एक्सप्लोरर

महाराष्ट्र-MP के बाद आज पंजाब-कर्नाटक में कर्जमाफी को लेकर सड़कों पर उतरेंगे किसान

नई दिल्ली:  किसानों की कर्जमाफी की आग अब महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश के अलावा अब देश के अन्य राज्यों में भी फैलने लगी है. महाराष्ट्र में बीजेपी सरकार ने यूपी की देखा देखी किसानों के कर्ज माफी का फैसला कर लिया है. जिसके बाद बाकी राज्यों के किसान भी यहीं मांग करने लगे हैं. आज पंजाब और कर्नाटक के किसान सड़कों पर उतरकर कर्जमाफी की मांग करेंगे.

हालांकि महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश में किसानों की कर्जमाफी तस्वीर ना तो यूपी की साफ है और न महाराष्ट्र की. कर्ज माफ का फैसला तो हो गया लेकिन इसके लिए पैसा कहां से आएगा? इस बीच एनसीपी नेता शरद पवार ने बीजेपी सरकार पर दबाव बनाते हुए कहा है कि बिना देरी किए तुरंत कर्जमाफी की व्यवस्था की जानी चाहिए.

फसल की सही कीमत न मिलने और कर्ज से परेशान हैं किसान

10 दिन से महाराष्ट्र के किसान खेती बाड़ी छोड़कर सड़क पर आंदोलन कर रहा था. जिन फसलों को पसीना बहाकर खड़ा किया था उसे अपने ही हाथों से सड़क पर बर्बाद करने पर किसान मजबूर हुए. किसानों की शिकायत थी कि उन्हें एक तो फसल की सही कीमत नहीं मिलती. दूसरे कर्ज का बोझ उन्हें जीने नहीं दे रही थी.

यूपी में 36 हजार करोड़ का किसान कर्ज माफ करने का फैसला

यूपी में 36 हजार करोड़ का किसान कर्ज माफी होने के बाद महाराष्ट्र के किसानों को भी अपनी सारी मुश्किलों का हल इसी में दिखने लगा. महाराष्ट्र की सरकार को झुकना पड़ा. मुंबई में किसान संगठन और राज्य सरकार के ग्रुप ऑफ मिनिस्टर की बैठक के बाद कर्ज माफी का फैसला हो गया.

मोटे तौर पर सहमति ये बनी है कि स्वामीनाथन समिति की रिपोर्ट के आधार पर महाराष्ट्र में कर्ज माफी होगी. स्वामीनाथन आयोग ने किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य देने की सिफारिश की थी. इस सिफारिश को लागू करने के लिए बनी समिति के मुखिया सीएम फडणवीस खुद होंगे. समिति पीएम मोदी से भी बात करके जरूरी फैसला करेगी.

पहला फैसला

  • जिन किसानों के पास 5 एकड़ जमीन है उनके कर्ज माफी फौरन की जाएगी.

दूसरा फैसला

  • जिन किसानों की जमीन 5 एकड़ से ज्यादा है, उनके कर्ज की माफी का रास्ता सुझाने के लिए समिति बनी है. समिति बताएगी कि कैसे कर्ज माफ किया जाना है.

तीसरा फैसला

  • इस बार की फ़सल के लिए नया कर्ज तुरंत दिया जाएगा.

चौथा फैसला

  • सरकार किसानों के लिए दूध के दाम बढ़ाने पर भी सहमत हहुई है.

इसके अलावा सरकार किसानों के दुधे के दाम बढ़ाने के लिए भी मंज़ूर हो गई है. जिस तरह शक्कर के लिए सरकार 70-30 (यानि 70% किसान को प्रोफ़िट देती है) उसी तरह का दाम बढाकर किसानों को मुनाफा देगी. सरकार 20 जुलाई तक दूध के लिए नई नीति भी लाएगी.

पांचवां फैसला

  • आंदोलन के दौरान किसानों पर दर्ज किए मामले लिए जाएंगे.

किसान संगठनों ने सरकार पर भरोसा जताते हुए फौरन आंदोलन वापस ले लिया है. इस शर्त के साथ कि कोई गड़बड़ी हुई तो 26 जुलाई से दोबारा आंदोलन शुरू हो जाएगा. किसानों ने 13 जून को बुलाए रेल रोको आंदोलन और 12 जून को होनेवाले धरना प्रदर्शन को रद्द कर दिया है.

महाराष्ट्र सरकार पर पहले से 4 लाख करोड़ रु का कर्ज है

अखबार इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक, महाराष्ट्र के कुल 1 करोड़ 36 लाख किसानों पर करीब 1 लाख 14 हजार करोड़ रु का कर्ज है. इनमें से करीब 31 लाख छोटे किसानों की कर्जमाफी पर 30 हजार करोड़ रु लगेंगे. महाराष्ट्र सरकार पर पहले से 4 लाख करोड़ रु का कर्ज है. ऐसे में कर्जमाफी के पैसे कहां से आएंगे?

