सवाल उठाना कला के स्वरूप पर रोशनी डालने जैसा: नसीरुद्दीन शाह

मुंबई: दिग्गज अभिनेता नसीरुद्दीन शाह का कहना है कि कला के हर स्वरूप के जरिए लोग उचित सवाल उठाने का प्रयास करते हैं. वह थ्रिलर फिल्म 'इरादा' में बतौर मुख्य अभिनेता नजर आएंगे.
नसीरुद्दीन के मुताबिक, "सवाल उठाना कला के किसी स्वरूप पर रोशनी डालने जैसा है. कैसे पंजाब में पीने का पानी जहरीला बन जाता है, यह फिल्म इसी बारे में है. फिल्म एक ऐसा माध्यम है जो गंभीर मुद्दों को मनोरंजक तरीके से उठाता है. हमने ऐसा ही करने की कोशिश की है."
फिल्म 'इरादा' का निर्देशन नवोदित अपर्णा सिंह ने किया है. इसमें नसीरुद्दीन पूर्व सैनिक की भूमिका निभा रहे हैं, जो अपनी बेटी की मौत का बदला लेने की कोशिश करता है, जबकि अरशद वारसी एक अधिकारी की भूमिका निभा रहे हैं.
अभिनेता का कहना है कि पहली बार निर्देशन कर रहे निर्देशकों के साथ काम करने में उन्हें कोई समस्या नहीं है. उन्होंने आधी से ज्यादा फिल्मों में नए निर्देशकों के साथ काम किया है और कभी निराशा महसूस नहीं हुई.
नए निर्देशकों के साथ काम करने से होने वाले फायदे के बारे में बात करते हुए नसीरुद्दीन ने कहा कि नए निर्देशक अपने काम के जरिए खुद को साबित करने की कोशिश करते हैं. ऐसे कई निर्देशक हैं, जिनकी पहली फिल्म उनके सबसे अच्छे काम को दर्शाती है.
यह पूछे जाने पर कि आजकल के दर्शकों में कितना बदलाव आया है, अभिनेता कहते हैं कि दर्शकों की पसंद में ज्यादा बदलाव नहीं आया है, वे अभी भी पैसा वसूल फिल्मों को पसंद करते हैं.
फिल्म में दिव्या दत्ता, सागरिका घाटगे और शरद केलकर भी हैं. 'इरादा' 17 फरवरी को रिलीज होने जा रही है.




















