जम्हाई सिर्फ थकान का नहीं, हो सकता है बड़ी बीमारी का संकेत, तुरंत हो जाएं अलर्ट
जम्हाई आना हर बार सिर्फ नींद की कमी नहीं होती है. कभी-कभी यह शरीर का एक चेतावनी संकेत होता है, जो हमें किसी गंभीर बीमारी से पहले ही आगाह करता है.

Yawning Reasons : क्या आपको भी दिनभर थकान न होने के बावजूद भी बार-बार जम्हाई (Yawning) आती है. अगर हां, तो इसे सिर्फ बोरियत या नींद की कमी मानकर नजरअंदाज न करें. एक्सपर्ट्स के मुताबिक, बार-बार जम्हाई आना किसी गंभीर बीमारी का संकेत हो सकता है.
सामान्य तौर पर जम्हाई आना एक नेचुरल प्रक्रिया है, जो तब होती है जब शरीर को आराम चाहिए होता है या जब ब्रेन को ऑक्सीजन कम मिल रही होती है. लेकिन अगर आप बिना किसी थकान या नींद की कमी के लगातार जम्हाई ले रहे हैं, तो यह रेड सिग्नल हो सकता है. आइए जानते हैं क्या कहते हैं एक्सपर्ट्स...
बार-बार जम्हाई आना कौन सी बीमारी
अमेरिकन एकेडमी ऑफ स्लीप मेडिसिन (AASM) के नए पोजिशन पेपर में बताया गया है कि बार-बार जम्हाई लेना नींद की कमी और स्लीप डिसऑर्डर (Sleep Disorder) का संकेत हो सकता है. स्टडी के अनुसार, दिन में बहुत ज्यादा नींद आना यानी एक्सेसिव डे टाइम स्लीपीनेस सिर्फ आलस नहीं ड्राइविंग एक्सीडेंट, काम की गलतियों, मानसिक समस्याओं और लंबे समय तक होने वाली बीमारियों की भी वजह बन सकता है.
AASM प्रेसीडेंट डॉ. एरिक ओल्सन ने कहा कि नींद की कमी गंभीर समस्या है, जिसकी वजह से हर दिन बड़ी संख्या में एक्सीडेंट्स होते हैं. यह सेहत के लिए भी खतरनाक है.
यह भी पढ़ें: पॉपकॉर्न लंग से लेकर पॉपकॉन ब्रेन तक, जानें क्या हैं ये अजीब बीमारियां
ज्यादा जम्हाई आना इन बीमारियों का भी संकेत
1. ब्रेन डिसऑर्डर या न्यूरोलॉजिकल प्रॉब्लम
एक्सपर्ट्स मानते हैं कि बार-बार जम्हाई आना कभी-कभी ब्रेन ट्यूमर, स्ट्रोक या मल्टीपल स्केलेरोसिस जैसी बीमारियों का साइलेंट सिम्प्टम हो सकता है.
2. हार्ट से जुड़ी समस्या
कुछ मेडिकल स्टडीज़ बताती हैं कि ज्यादा जम्हाई आना हार्ट अटैक या ब्लड सर्कुलेशन की प्रॉब्लम से भी जुड़ा हो सकता है.
3. थर्मोरेग्युलेशन इश्यू
शरीर के तापमान को कंट्रोल करने में दिक्कत होने पर भी बार-बार जम्हाई आ सकती है. यह न्यूरोलॉजिकल गड़बड़ी का संकेत हो सकता है.
कब अलर्ट होना चाहिए
जम्हाई के साथ चक्कर आना
याददाश्त में कमी
हाथ-पैर सुन्न होना
तेज़ सिरदर्द या ब्लर विज़न
दिल की धड़कन तेज़ होना
क्या करना चाहिए
नींद पूरी लें, कम से कम 7-8 घंटे
स्ट्रेस को कम करें
रोजाना फिज़िकल एक्टिविटी करें
स्क्रीन टाइम कम करें
अगर लक्षण लगातार बने रहें, तो जल्द से जल्द न्यूरोलॉजिस्ट या कार्डियोलॉजिस्ट से सलाह लें.
Disclaimer: खबर में दी गई कुछ जानकारी मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित है. आप किसी भी सुझाव को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें..
यह भी पढ़ें :तेज खार के साथ लग रही है ठंड तो इस बीमारी के हैं लक्षण, तुरंत करें ये काम
Check out below Health Tools-
Calculate Your Body Mass Index ( BMI )
टॉप हेडलाइंस
Source: IOCL






















