एक्सप्लोरर

2019 ने जाते-जाते महाराष्ट्र और झारखंड से कांग्रेस को दी नई उम्मीद

बीते लोकसभा चुनाव में कांग्रेस कुछ खास नहीं कर पाई. लेकिन साल के अंत में महाराष्ट्र और झारखंड में कांग्रेस सत्ता में आई. हरियाणा में 31 सीटें जीतकर कांग्रेस मजबूत विपक्ष की भूमिका में आई.

नई दिल्ली: लोकसभा चुनाव में करारी शिकस्त और राहुल गांधी के इस्तीफे के बाद 2019 के पहले छह महीने कांग्रेस के लिए बहुत ही मुश्किल भरे रहे. लेकिन साल के अंत में महाराष्ट्र और झारखंड में बीजेपी की सरकार नहीं बनने से देश की सबसे पुरानी पार्टी के भीतर भविष्य में बेहतर करने की एक उम्मीद जगी है. इसी साल सोनिया गांधी ने पार्टी के अंतरिम अध्यक्ष की जिम्मेदारी संभाली तो प्रियंका गांधी ने बतौर महासचिव अपनी सक्रिय राजनीति का आगाज किया.

यही नहीं, कांग्रेस ने वैचारिक रूप से बेहद अलग शिवसेना के साथ हाथ मिलाकर साफ संकेत भी दिया कि बदले हुए राजनीतिक हालात में वह बीजेपी के खिलाफ नए नए राजनीतिक गठजोड़ करने से गुरेज नहीं करेगी. बीते कुछ सालों से अपने सबसे चुनौतीपूर्ण दौर से गुजर रही कांग्रेस ने साल के आखिर में संशोधित नागरिकता कानून, राष्ट्रीय नागरिकता पंजी और राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर जैसे मुद्दों को लेकर बीजेपी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखे हमले किए.

पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला कहते हैं, ‘‘2019 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बीजेपी की विभाजनकारी राजनीति के अंत की शुरुआत का साल रहा है. देश की जनता एक बार फिर कांग्रेस में विश्वास जता रही है . हमें उम्मीद है कि 2020 में देश का मिजाज उस बहुलवादी और उदारवादी भारत की तरफ होगा जिसकी बुनियाद हमारे राष्ट्र निर्माताओं ने रखी थी." साल 2018 के आखिर में तीन राज्यों की जीत के बाद 2019 के लोकसभा चुनाव में पूरे जोशोखरोश के साथ उतरी कांग्रेस को करारी हार का सामना करना पड़ा.

राहुल गांधी की अगुवाई में कांग्रेस ने ‘न्याय’ रूपी सामाजिक सरोकार की योजना, राफेल विमान सौदे में कथित भ्रष्टाचार, नोटबंदी और जल्दबाजी में लागू जीएसटी के कथित दुष्परिणाम, बेरोजगारी और कृषि संकट को मुख्य चुनावी मुद्दा बनाया, लेकिन पुलवामा हमले एवं बालाकोट एयरस्ट्राइक के बाद नरेंद्र मोदी के पक्ष में उठी लहर में मुख्य विपक्षी पार्टी की नाव पूरी तरह से डगमगा गई.

एक महीने बाद हुआ ठाकरे सरकार का मंत्रिमंडल विस्तार, मंत्री ना बनाए जाने से दर्जनों नेता नाराज

नतीजा यह हुआ कि उसे महज 52 सीटें हासिल हुईं और खुद राहुल गांधी अपना गढ़ माने जाने वाले अमेठी से चुनाव हार गए. यह बात अलग है कि केरल की वायनाड लोकसभा सीट के मतदाताओं ने उनके चौथी बार संसद पहुंचने के सिलसिले को बरकरार रखा.

लोकसभा चुनाव में कांग्रेस की करारी हार के बाद राहुल गांधी ने अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया और उन्हें मनाने की सभी कोशिशें नाकाम होने के बाद सोनिया गांधी को अंतरिम अध्यक्ष बनाया गया. सोनिया के अध्यक्ष बनने के बाद भी राहुल की राजनीतिक सक्रियता बनी रही और वह विधानसभा चुनावों में पार्टी के प्रचार अभियान की अगुवाई करते नजर आए. ऐसी अटकलें भी हैं कि निकट भविष्य में एक बार फिर से उन्हें पार्टी की कमान सौंपी जा सकती है.