एनसीपी प्रमुख शरद पवार ने इस मुद्दे पर राजनीति तेज करते हुए कहा है कि अगर सरकार ने कर्जमाफी का फैसला ले लिया है तो फिर इसे बिना देरी किए तुरंत लागू कर देना चाहिए ताकि खरीफ की खेती से पहले किसान नए कर्ज के लिए अवेदन कर सके.

यह भी पढ़ें-

कर्जमाफी के लिए महाराष्ट्र सरकार तैयारः किसानों की कर्जमाफी के लिए बनेगी समिति किसान आंदोलन: विपक्ष का साथ देंगे BJP के सहयोगी दल, शरद से मिले केजरीवाल RSS से जुड़े किसान संगठन ने कहा, केंद्र की नीतियों की वजह से संकट में किसान जनहित और जन कल्याण योजनाओं की अनदेखी कर रही हैं BJP सरकारें: मायावती

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

पंजाब-दिल्ली को दहलाने का पाकिस्तानी प्लान फेल! NIA ने की बड़ी कार्रवाई
पंजाब-दिल्ली को दहलाने का पाकिस्तानी प्लान फेल! NIA ने की बड़ी कार्रवाई
तमिलनाडु में पहले ही दिन इतने लोगों ने ऑनलाइन बुक की शराब, लेकिन नहीं हुई होम डिलीवरी, जानें क्यों
तमिलनाडु में पहले ही दिन इतने लोगों ने ऑनलाइन बुक की शराब, लेकिन नहीं हुई होम डिलीवरी, जानें क्यों
Xप्लेन: कैसे होती है मानसून की भविष्यवाणी, बारिश अर्थव्यवस्था के लिए क्यों है जरूरी?
Xप्लेन: कैसे होती है मानसून की भविष्यवाणी, बारिश अर्थव्यवस्था के लिए क्यों है जरूरी?
भारतीय रेल की बड़ी उपलब्धि! USBRL रूट से कश्मीर पहुंची ईंधन से लदी पहली ट्रेन
भारतीय रेल की बड़ी उपलब्धि! USBRL रूट से कश्मीर पहुंची ईंधन से लदी पहली ट्रेन

वीडियोज

Vasudha: Vasudha-Chandrika को मिलेगा 'Business Women Award', परखने घर पहुंची स्पेशल कमेटी
R. Madhavan बोले- अब उन्हें CM Thalapathy Vijay कहना चाहिए, Politics पर दिया बड़ा जवाब
Kajal Raghwani ने Pawan Singh पर लगाए गंभीर आरोप, Khesari Lal Yadav को भी दिया जवाब
Bhojpuri Bawaal में Pawan Singh ने छोड़ा शो, Amrapali Dubey और Kajal Raghwani में बड़ी बहस
Bollywood News: उल्टा पड़ा दांव! 'आवारापन 2' के मेकर्स का ही दांव पड़ा उन पर भारी, घिरे विवादों में! (07.06.26)

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
पंजाब-दिल्ली को दहलाने का पाकिस्तानी प्लान फेल! NIA ने की बड़ी कार्रवाई
पंजाब-दिल्ली को दहलाने का पाकिस्तानी प्लान फेल! NIA ने की बड़ी कार्रवाई
गुरुग्राम में बारिश के बाद प्रशासन अलर्ट, वर्क फ्रॉम होम की सलाह
गुरुग्राम में बारिश के बाद प्रशासन अलर्ट, वर्क फ्रॉम होम की सलाह
भारत में 6 नवंबर को रिलीज नहीं होगी रणबीर कपूर की 'रामायण', प्रोड्यूसर ने बताई चौंकाने वाली वजह
भारत में 6 नवंबर को रिलीज नहीं होगी रणबीर कपूर की 'रामायण', प्रोड्यूसर ने बताई चौंकाने वाली वजह
श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले 5 भारतीय गेंदबाज
श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले 5 भारतीय गेंदबाज
यूपी में बदलने वाला है मौसम का मिजाज, 63 जिलों में बारिश का अलर्ट
यूपी में बदलने वाला है मौसम का मिजाज, 63 जिलों में बारिश का अलर्ट
अपने ही पैर पर कुल्हाड़ी..., भारत-चीन पर 100% टैरिफ का US सीनेटर ने किया विरोध
अपने ही पैर पर कुल्हाड़ी..., भारत-चीन पर 100% टैरिफ का US सीनेटर ने किया विरोध
इकलौता समंदर जिसका नहीं कोई किनारा, बिना तट कैसे तय होती है सीमा?
इकलौता समंदर जिसका नहीं कोई किनारा, बिना तट कैसे तय होती है सीमा?
RTE के नियमों पर मौसम और त्योहारों की मार, स्कूलों के सामने आई नई चुनौती
RTE के नियमों पर मौसम और त्योहारों की मार, स्कूलों के सामने आई नई चुनौती
Embed widget