एक्सप्लोरर

Maharashtra Exit Poll 2019: आज महाराष्ट्र के सबसे बड़े नेता के रूप में उभरने के देवेंद्र फडणवीस के टॉप 5 फैक्टर

Maharashtra Election Exit Poll 2019: आज महाराष्ट्र की जनता ने राज्य की 288 सीटों पर चुनाव लड़ रहे उम्मीदवारों का फैसला ईवीएम में कैद कर दिया. 24 अक्टूबर को आने वाले नतीजों से पहले एबीपी न्यूज़ और सी वोटर ने एग्जिट पोल के जरिए जानने की कोशिश की है कि नतीजों का रुख क्या रहेगा.

नई दिल्ली: एबीपी न्यूज़ के एग्ज़िट पोल के आंकड़ों की बात करें तो देश की आर्थिक राजधानी वाले प्रदेश महाराष्ट्र में जनता एक बार फिर बीजेपी शिवसेना गठबंधन पर भरोसा जताने जा रही है. एग्जिट पोल के आंकड़ों के मुताबिक देवेंद्र फडणवीस दोबोरा सीएम बन सकते हैं, इतना ही नहीं बीजेपी अपने दम पर भी बहुमत का आंकड़ा पार करती नजर रही है. इस चुनाव में देवेंद्र फडणवीस सबसे बड़े नेता के तौर पर उभरे हैं.

एग्ज़िट पोल में किसे कितनी सीटें मिलने का अनुमान? कुल सीट- 288

  • (बीजेपी +)  204
  • (कांग्रेस +) 69
  • (अन्य)- 15

जानिये, इन 5 सालों में ऐसा क्या हुआ जिसने फडणवीस को इतना ताकतवर बनाया

1- शिवसेना पर लगाम कसी 2014 में जब फडणवीस ने सीएम पद की शपथ ली तब शिवसेना सरकार में शामिल नहीं थी और बीजेपी के पास बहुमत नहीं था. 288 में से बीजेपी के पास 122 सीटें ही थीं. ऐसे में विश्वास मत पारित होते वक्त एनसीपी के विधायकों से बहिष्कार करवाकर फडणवीस ने सरकार बचा ली. इसके बाद शिवसेना को भी सरकार में शामिल कर लिया. शिवसेना सरकार में रहते हुए भी विपक्ष की तरह पेश आई. आये दिन मुखपत्र सामना के जरिये बीजेपी के खिलाफ सामग्री छापी जाती, नेता बीजेपी के खिलाफ बयानबाजी करते और उद्धव ठाकरे इस्तीफा जेब में रखता हूं कहकर सरकार से बाहर निकलने की धमकी देते. इसके बावजूद फडणवीस ने गठबंधन सरकार 5 साल तक चलाई और 2019 में लोकसभा चुनाव के वक्त शिवसेना को गठबंधन के लिये तैयार किया. विधानसभा चुनाव में भी शिवसेना के साथ 50-50 फीसदी सीटों का बंटवारा न करते हुए शिवसेना को सिर्फ 124 सीटें दीं और बीजेपी और सहयोगी दलों को 164 सीटें दिलाईं. सहयोगी दल के लगभग सभी उम्मीदवार कमल के चिन्ह पर चुनाव लड़ रहे हैं और कानूनी जानकारों के मुताबिक जीतने पर उन्हें बीजेपी का ही व्हिप मानना होगा, नहीं तो सदस्यता चली जायेगी.

Maharashtra Exit Poll 2019: आज महाराष्ट्र के सबसे बड़े नेता के रूप में उभरने के देवेंद्र फडणवीस के टॉप 5 फैक्टर

Maharashtra Exit Poll 2019: फडणवीस दोबारा बनेंगे सीएम, बीजेपी अपने दम पर ही सरकार बनाने में होगी सक्षम

2- विपक्ष के तमाम बड़े चेहरों को तोड लिया आज महाराष्ट्र में विपक्ष लगभग खत्म सा हो गया है. कांग्रेस और राष्ट्रवादी कांग्रेस के कई बड़े नेता, विधायक, पूर्व मंत्री और पूर्व विधायक अपनी पार्टियां छोड़कर बीजेपी में शामिल हो गईं. यहां तक कि राज्य के विपक्ष के नेता राधाकृष्ण विखे पाटिल भी बीजेपी में शामिल हो गये. विपक्ष की इस तरह से कमर तोड़ने का श्रेय देवेंद्र फडणवीस को दिया जा रहा है.

3- पार्टी के अंदरूनी प्रतिद्विदियों को धाराशाई किया 2014 में जब बीजेपी सबसे बडी पार्टी बनकर उभरी तब सीएम कौन हो सकता है, इसको लेकर कई नामों की चर्चा हुई, जिनमें एकनाथ खडसे, विनोद तावडे और पंकजा मुंडे का भी नाम था. चिक्की घोटाले में नाम आने के बाद पंकजा बैकफुट पर चलीं गईं हालांकि उन्हें क्लीन चिट मिल गई. मुख्यमंत्री पद की महत्वकांक्षा रखने वाले बाकी दो नाम विनोद तावडे और एकनाथ खडसे को फडणवीस ने टिकट ही नहीं मिलने दिया. 2019 के विधानसभा चुनाव में टिकट बंटवारे को लेकर फडणवीस की ही चली और उन्होने अपने करीबियों को ही टिकट दिलाये.