लोकसभा चुनाव में हार के बाद कई प्रदेश अध्यक्षों ने इस्तीफा दिया तो झारखंड के पीसीसी अध्यक्ष रहे अजय कुमार और त्रिपुरा के अध्यक्ष रहे प्रद्युत देव बर्मन ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया और कुछ नेताओं पर गंभीर आरोप लगाए.

हरियाणा विधानसभा चुनाव से पहले पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने बागी तेवर अपनाए और 370 पर पार्टी के रुख की आलोचना की. हालांकि विधानसभा चुनाव में नुकसान की आशंका को भांपते हुए पार्टी आलाकमान ने हुड्डा को विधायक दल का नेता और चुनाव प्रबंधन समिति का अध्यक्ष तथा कुमारी शैलजा को पीसीसी अध्यक्ष बनाया. इस बदलाव से नाराज अशोक तंवर ने चुनाव से कुछ दिन पहले बगावत कर दी और गंभीर आरोप लगाते हुए पार्टी छोड़ दी. हुड्डा और शैलजा के नेतृत्व में कांग्रेस हरियाणा में 31 सीटें जीतकर एक मजबूत विपक्षी दल की भूमिका में आई, हालांकि चुनाव से पहले राजनीतिक पंडितों ने कांग्रेस को लगभग खारिज कर दिया था .

महाराष्ट्र में मुख्यमंत्री पद को लेकर बीजेपी और शिवसेना के बीच खींचतान ने कांग्रेस को सत्तासीन किया. बदले राजनीतिक परिदृश्य में उसने लंबे मंथन के बाद वैचारिक रूप बहुत भिन्न नजर आने वाली शिवसेना के साथ मिलकर सरकार बनाने का फैसला किया. वह उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली सरकार में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के साथ शामिल हुई.

झारखंड में इस साल के अंत में विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने जेएमएम और आरजेडी के साथ गठबंधन में चुनाव लड़ा और वह बीजेपी सरकार को सत्ता से बेदखल करने में सफल हुई. सियासी जानकार इस जीत को कांग्रेस के लिए बड़ी उम्मीद के तौर पर देख रहे हैं. पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम की गिरफ्तारी, अनुच्छेद 370 के मुद्दे पर कई नेताओं की पार्टी लाइन से इतर राय और कई राज्यों में नेताओं के पार्टी छोड़ने या इस्तीफा देने से भी 2019 में कांग्रेस की चुनौतियों में इजाफा हुआ.

दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित के निधन के बाद डीपीसीसी कमान सुभाष चोपड़ा को सौंपी गई. कुल सात राज्यों में सत्तासीन हो चुकी कांग्रेस अब 2020 के दिल्ली और बिहार विधानसभा चुनावों में अच्छा प्रदर्शन करने की उम्मीद कर रही है. पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता और बिहार प्रभारी शक्ति सिंह गोहिल ने दावा किया , ‘‘बिहार में पार्टी का ग्राफ लगातार बढ़ रहा है. हमें विश्वास है कि अगले साल बिहार में कांग्रेस फिर से मजबूत होगी और गठबंधन की सरकार बनेगी.’’

यह भी देखें

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

West Bengal Assembly Elections 2026: पश्चिम बंगाल में कांग्रेस ने जारी की उम्मीदवारों की पहली लिस्ट, बहरामपुर से अधीर रंजन चौधरी को दिया टिकट
बंगाल में कांग्रेस ने जारी की उम्मीदवारों की पहली लिस्ट, बहरामपुर से अधीर रंजन चौधरी को दिया टिकट
LPG Gas Crisis: अमेरिका-ईरान युद्ध ने बढ़ाया सिरदर्द! LPG नहीं मिली तो केरोसिन के चूल्हे पर खाना बनवा रहे ढाबा मालिक
अमेरिका-ईरान युद्ध ने बढ़ाया सिरदर्द! LPG नहीं मिली तो केरोसिन के चूल्हे पर खाना बनवा रहे ढाबा मालिक
'जीरो सीट वाली पार्टी को...', केरल विधानसभा चुनाव को लेकर बोले शशि थरूर, बीजेपी पर कसा तंज
'जीरो सीट वाली पार्टी को...', केरल विधानसभा चुनाव को लेकर बोले शशि थरूर, बीजेपी पर कसा तंज
West Bengal Election 2026: 'BJP लोगों को मछली, मांस और अंडा...' पश्चिम बंगाल की चुनावी रैली में ममता बनर्जी का जोरदार हमला
'BJP लोगों को मछली, मांस और...' बंगाल की रैली में ममता का पलटवार, केंद्र को लेकर क्या कहा?

