Punjab News: चुस्त-दुरुस्त कानून व्यवस्था से सुरक्षित, खुशहाल हो रहा पंजाब
Punjab News: मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में पंजाब में कानून-व्यवस्था मजबूत करने, पुलिस सुधार लागू करने और ड्रग माफिया व साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण से सुरक्षा व्यवस्था बेहतर हुई है.

Punjab News: पंजाब में सुरक्षा व्यवस्था चुस्त-दुरुस्त रखने के लिए मान सरकार प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है. मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब पुलिस विभाग में बड़े सुधार किए गए है.
हर तरह के अपराधों पर रोक लगाने के लिए पंजाब पुलिस ने प्रभावी कदम उठाए हैं, जिनका शानदार परिणाम सामने आया है. खासतौर से ड्रग माफिया और साइबर अपराधों पर लगाम लगाने में पंजाब पुलिस को बड़ी सफलता मिली है.
बड़े सुधारों की ओर बढ़े पंजाब पुलिस के कदम
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देश पर पंजाब पुलिस ने ‘विजन 2026’ की रूप रेखा तैयार की है. आने वाले समय में इस रूप रेखा के मुताबिक पंजाब पुलिस की क्षमता और आधार भूत ढांचे का व्यापक विस्तार किया जाएगा.
इसके तहत पंजाब में डायल- 112 इमरजेंसी रिस्पांस स्पोर्ट सिस्टम (ईआरएसएस) को और अधिक प्रभावी बनाया जाएगा. एकीकृत सिस्टम बनाने के लिए मोहाली में 52 करोड़ रुपये की लागत से डायल 112 सेंट्रल कंट्रोल रूम भवन स्थापित किया जाएगा. इसके लिए जरूरी सिस्टम को अपग्रेड करने तथा तत्काल मदद पहुंचाने के उद्देश्य से 50 करोड़ रुपये की लागत से नए वाहन खरीदे जाएंगे.
इमरजेंसी रिस्पांस टाइम घटाने पर जोर
वर्तमान में किसी भी आपातकालीन परिस्थिति में पंजाब पुलिस का औसत रिस्पांस टाईम 12–13 मिनट का है. मान सरकार का लक्ष्य इसे घटाकर केवल 7–8 मिनट करना है.
इसके साथ ही, पूरे राज्य में जिला नियंत्रण कक्षों को अपग्रेड किया जा रहा है. इस पर 25 करोड़ रुपये का निवेश किया जा रहा है, ताकि बिना किसी रुकावट के समन्वय बन सके और किसी भी घटना का त्वरित प्रबंधन सुनिश्चित किया जा सके.
राज्य में कई जगहों पर लगेंगे कैमरे और एंटी-ड्रोन सिस्टम
सीमावर्ती राज्य होने के चलते पंजाब में सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है. राज्य में दूसरी सुरक्षा पंक्ति के तहत इस वर्ष अंतरराष्ट्रीय सीमा के साथ 585 स्थानों पर 2,367 सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे. इन कैमरों को लगाने पर तकरीबन 49.58 करोड़ रुपये की लागत आएगी.
कैमरे लगने से पुलिस के कार्यों को और मजबूती मिलेगी. इसके साथ ही एंटी-ड्रोन सिस्टम (एडीएस) के बेड़े को मौजूदा तीन सक्रिय प्रणालियों से बढ़ाकर छह किया जाएगा और चरणबद्ध तरीके से बाद में 10 और प्रणालियां खरीदी जाएंगी.
तकनीकी रूप से एंटी ड्रोन सिस्टम तैनात करने के साथ ही ड्रोन रिस्पॉन्स टीमें (डीआरटी) भी तैनात की गई हैं और आने वाले वर्ष में ये टीमें ग्राम रक्षा समितियों (वीडीसी) के सदस्यों के साथ समन्वय में कार्य करेंगी.
पुलिस को आधुनिक बनाने पर 800 करोड़ से अधिक का खर्च
पंजाब में सुरक्षा व्यवस्था के आधार स्तंभ पुलिस विभाग को अपग्रेड करने पर मान सरकार लगातार काम कर रही है. पंजाब सरकार ने पिछले तीन वर्षों में पंजाब पुलिस के आधुनिकीकरण पर 800 करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए हैं.
फील्ड में सभी एसपीरैंक के अधिकारियों को योजनाबद्ध तरीके से नए वाहन दिए गए हैं, साथ ही सभी पुलिस थानों और पुलिस चौकियों को भी नए वाहन उपलब्ध कराए गए हैं.
पंजाब सरकार के प्रयासों से शुरू हुई मेगा पुलिस भवन परियोजना पर अगले तीन वर्ष में तकरीबन 426 करोड़ रुपये खर्च होंगे. इसमें मोहाली के फेज-4 में साइबर क्राइम डिवीजन के लिए नया मुख्यालय, नवां शहर और मलेरकोटला जिलों में नई पुलिस लाइनें तथा 11 नई पुलिस स्टेशन इमारतों का निर्माण शामिल है.
इसके अलावा लुधियाना, फिरोजपुर और जालंधर में नए एएनटीएफ रेंज कार्यालय खोले जाएंगे तथा मौजूदा कार्यालयों को आधुनिक उपकरणों और फोरेंसिक टूल्स से अपग्रेड किया जाएगा.
Source: IOCL



























