एक्सप्लोरर

Lok Sabha Elections: झारखंड में ये समीकरण बिगाड़ सकता है JMM का खेल, BJP इन मुद्दों को बनाएगी अपना हथियार

Lok Sabha Elections 2024: झारखंड में कई मुद्दे हैं, जिन पर जनता सभी राजनीतिक दलों का स्पष्ट रुख जानना चाहती है. इन सभी मुद्दों में प्रमुख मुद्दा 1932 का खतियान आधारित स्थानीय नीति और नियोजन नीति है.

Lok Sabha Elections2024: लोकसभा चुनाव 2024 को लेकर झारखंड में सियासी हलचल जोरों पर है. राज्‍य में बीजेपी इन दिनों महासंपर्क अभियान को लेकर घर-घर जाकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नौ साल की उपलब्धियां गिना रही है. बीते दिनों बीजेपी के कई स्टार प्रचारक राज्‍य का दौरा कर चुके हैं. हाल ही में खुद राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा झारखंड में जनसभा को संबोधित कर चुके हैं.

इसके साथ ही 23 जून को बिहार सीएम नीतीश कुमार के नेतृत्व में पटना में विपक्षी दलों की महाबैठक हुई. इस बैठक में विपक्षी दलों ने अपनी पुरानी गलतियों से सबक लेते हुए आगामी लोकसभा चुनाव में बीजेपी को हराने के लिए नई रणनीति पर चर्चा की. इस बैठक के बाद सभी दलों ने एक सामूहिक बयान जारी कर विपक्षी एकजुटता का संदेश दिया. विपक्षी नेताओं की पटना में हुई बैठक सफल रही. वहीं अब नजर शिमला वाली बैठक पर है कि वहां होने वाली महाबैठक में विपक्षी नेताओं की आपसी सहमति क्‍या रहती है.

जयराम महतो बिगाड़ सकते हैं सियासी गणित

पटना की बैठक में झामुमो भी शामिल हुआ और एकजुट होकर मोदी के विजय रथ को रोकने की बात कही. हालांकि, सीटों के बंटवारे का पेंच झारखंड में फंसता दिखाई दे सकता है. बहरहाल, झामुमो अभी से लोकसभा चुनाव के लिए रणनीति बनाने में जुट गया है. झारखंड का चुनाव किसी भी पार्टी के लिए आसान नहीं होने वाला है. वहीं झारखंड में छात्र राजनीति से उभरे जयराम महतो ने एक नई पार्टी के गठन का एलान करके चुनावी समीकरण को थोड़ा और पेचीदा कर दिया है. जयराम महतो आगामी चुनावों में झामुमो का चुनावी गणित बिगाड़ सकते हैं.

2024 चुनाव में ये मुद्दे अहम

झारखंड में ऐसे कई मुद्दे हैं, जिन पर जनता सभी राजनीतिक दलों का स्पष्ट रुख को जानना चाहती है. इन सभी मुद्दों में सबसे प्रमुख मुद्दा 1932 का खतियान आधारित स्थानीय नीति और नियोजन नीति है. ये दोनों ही मुद्दे झारखंडवासियों के लिए बेहद अहम हैं. झारखंड का महतो समाज जोर-शोर से आदिवासी दर्जे की मांग कर रहा है. राज्य में ओबीसी समाज के आरक्षण के प्रतिशत को बढ़ाना भी एक प्रमुख मुद्दा है. इन मुद्दों को लेकर अब तक सड़क से लेकर सदन तक खूब बवाल भी हो चुका है.

वहीं झारखंड के युवा रोजगार को लेकर कई बार सड़कों पर उतर चुके हैं, जिन पर पुलिस ने लाठियां भी बरसाई गईं हैं. रोजगार और राज्य सरकार में व्याप्त भ्रष्टाचार प्रमुख मुद्दों में से एक रहने वाले हैं. रांची जमीन घोटाला, खनन घोटाला, मिड-डे मील घोटाला और मनरेगा घोटाला ये ऐसे घोटाले हैं, जो जनता के मन में सरकार के प्रति संदेह पैदा करते हैं. बीजेपी के कई नेता हेमंत सरकार को भ्रष्टचार पर घेर चुके हैं. वसुंधरा राजे ने तो हेमंत सरकार को भ्रष्टाचार के लिए फेमस बता दिया था.