वीडियोज

Iran- Israel War: ईरान युद्ध में बुरे फंसे ट्रंप, अपने ही देश में विरोध झेल रहे अमेरिकी राष्ट्रपति?
शाहिद कपूर या सलमान खान कौन होगा आने वाली फिल्म Duffer का लीड एक्टर?
Dhurandhar: The Revenge, “Sankalp” वेब सीरीज,एक्शन और इमोशन का धमाका
Iran US Israel War: USS त्रिपोली में 3500 अमेरिकी सैनिक मौजूद, US की बड़ी तैयारी | America | Trump
Iran Israel America War: युद्ध के एक महीने बाद, क्या खोखला हो रहा है इजरायल का? | Netanyahu

फोटो गैलरी

Petrol Price Today
₹ 94.77 / litre
New Delhi
Diesel Price Today
₹ 87.67 / litre
New Delhi

Source: IOCL

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
पाकिस्तान में LPG और डीजल-पेट्रोल की किल्लत, अब पड़ी एक और मार, दवाओं के दाम में भारी बढ़ोतरी
पाकिस्तान में LPG और डीजल-पेट्रोल की किल्लत, अब पड़ी एक और मार, दवाओं के दाम में भारी बढ़ोतरी
नीतीश कुमार से अनंत सिंह ने की मुलाकात, CM के इस्तीफे पर कहा- 'इच्छा तो…'
नीतीश कुमार से अनंत सिंह ने की मुलाकात, CM के इस्तीफे पर कहा- 'इच्छा तो…'
MI या KKR, आज किसकी होगी जीत? जानें मुंबई और कोलकाता में किसका पलड़ा भारी
MI या KKR, आज किसकी होगी जीत? जानें मुंबई और कोलकाता में किसका पलड़ा भारी
मिस्र के विदेश मंत्री के साथ फोटो खिंचाने जा रहे थे PAK के डिप्टी PM इशाक डार, स्टेज पर पहुंचते ही गिरे, देखें Video
मिस्र के विदेश मंत्री के साथ फोटो खिंचाने जा रहे थे इशाक डार, मंच पर पहुंचते ही गिरे, देखें Video
'धुरंधर 2' की आंधी के बीच दमदार तरीके से टिकी है ये मलयालम फिल्म, हर रोज कमा रही करोड़ों
'धुरंधर 2' की आंधी के बीच दमदार तरीके से टिकी है ये मलयालम फिल्म, हर रोज कमा रही करोड़ों
छात्र राजनीति पर बैन के साथ कई बड़े फैसले, बालेन शाह ने नेपाल का PM बनते ही शिक्षा व्यवस्था में किए ये बदलाव
छात्र राजनीति पर बैन के साथ कई बड़े फैसले, बालेन शाह ने नेपाल का PM बनते ही शिक्षा व्यवस्था में किए ये बदलाव
धुरंधर की कमाई पर पाकिस्तान ने मांगा हिस्सा, लोग बोले लियारी के नाम से करोड़ों कमाए, अब हमारा विकास करे भारत, वीडियो वायरल
धुरंधर की कमाई पर पाकिस्तान ने मांगा हिस्सा, लोग बोले लियारी के नाम से करोड़ों कमाए, अब हमारा विकास करे भारत
Middle East CBSE Board Result 2026: हाइब्रिड इवैल्यूशन सिस्टम के जरिए मिडिल ईस्ट के बच्चों को पास करेगा CBSE, जानें कैसे मिलेंगे नंबर?
हाइब्रिड इवैल्यूशन सिस्टम के जरिए मिडिल ईस्ट के बच्चों को पास करेगा CBSE, जानें कैसे मिलेंगे नंबर?
Embed widget