कॉकरोच जनता पार्टी पर फारूक अब्दुल्ला बोले, 'इन लोगों ने...'
Farooq Abdullah News: नेशनल कॉन्फ्रेंस के प्रमुख फारूक अब्दुल्ला ने कहा कि वो खुदा से उम्मीद करते हैं कि सरकार को जागना चाहिए. उन्हें ये एहसास होगा कि संविधान सर्वोपरि है.

कॉकरोच जनता पार्टी पर नेशनल कॉन्फ्रेंस के चीफ और जम्मू-कश्मीर के पूर्व सीएम फारूक अब्दुल्ला (Farooq Abdullah) ने कहा कि इन लोगों ने देश को जगा दिया है. ये अच्छा है कि इन लोगों ने देश को जगाया है. उन्होंने कहा कि वो खुदा से उम्मीद करते हैं कि सरकार को जागना चाहिए और उन्हें ये एहसास होगा कि संविधान सर्वोपरि है. संविधान में विविधता में एकता है. अगर भारत को मजबूत करना है तो उनके राज्यों को मजबूत होना पड़ेगा. राज्यों की परेशानियों को सुनना पड़ेगा.
संसद को आपने बिल्कुल ही कमजोर कर दिया- फारूक अब्दुल्ला
संसद में हंगामे पर उन्होंने कहा, "ये आपने भी देखा. सारे हिंदुस्तान के लोगों और दुनिया ने देखा. जिस संसद को आपने बिल्कुल ही कमजोर कर दिया है. मेंबर वहां पर सवाल उठाते हैं और उनका जवाब नहीं आता है. पार्लियामेंट लोगों की बातें वहां पर लाने के लिए है. मैं भी संसद का सदस्य रहा हूं. मैंने संसद को काफी करीब से देखा है. जो हो रहा है उसको वहां पर सदस्य बयां करते हैं. अगर हुकूमत उसकी तरफ तवज्जो नहीं देगी तो जो हो रहा है वो आप देख रहे हैं. यही तो मुसीबत है. अगर आपने पार्लियामेंट को एकदम ही डस्टबिन में डाल दिया है तो वहां से क्या निकलेगा?"
कश्मीरी पंडितों के मुद्दों पर क्या बोले फारूक अब्दुल्ला?
कश्मीरी पंडितों के मुद्दों पर उन्होंने कहा, "जो वादे उनसे किए गए थे वो कहां हैं? इतने सालों से ये यहां पर हुकूमत चला रहे थे, इन्होंने क्या किया है? ये तो मनमोहन सिंह जी के वक्त की बात है जब उनको यहां लाया गया और बसाया गया. इनको काम दिए गए हैं. इस उम्मीद से कि इनके घर वाले आएंगे और बसेंगे. यहां का कश्मीरी मुसलमान इनके खिलाफ कभी नहीं था."
सुखबीर बादल पर हमले को लेकर फारूक अब्दुल्ला ने क्या कहा?
पंजाब के पूर्व डिप्टी सीएम और शिरोमणी अकाली दल के चीफ सुखबीर सिंह बादल पर महाराष्ट्र के नांदेड़ में हुए हमले पर उन्होंने कहा, "ये बहुत अफसोस की बात है. कई बार इन पर हमला किया गया है. मैं समझता हूं कि इसमें सिक्योरिटी की भी कमजोरी है. पहले भी हमला हुआ और ये नहीं कह सकते कि आगे भी नहीं होगा. मगर अल्लाह का शुक्र है कि वो (हमलावर) पिछली बार भी कामयाब नहीं हुए, इस बार भी कामयाब नहीं हुए. मगर हम सबको खासकर भारत की सरकार को इस चीज को नोटिस में लेना चाहिए और ये खयाल रखना चाहिए कि आगे से ऐसा न हो."
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