Chhattisgarh: 'उनकी सुरक्षा को...', नेपाल में फंसे छत्तीसगढ़ के लोगों पर क्या बोले सीएम विष्णुदेव साय?
Chhattisgarh News: CM विष्णुदेव साय ने नेपाल में फंसे राज्य के लोगों की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई और उनकी वापसी के लिए तत्काल कदम उठाने के निर्देश दिए. नेपाल में जेन-Z आंदोलन के चलते कर्फ्यू का माहौल है.

नेपाल में फैले हिंसक जेन-Z आंदोलन और बिगड़े हालात के बीच छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने वहां फंसे राज्य के नागरिकों पर गहरी चिंता जताई है. सीएम ने एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि उनकी सरकार हर नागरिक की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और भारत सरकार के अधिकारियों के साथ मिलकर तुरंत कार्रवाई कर रही है.
हाल के दिनों में नेपाल में सोशल मीडिया बैन के खिलाफ शुरू हुआ जेन-Z आंदोलन अब बड़े पैमाने पर हिंसा में बदल चुका है. संसद भवन, राष्ट्रपति भवन और सरकारी दफ्तरों पर पत्थरबाजी और आगजनी के निशान हैं. राजधानी काठमांडू से लेकर पश्चिमी नेपाल तक हिंसा और अराजकता का माहौल है. इस आंदोलन ने नेपाल सरकार को गिरा दिया, जिससे देश में राजनीतिक संकट गहराता जा रहा है.
छत्तीसगढ़ सरकार की सक्रियता
सीएम विष्णुदेव साय ने अपने आधिकारिक बयान में कहा, “मुझे जानकारी मिली है कि छत्तीसगढ़ के कुछ पर्यटक इस समय नेपाल में हैं. उनकी सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए मैंने संबंधित अधिकारियों को तुरंत आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए हैं.”
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार भारत सरकार के अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क में है, ताकि सभी नागरिकों की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित हो सके. मुख्यमंत्री ने दोहराया कि इस कठिन समय में उनकी सरकार हर नागरिक की सहायता के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है.
मुझे जानकारी प्राप्त हुई है कि छत्तीसगढ़ के कुछ पर्यटक इस समय नेपाल में हैं। उनकी सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए मैंने संबंधित अधिकारियों को तुरंत आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए हैं तथा भारत सरकार के अधिकारियों के साथ मिलकर उनकी सकुशल वापसी सुनिश्चित करने के प्रयास किए…
— Vishnu Deo Sai (@vishnudsai) September 10, 2025
नेपाल में सुरक्षा हालात और सेना का बयान
नेपाल आर्मी ने ताजा बयान जारी कर कहा कि काठमांडू, ललितपुर और भक्तपुर में कर्फ्यू और कई तरह के प्रतिबंध लागू रहेंगे. केवल जरूरी सेवाओं, सरकारी कर्मचारियों और वैध फ्लाइट टिकट वाले यात्रियों को आने-जाने की छूट दी जाएगी.
इस दौरान एम्बुलेंस, फायर ब्रिगेड, शव वाहन, हेल्थ वर्कर, पुलिस और मीडिया से जुड़ी गाड़ियां चलने की अनुमति होगी. इन सख्त सुरक्षा इंतज़ामों के बीच छत्तीसगढ़ सरकार उम्मीद कर रही है कि जल्द ही वहां फंसे नागरिक सकुशल भारत लौट आएंगे.
Source: IOCL






