बीजेपी उठाएगी ये मुद्दा

धर्म परिवर्तन का मुद्दा झारखंड में काफी संवेदनशील है. झारखंड का आदिवासी समाज ईसाई मिशनरियों द्वारा लालच देकर कराए जा रहे धर्म परिवर्तन से काफी खफा है. धर्म परिवर्तन से अपने समाज को बचाने के लिए कई जिलों में तो आदिवासी संगठनों ने धर्म परिवर्तित करने वालों और समाज विशेष के खिलाफ कई फरमान तक जारी किए हैं. वहीं झारखंड में बांग्लादेशी घुसपैठियों को लेकर बीजेपी खासकर निशिकांत दुबे काफी हमलावर रहे हैं. संथाल परगना क्षेत्र में यह भी एक संवेदनशील मुद्दा है. बीजेपी आए दिन आरोप लगाती रहती है कि बांग्लादेशी घुसपैठियों के कारण संथाल परगना क्षेत्र की जनसांख्यिकी में असतुंलन पैदा हो गया है. 2024 के चुनावों में यह भी एक अहम मुद्दा होने वाला है.

यह भी पढ़ें- Opposition Parties Meeting: BJP नेता का विपक्षी एकजुटता पर तंज, बोले- 'वहां सिर्फ परिवारवादी नेताओं की ही चलेगी, सेल्फ मेड इंसान...'

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

AISA अध्यक्ष नेहा बोरा पर स्याही फेंकने वाले आरोपी को मिली जमानत
AISA अध्यक्ष नेहा बोरा पर स्याही फेंकने वाले आरोपी को मिली जमानत
कॉकरोच जनता पार्टी ने बढ़ाई सोरेन सरकार की टेंशन! किया बड़ा ऐलान
कॉकरोच जनता पार्टी ने बढ़ाई सोरेन सरकार की टेंशन! किया बड़ा ऐलान
देवेंद्र महतो का अस्पताल से खुला खत, सोरेन सरकार को दिया ये संदेश
देवेंद्र महतो का अस्पताल से खुला खत, सोरेन सरकार को दिया ये संदेश
Xप्लेन: CBI जांच से क्यों बच रही हेमंत सोरेन सरकार? समझें कानूनी-सियासी दांव पेच
CBI जांच से क्यों बच रही हेमंत सोरेन सरकार? समझें कानूनी-सियासी दांव पेच

वीडियोज

The Traitors 2 का नया Sneak Peek Out, Rhea Chakraborty से Mallika Sherawat तक दिखा बड़ा Drama
Lock Upp 2 की Success Party में Shreya Kalra का जलवा, Farhana Bhatt समेत सितारों ने बिखेरा Glamour
Salman Khan की Seven Dogs 21 August को India में रिलीज, Sanjay Dutt का होगा खास Cameo
Amruta Khanvilkar ने Divorce Rumours पर जताई नाराजगी, Legal Action की दी चेतावनी
Govinda ने मां Nirmala Devi को खोने का दर्द किया बयां, बोले- लगा सब कुछ खत्म हो गया

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
'AI की रेस जीत सकता है चीन', मेटा के CEO जकरबर्ग ने क्यों की ये भाविष्यवाणी?
'AI की रेस जीत सकता है चीन', मेटा के CEO जकरबर्ग ने क्यों की ये भाविष्यवाणी?
AISA अध्यक्ष नेहा बोरा पर स्याही फेंकने वाले आरोपी को मिली जमानत
AISA अध्यक्ष नेहा बोरा पर स्याही फेंकने वाले आरोपी को मिली जमानत
पुर्तगाल क्रिकेट टीम का हुआ एलान, ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी बना कप्तान
पुर्तगाल क्रिकेट टीम का हुआ एलान, ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी बना कप्तान
गोवा में पेंट हाउस, मुंबई में करोड़ों का बंगला, 100 करोड़ से ज्यादा का है इमरान हाशमी का साम्राज्य, नेटवर्थ जान उड़ जाएंगे होश
100 करोड़ से ज्यादा का है इमरान हाशमी का साम्राज्य, नेटवर्थ जान उड़ जाएंगे होश
JPC भेजा जाएगा FCRA बिल, विरोध के बीच सरकार का बड़ा कदम
JPC भेजा जाएगा FCRA बिल, विरोध के बीच सरकार का बड़ा कदम
'तृषा को डिप्टी CM...', AIADMK विधायक ने CM विजय पर कसा तंज
'तृषा को डिप्टी CM...', AIADMK विधायक ने CM विजय पर कसा तंज
Gen-Z का क्या है चुनावी मुद्दा? आंदोलनों के बीच सर्वे के जवाब ने चौंकाया
Gen-Z का क्या है चुनावी मुद्दा? आंदोलनों के बीच सर्वे के जवाब ने चौंकाया
आरोप से बेदाग बरी होने तक: कैसे अडानी शेयर्स और मार्केट कैप ने की वापसी?
आरोप से बेदाग बरी होने तक: कैसे अडानी शेयर्स और मार्केट कैप ने की वापसी?
Embed widget