ज्ञानेश कुमार के खिलाफ अभिजीत दीपके का बड़ा ऐलान, 'जंतर-मंतर पर बैठेंगे और...'
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके ने कहा कि जब तक मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार अपने पद से इस्तीफा नहीं देंगे, तब तक हमारा विरोध जारी रहेगा.

मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार और एसआईआर को लेकर जारी विवाद के बीच कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) शुक्रवार को मुंबई में आंदोलन शुरू करेगी. गुरुवार को सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने मुंबई में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि देशभर में आंदोलन करेंगे. जंतर-मंतर पर बैठेंगे और जब तक ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा नहीं होता, तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा. ज्ञानेश कुमार गद्दार हैं.
उन्होंने कहा, ''हमारी मांग है कि 2025 की SIR की सूची फ्रीज की जाए. जो भी चुनाव अधिकारी नियुक्त हो, वह पारदर्शी होना चाहिए. जिन 13 करोड़ मतदाताओं के नाम डिलीट किए गए हैं, उन सभी को सड़कों पर उतारेंगे.''
हमारी तीन मांगे हैं- अभिजीत दीपके
दीपके ने कहा, ''CEC ज्ञानेश कुमार को इस्तीफा देना चाहिए और उन पर आपराधिक मामले में केस दर्ज होना चाहिए. CEC की नियुक्ति पारदर्शी होनी चाहिए, इसमें सिविल सोसाइटी की भागीदारी होनी चाहिए.''
दीपके ने कहा, ''हम इस्तीफे के लिए शिवाजी पार्क के गेट नंबर 6 पर जुटेंगे. हम लोगों से अपील करते हैं कि ज्यादा से ज्यादा लोग इसमें भाग लें. लोकतंत्र को बचाने के लिए ये आंदोलन है. हमारी ती मांगें हैं. उन पर आपराधिक आरोप लगाए जाएं, SIR को रोका जाए, 2025 की वोटर लिस्ट का इस्तेमाल करके चुनाव कराए जाएं और एक स्वतंत्र संस्था नए CEC को चुने. चीफ जस्टिस पहले शामिल थे, लेकिन अब उन्होंने उसे भी चेंज कर दिया. ऐसे नहीं चल सकता है.''
🚨 NATIONWIDE PROTEST
— Cockroach Janta Party - CJP (@Cockroachisback) October 1, 2026
CJP’s nationwide agitation demanding the resignation of CEC Gyanesh Kumar begins tomorrow, 2nd October, in Mumbai.
We urge everyone to join the protest and raise their voice to #SaveDemocracy. pic.twitter.com/c6957Sqwgw
चुनाव आयोग और एसआईआर पर 23 सितंबर को इंडियन एक्सप्रेस अखबार के खुलासे के बाद सीजेपी ने ज्ञानेश कुमार के खिलाफ मुंबई में आंदोलन का ऐलान किया था. हालांकि मुंबई पुलिस ने आजाद मैदान में आंदोलन की अनुमति नहीं दी है. ये फैसला दिशानिर्देश के मुताबिक है.
बता दें कि सीजेपी के नेतृत्व में नीट पेपर लीक के खिलाफ दिल्ली के जंतर मंतर पर प्रदर्शन हुआ था. इसके बाद केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना पड़ा. इसी के बाद से सीजेपी लगातार देश में अलग अलग मुद्दों को उठा रही है.



















