नीतीश कुमार के दिल्ली जाने के बीच तेजस्वी यादव ने कर दी ये अपील, युवाओं से जुड़ा है मामला
Tejashwi Yadav News: तेजस्वी ने कहा कि उन्होंने उपमुख्यमंत्री रहते हुए 17 महीने में पांच लाख युवाओं को नौकरियां दी. आज डबल इंजन सरकार बार-बार अकारण परीक्षा टालकर युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ कर रही है.

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार कल (शुक्रवार) राज्यसभा की सदस्यता लेंगे. इस बीच नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने एनडीए सरकार से बड़ी अपील कर दी है. पूरा मामला युवाओं के हित से जुड़ा है. रोजगार से जुड़ा है. शिक्षक भर्ती से जुड़ा है. तेजस्वी यादव ने गुरुवार (09 अप्रैल, 2026) को अपने एक्स हैंडल से पोस्ट किया है.
तेजस्वी यादव ने कहा कि 17 महीनों की महागठबंधन सरकार में मेरी विशेष पहल पर शिक्षा विभाग को आरजेडी कोटे में लेकर सर्वप्रथम युद्ध स्तर पर शिक्षा विभाग में टीआरई-1 और टीआरई-2 के अंतर्गत निर्धारित समय सीमा के अंदर बिना किसी पेपरलीक, संपूर्ण पारदर्शिता के साथ रिकॉर्ड 2,20,000 से अधिक अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र देकर ज्वाइनिंग कराई. हमने टीआरई-3 की भी नियुक्ति प्रक्रियाधीन कराई लेकिन जनवरी 2024 में हमारे सरकार से हटते ही पेपरलीक के कारण टीआरई-3 को रद्द किया गया और फिर यह परीक्षा भी विलंब से हुई.
'अब तक टीआरई-4 की वैकेंसी तक जारी नहीं हुई'
सरकार को घेरते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि चुनावी साल (2025) में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने लिखा-लिखाया ट्वीट चिपकाकर युवाओं से वादा किया था कि बिहार में सरकारी विद्यालयों में शिक्षकों की रिक्तियों की गणना कर जल्द ही टीआरई-4 का आयोजन होगा. आज उस घोषणा को लगभग एक वर्ष बीत चुका हैं लेकिन अब तक टीआरई-4 की वैकेंसी तक जारी नहीं हुई है.
उन्होंने कहा कि बीपीएससी कैलेंडर के अनुसार यह परीक्षा अगस्त 2024 में ही हो जानी चाहिए थी, लेकिन चुनाव आयोग, तंत्र और 10 हजारिया की बदौलत सत्ता हड़पने वाली कुर्सीबाज बीजेपी-जेडीयू सरकार युवाओं की जरूरत को कभी समझ ही नहीं पाई. फिर साल 2025 के अक्टूबर में परीक्षा कराने की बात कही गई, ताकि चुनावी आचार संहिता लागू होते ही परीक्षा टल जाए, ऐसा ही हुआ. चुनाव हो गए, सरकार बन गई, महीनों बीत गए लेकिन आज भी शिक्षक अभ्यर्थी इंतजार ही कर रहे हैं.
पार हो रही अभ्यर्थियों की आयु सीमा: तेजस्वी यादव
तेजस्वी ने कहा कि उन्होंने उपमुख्यमंत्री रहते हुए 17 महीने में पांच लाख युवाओं को नौकरियां दी. 3,50,000 से अधिक नौकरियों की प्रक्रिया शुरू करवाई, लेकिन आज की डबल इंजन सरकार बार-बार अकारण परीक्षा टालकर बहाना बनाकर युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ कर रही है. अभ्यर्थियों की आयु सीमा पार हो रही है, उनका धैर्य जवाब दे रहा है. हर युवा नौकरी पाकर अपने परिवार की जिम्मेदारी उठाना चाहता है, अपने परिजनों के सपनों को पूरा करना चाहता है.
आरजेडी नेता ने कहा, "मेरी एनडीए सरकार से अपील है कि टीआरई-4 की वैकेंसी अविलंब जारी की जाए. क्योंकि यह लाखों युवाओं के भविष्य और उनके परिवार की उम्मीदों का मामला है. मेरी अपील है कि कुर्सी की अदला-बदली में बीजेपी-जेडीयू सरकार बिहार के लाखों युवाओं के हक-अधिकार, मांगों, आकांक्षाओं, उम्मीदों और सपनों का कत्ल ना करे."
Source: IOCL























