थे. मुख्यमंत्री ने कहा कि उस कार्यक्रम में सिख इतिहास, वीरता और बलिदान को याद करते हुए एक प्रेरणादायक संदेश दिया गया. मुख्यमंत्री ने चिंता जताई कि कभी हंसता-खेलता, उत्सवों और समृद्धि से भरा पंजाब आज अपने गौरव से कुछ दूर होता दिखाई दे रहा है. उन्होंने कहा कि इतिहास गवाह है कि जहां-जहां निहंग सिख खड़े हुए हैं, वहां परिवर्तन जरूर हुआ है. आज देश को फिर से उसी निर्भीक आवाज, निष्ठा और संकल्प की जरूरत है.
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Source: IOCL





