Maharashtra Exit Poll 2019: आज महाराष्ट्र के सबसे बड़े नेता के रूप में उभरने के देवेंद्र फडणवीस के टॉप 5 फैक्टर

4. सरकार को घेरने वाले मुद्दों को ठंडा किया मराठा आरक्षण, कर्जमाफी और सूखा ये कुछ ऐसे मुद्दे थे जिनसे कि बीजेपी मुश्किल में घिरती नजर आ रही थी, लेकिन फडणवीस ने बडी ही चतुराई ने इनका निपटारा किया. लोकसभा चुनाव के जो नतीजे आये उससे पता चला कि इन मुद्दों ने बीजेपी को कामयाबी हासिल करने में कोई रोड़ा नहीं अटकाया.

5- स्थानीय निकाय और उपचुनावों में कामयाबी इन 5 सालों में राज्य भर में होने वाले महानगरपालिका और नगरपालिका जैसे स्थानीय निकाय के कई चुनावों में बीजेपी का परचम लहराया. पालघर लोकसभा सीट के उपचुनाव में शिवसेना की ओर से उम्मीदवार खड़े किये जाने के बावजूद भी जीत हासिल की. नासिक महानगरपालिका में राज ठाकरे की पार्टी एमएनएस से सत्ता छीनकर बीजेपी के मेयर को बिठाया.

यह वीडियो भी देखें

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

'वे सहमत हुए, क्योंकि मैंने...' रूस-यूक्रेन पीस डील को लेकर ट्रंप का बड़ा दावा
'वे सहमत हुए क्योंकि मैंने कहा...' रूस-यूक्रेन पीस डील पर बोले ट्रंप
MLC चुनाव से पहले RLM में संग्राम! रामपुकार सिन्हा सस्पेंड, अब 3 MLA पर गिरेगी गाज?
MLC चुनाव से पहले RLM में संग्राम! रामपुकार सिन्हा सस्पेंड, अब 3 MLA पर गिरेगी गाज?
'भारत पर यकीन, दोनों के संबंध...', PM मोदी-ट्रंप का नाम लेकर क्या बोले सर्जियो गोर?
'भारत पर यकीन, दोनों के संबंध...', PM मोदी-ट्रंप का नाम लेकर क्या बोले सर्जियो गोर?
नॉर्थ अमेरिका में बॉलीवुड फिल्मों की धूम, 'धुरंधर 2' बनी नंबर 1, जानें- 'दृश्यम 3' को टॉप 10 लिस्ट में मिली कौन सी जगह ?
नॉर्थ अमेरिका में बॉलीवुड फिल्मों की धूम, जानें- टॉप 10 फिल्मों की लिस्ट

वीडियोज

सगाई के बाद... किडनैपिंग का प्लान !
विपक्षी मार्च..'शिव बारात' या 'अराजक जमात'?
Gyanesh Kumar के खिलाफ Rahul Gandhi अब क्या करेंगे?
CEC पर बवाल...अब सुप्रीम कोर्ट ही करेगा समाधान?
Gyanesh Kumar के खिलाफ Rahul Gandhi का 'तांडव'!

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
'वे सहमत हुए, क्योंकि मैंने...' रूस-यूक्रेन पीस डील को लेकर ट्रंप का बड़ा दावा
'वे सहमत हुए क्योंकि मैंने कहा...' रूस-यूक्रेन पीस डील पर बोले ट्रंप
MLC चुनाव से पहले RLM में संग्राम! रामपुकार सिन्हा सस्पेंड, अब 3 MLA पर गिरेगी गाज?
MLC चुनाव से पहले RLM में संग्राम! रामपुकार सिन्हा सस्पेंड, अब 3 MLA पर गिरेगी गाज?
'भारत पर यकीन, दोनों के संबंध...', PM मोदी-ट्रंप का नाम लेकर क्या बोले सर्जियो गोर?
'भारत पर यकीन, दोनों के संबंध...', PM मोदी-ट्रंप का नाम लेकर क्या बोले सर्जियो गोर?
नॉर्थ अमेरिका में बॉलीवुड फिल्मों की धूम, 'धुरंधर 2' बनी नंबर 1, जानें- 'दृश्यम 3' को टॉप 10 लिस्ट में मिली कौन सी जगह ?
नॉर्थ अमेरिका में बॉलीवुड फिल्मों की धूम, जानें- टॉप 10 फिल्मों की लिस्ट
जमानत पर रिहा होकर जड़ा शतक, मैदान पर निकले आंसू; अभिषेक पोरेल ने सुनाई जेल की कहानी
जमानत पर रिहा होकर जड़ा शतक, मैदान पर निकले आंसू; अभिषेक पोरेल ने सुनाई जेल की कहानी
एक महल से दूसरे महल क्यों भागे फिर रहे सऊदी क्राउन प्रिंस? खालिद एयरपोर्ट बंद
एक महल से दूसरे महल क्यों भागे फिर रहे सऊदी क्राउन प्रिंस? खालिद एयरपोर्ट बंद
शिवा शर्मा मर्डर: हर साल बदल जाता था नंबर, दोस्त की मदद से नेपाल भागी आरोपी श्रद्धा
शिवा शर्मा मर्डर: हर साल बदल जाता था नंबर, दोस्त की मदद से नेपाल भागी आरोपी श्रद्धा
गांधी परिवार की संपत्तियों पर रोक लगाने से HC का इनकार, ED को नहीं मिली राहत
गांधी परिवार की संपत्तियों पर रोक लगाने से HC का इनकार, ED को नहीं मिली राहत
Embed widget