'बाहुबल' की नीति के आसरे नहीं सुलझाया जा सकता कश्मीर मसला: चिदंबरम

नई दिल्ली: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी चिदंबरम का कहना है 'बाहुबल' की नीति से जम्मू-कश्मीर का मसला नहीं सुलझाया जा सकता. उन्होंने कहा कि सारी सरकारों ने ज्यादा सैनिकों की तैनाती करके और प्रदर्शनकारियों को मौत की घाट उतारकर इस समस्या से निपटने की कोशिश की है.
पूर्व केंद्रीय गृह मंत्री ने ट्विटर पर लिखा, ‘‘जम्मू-कश्मीर की हर सरकार और केंद्र की हर सरकार ज्यादा चेतावनियों, ज्यादा सैनिकों और ज्यादा कानूनों के जरिए इस चुनौती से निपटने की कोशिश की है.’’
चिदंबरम ने लिखा, बाहुबल वाली नीति से कोई फायदा नहीं होने वाला. उनका कहना है कि मंत्रियों के सख्त बयान, थलसेना प्रमुख की नतीजे भुगतने की चेतावनी, ज्यादा सैनिकों की तैनाती या प्रदर्शनकारियों को मारकर आप कश्मीर की समस्या को नहीं सुलझा सकते.
1/2 Every government in J&K and every government at the Centre has responded to the challenge with more warnings, more troops and more laws
— P. Chidambaram (@PChidambaram_IN) April 16, 2017
2/2 A muscular policy will not help - tough talk by ministers, dire warnings by the Army Chief, deploying more troops or killing protesters — P. Chidambaram (@PChidambaram_IN) April 16, 2017
इससे पहले कांग्रेस महासचिव दिग्विजय सिंह ने कहा कि आतंकवादियों और सुरक्षा बलों दोनों तरफ से मारे जा रहे कश्मीर के लोगों का दिल जीतना जरूरी है. उन्होंने कहा कि पिछले कुछ समय में हालात बिगड़े हैं.
साथ ही दिग्विजय सिंह ने दावा किया कि कांग्रेस की पिछली सरकार के वक्त हालात सामान्य हुए थे, लेकिन पीडीपी-भाजपा की मौजूदा सरकार के दौरान हालात बिगड़े हैं.
Source: IOCL























