सीएम त्रिवेंद्र रावत ने अपने मंत्रियों को आदेश दिया है कि वो हफ्ते में दो दिन विधानसभा में मौजूद रहकर जनता की समस्याएं सुने। मगर कुछ मंत्रियों को छोड़कर ज्यादातर अपने दफ्तर में मौजूद नहीं रहे। जिससे फरियादी मायूस लौट रहे हैं।