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Mosquito and Soap: कहीं आपके साबुन की खुशबू तो नहीं है मच्छर ज्यादा काटने की वजह, जाने क्या है इसका कारण

एक अध्ययन में ये बात सामने आइ है कि मच्छर सिर्फ ब्लड ग्रुप टाइप से ही आकर्षित नहीं होते हैं बल्कि आप जो साबुन इस्तेमाल करते हैं उसकी सुगंध भी मच्छर को आकर्षित कर सकती है.

बारिश के मौसम में मच्छर जनित रोगों का खतरा काफी तेजी से बढ़ जाता है. इसी कारण बारिश के मौसम में डेंगू-चिकनगुनिया और मलेरिया जैसी बीमारियों का खतरा भी अधिक रहता है. लेकिन ये बात भी सत्य है कि सिर्फ बारिश के ही मौसम में नहीं बल्कि हर मौसम में मच्छरों से बचाव किया जाना बहुत ही जरूरी होता है क्योंकि मलेरिया जैसी बीमारियों का खतरा पूरे साल बना रहता है. ऐसे में साफ-सफाई का ध्यान रखना और रात में सोते समय मच्छरदानी का इस्तेमाल करना सबसे फायदेमंद हो सकता है. 

लेकिन क्या आप इस बात से वाकिफ हैं कि मच्छर आपको कुछ कारणों की वजह से अधिक काट सकते हैं? हाल ही में हुए एक अध्ययन में ये बात सामने आइ है कि मच्छर सिर्फ ब्लड ग्रुप टाइप से ही आकर्षित नहीं होते हैं बल्कि आप जो साबुन इस्तेमाल करते हैं उसकी सुगंध भी मच्छर को आकर्षित कर सकते हैं. इसका मतलब ये की मच्छर कुछ साबुन के प्रति अधिक आकर्षित होते हैं. 

फल और फूल की खुशबू से होते हैं अधिक आकर्षित 

मच्छर किस सुगंध से ज्यादा आकर्षित होते हैं इस बात का पता लगाने के लिए वर्जीनिया के शोधकर्ताओं ने चार साबुन को इग्जामिन किया और स्पष्ट रुप से पाया कि मच्छर फल-फूल वाले सुगंधित साबुन के प्रति ज्यादा आकर्षित होते हैं और जिसमें नारियल की खुशबू रहती है उसे नापसंद करते हैं. साबुन की खुशबू इंसान के प्राकृतिक गंध के साथ कैसे इंटरेक्ट करती है यह इस बात पर भी निर्भर करता है. 

क्या कहता है शोध?

पहले हमें इस बात को समझना जरूरी है कि किसी भी इंसान के शरीर से आने वाली गंध का लगभग 60 % हिस्सा उसके इस्तेमाल किए हुए साबून के कारण होता है और शेष बचे 40% शरीर की प्राकृतिक गंध होती है. इसी बात को ध्यान में रखते हुए जर्नल आईसाइंस में प्रकाशित अध्ययन के लिए शोधकर्ताओं नें US में लगभग 53% लोगों के पसंदीदा साबुनों पर शोध किया. चार प्रतिभागियों ने अलग-अलग ब्रांड के साबुन का इस्तेमाल किया और उनसे आने वाली खुशबू को उपकरणों के माध्यम से एक कंटेनर में कलेक्ट करके उसे जार में बंद मच्छरों के बीच छोड़ दिया. 

नारियल साबुन हो सकते हैं मच्छर रोधी

इस रिसर्च में शोधकर्ताओं ने बताया कि जिन साबुनों में फल या फूल की सुगंध थी उस जार के मच्छर अधिक सक्रिय थे उनमें दूसरे जार के मुकाबले ज्यादा मूवमेंट थे. जबकि जिस जार में नारियल की खुशबू वाला साबुन था उसके मच्छर शांत थे उन्होनें अधिक प्रतिक्रिया नहीं दी. इस बेसिस पर शोधकर्ताओं ने सुझाव दिया कि नारियल की खुशबू वाले साबुन को मच्छरों से बचाव के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है. 

मच्छर काटने के निशान को हटाने के लिए अपनाए ये घरेलू उपाय

1. नींबू के छिलके से स्क्रब करना काफी असरदार हो सकता है. नींबू का छिलका नेचुरल स्किन लाइटनर होता है. आप एक चम्मच नींबू के छिलके का पाउडर लें और उसमें पिसी हुइ चीनी मिक्स कर लें. इसे हर दिन नहाने से पहले इस्तेमाल करें. 

2. प्याज का रस सिर्फ बालों के लिए ही नहीं बल्कि स्किन पर हुए दाग-धब्बों को हटाने के लिए भी सहायक है. इसमें प्याज का रस निकालना जरूरी नहीं है आप चाहें तो प्याज को दो हिस्सों में काट कर इसे प्रभावित जगह पर इस्तेमाल कर सकते हैं.

3. एप्पल साइडर विनेगर को टोनर के रुप में भी इस्तेमाल किया जा सकता है. इससे स्किन पर मच्छर काटने के निशान को हटाया जा सकता है. टोनर बनाने के लिए आपको बस एक कप एप्पल साइडर विनेगर में दो कप पानी मिक्स करना है. इसे इस्तेमाल करने के लिए रोज रात में सोने से पहले कॉटन पर टोनर लगा कर प्रभावित जगह पर लगा लें. 

4. एलोवेरा जेल भी निशान हटाने में मददगार हो सकता है. इससे नी सिर्फ खुजली में राहत मिलेगी बल्कि निशान भी गायब हो जाएंगे. 

Disclaimer: इस आर्टिकल में बताई विधि, तरीक़ों और सुझाव पर अमल करने से पहले डॉक्टर या संबंधित एक्सपर्ट की सलाह जरूर लें.

यह भी पढ़ें: घुटनों के बीच में तकिया रखकर सोने के हैं 5 गजब फायदे, बैक पेन से लेकर सायटिका तक के दर्द से मिलेगा छुटकारा

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