Modi Sarkar 3.O: जीतनी सीटें UP में हारी, बहुमत से उतनी ही कम थी BJP, हार का जिम्मेदार कौन होगा?
4 जून को जब लोकसभा चुनाव के नतीजे आए तो BJP को पूर्ण बहुमत न मिलता देख कहा जाने लगा कि इस बार सरकार में सहयोगी दलों का ज़्यादा असर होगा...कुछ लोग तो ये तक कहने लगे कि इस बार बड़े मंत्रालय सहयोगी दलों के हिस्से में आएंगे...बिहार में तो ये अटकलें भी लगने लगी कि रेलवे मंत्रालय जेडीयू के खाते में ही आएगा...लेकिन कल शाम पोर्टफोलियो बंटने के बाद ये तमाम बातें बेबुनियाद साबित हुईं...न सिर्फ़ गृह, रक्षा, वित्त और विदेश जैसे मंत्रालय बीजेपी ने अपने पास रखे बल्कि रेलवे, संचार, कानून और बिजली जैसे मंत्रालय भी बीजेपी के पास ही रहे...कैबिनेट मंत्रियों में बात करें तो TDP के पास जहां नागरिक उड्डयन मंत्रालय गया वहीं जेडीयू के खाते में पशुपालन और पंचायती राज जैसे मंत्रालय आए.










































