हिंदी न्यूज़न्यूज़इंडियाबेंगलुरू को 'गार्बेज सिटी' कहना कर्नाटक का अपमान, माफी मांगें पीएम: कांग्रेस
बेंगलुरू को 'गार्बेज सिटी' कहना कर्नाटक का अपमान, माफी मांगें पीएम: कांग्रेस
कांग्रेस प्रवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा, 'बेंगलूरू को गार्बेज सिटी कहना इस शहर और कर्नाटक का अपमान है. प्रधानमंत्री ने इस शहर के लिए 'वैली ऑफ सिन' (पाप की घाटी) शब्द का भी इस्तेमाल किया है. यह निंदनीय है. इसके लिए प्रधानमंत्री को माफी मांगनी चाहिए.’’
Written By : एजेंसी | Updated at : 04 May 2018 09:10 PM (IST)
नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को कर्नाटक की सिद्धरमैया सरकार पर बेंगलुरू को 'गार्बेज सिटी' (कचरे का शहर) बना देने का आरोप लगाया था. अब इस पर कांग्रेस ने आज कहा कि बेंगलुरू का ‘अपमान करने’ के लिए पीएम मोदी को माफी मांगनी चाहिए. पार्टी ने यह भी कहा कि हार तय देखकर बीजेपी और पीएम मोदी डर और बौखलाहट में कर्नाटक का अपमान कर रहे हैं.
कांग्रेस प्रवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी ने दावा किया कि कुछ दिनों में ही कर्नाटक की जनता इस अपमान का मुंहतोड़ जवाब देगी. सिंघवी ने कहा, 'कर्नाटक चुनाव के नजदीक आने के साथ ही बीजेपी का भय और बौखलाहट बढ़ती जा रही है. प्रधानमंत्री की ओर से कल जनरल करियप्पा और थिमैया के बारे में की गई बात से यह फिर साबित हुआ कि प्रधानमंत्री का इतिहास का ज्ञान बहुत सीमित है.'
कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा, 'बेंगलूरू को गार्बेज सिटी कहना इस शहर और कर्नाटक का अपमान है. प्रधानमंत्री ने इस शहर के लिए 'वैली ऑफ सिन' (पाप की घाटी) शब्द का भी इस्तेमाल किया है. यह निंदनीय है. इसके लिए प्रधानमंत्री को माफी मांगनी चाहिए.’’
अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा, ‘‘कुछ दिनों में ही कर्नाटक की जनता इस अपमान का मुंहतोड़ जवाब देगी.' कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा, 'प्रधानमंत्री को यह पता होना चाहिए कि इस शहर ने देश को सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र की शक्ति बनाया है. मैं यह आग्रह करता हूँ कि प्रधानमंत्री कांग्रेस के बारे में जो कहना चाहते हैं वे कहें, लेकिन कर्नाटक और बेंगलुरू के लोगों का अपमान नहीं करें.'
दरअसल, प्रधानमंत्री मोदी ने गुरुवार को कर्नाटक में एक चुनावी सभा के दौरान शहरों से जुड़े मुद्दों को लेकर सिद्धरमैया सरकार पर तीखा हमला बोला. उन्होंने आरोप लगाया कि उसने बेंगलुरू को ‘कचरे का शहर’ और सिलिकॉन वैली को ‘पाप की घाटी’ ( वैली ऑफ सिन) में बदल दिया है. सिंघवी ने कहा कि बीजेपी चुनाव प्रचार में सांप्रदायिक ध्रुवीकरण कर रही है. विज्ञापनों में राहुल पर निशाना बनाना यह साबित करता है कि बीजेपी कांग्रेस अध्यक्ष से डरी हुई है. सिंघवी ने कहा कि शराब और रियल इस्टेट क्षेत्र को जीएसटी के दायरे में लाया जाना चाहिए.
Breaking News, Anytime, Anywhere - Download ABPLIVE on Android and iOS now!
नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को कर्नाटक की सिद्धरमैया सरकार पर बेंगलुरू को 'गार्बेज सिटी' (कचरे का शहर) बना देने का आरोप लगाया था. अब इस पर कांग्रेस ने आज कहा कि बेंगलुरू का ‘अपमान करने’ के लिए पीएम मोदी को माफी मांगनी चाहिए. पार्टी ने यह भी कहा कि हार तय देखकर बीजेपी और पीएम मोदी डर और बौखलाहट में कर्नाटक का अपमान कर रहे हैं.
कांग्रेस प्रवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी ने दावा किया कि कुछ दिनों में ही कर्नाटक की जनता इस अपमान का मुंहतोड़ जवाब देगी. सिंघवी ने कहा, 'कर्नाटक चुनाव के नजदीक आने के साथ ही बीजेपी का भय और बौखलाहट बढ़ती जा रही है. प्रधानमंत्री की ओर से कल जनरल करियप्पा और थिमैया के बारे में की गई बात से यह फिर साबित हुआ कि प्रधानमंत्री का इतिहास का ज्ञान बहुत सीमित है.'
कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा, 'बेंगलूरू को गार्बेज सिटी कहना इस शहर और कर्नाटक का अपमान है. प्रधानमंत्री ने इस शहर के लिए 'वैली ऑफ सिन' (पाप की घाटी) शब्द का भी इस्तेमाल किया है. यह निंदनीय है. इसके लिए प्रधानमंत्री को माफी मांगनी चाहिए.’’
अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा, ‘‘कुछ दिनों में ही कर्नाटक की जनता इस अपमान का मुंहतोड़ जवाब देगी.' कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा, 'प्रधानमंत्री को यह पता होना चाहिए कि इस शहर ने देश को सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र की शक्ति बनाया है. मैं यह आग्रह करता हूँ कि प्रधानमंत्री कांग्रेस के बारे में जो कहना चाहते हैं वे कहें, लेकिन कर्नाटक और बेंगलुरू के लोगों का अपमान नहीं करें.'
दरअसल, प्रधानमंत्री मोदी ने गुरुवार को कर्नाटक में एक चुनावी सभा के दौरान शहरों से जुड़े मुद्दों को लेकर सिद्धरमैया सरकार पर तीखा हमला बोला. उन्होंने आरोप लगाया कि उसने बेंगलुरू को ‘कचरे का शहर’ और सिलिकॉन वैली को ‘पाप की घाटी’ ( वैली ऑफ सिन) में बदल दिया है. सिंघवी ने कहा कि बीजेपी चुनाव प्रचार में सांप्रदायिक ध्रुवीकरण कर रही है. विज्ञापनों में राहुल पर निशाना बनाना यह साबित करता है कि बीजेपी कांग्रेस अध्यक्ष से डरी हुई है. सिंघवी ने कहा कि शराब और रियल इस्टेट क्षेत्र को जीएसटी के दायरे में लाया जाना चाहिए.