UAE के President अफरा-तफरी में भारत आए... Trump को मीर्ची क्यों लगी? |ABP LIVE
तेज़ तर्रार देश भारत ने कमाल कर दिया है! UAE के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान सिर्फ़ तीन घंटे के लिए PM मोदी से मिले... लेकिन इस दौरान 5 समझौते साइन हुए और 7 बड़ी घोषणाएँ की गईं... जिनमें रक्षा, अंतरिक्ष और परमाणु ऊर्जा पर फोकस किया गया...चर्चा में निवेश और खाद्य सुरक्षा पर भी बात हुई... इससे पहले, विदेश मंत्री एस जयशंकर भी UAE गए थे, और हमारे बीच अहम बातचीत हुई थी... लेकिन ऐसा क्या हुआ कि UAE भारत का इतना दीवाना हो गया? आज हम इसी बारे में बात करेंगे... नमस्ते, मेरा नाम श्वेता शर्मा है, और आज हम UAE के भारत की तरफ झुकाव के बारे में बात करेंगे... भारत का एक क्षेत्रीय पावरहाउस बनना अब सिर्फ़ बातें नहीं रह गई हैं। यह रियल-टाइम डिप्लोमेसी में दिख रहा है। एस जयशंकर दिसंबर में UAE के नेताओं से मिले थे। 2026 की शुरुआत में, जब UAE के राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मिले... यह सिर्फ़ प्रोटोकॉल नहीं था। ये मुलाकातें साफ़ संकेत हैं कि खाड़ी देश,जो लंबे समय से मिडिल ईस्ट की शतरंज की बिसात को कंट्रोल करते थे, अब रणनीतिक संतुलन के लिए भारत की ओर देख रहे हैं। जैसे-जैसे ईरान का प्रभाव कम हो रहा है, और खाड़ी देशों के बीच दुश्मनी बढ़ रही है, UAE जैसे देश नई दिल्ली के साथ अपने रिश्ते मज़बूत कर रहे हैं। यमन इस दुश्मनी का केंद्र बन गया है। यह किसी युद्ध में किसी का पक्ष चुनने के बारे में नहीं है।





























