Stock Market Today: ट्रंप के महंगे वीजा फरमान के बीच सेंसेक्स की 100 अंक की छलांग, मारुति और स्टील के उछले शेयर
Stock Market News: एनएसई पर निफ्टी 500 भी 25,200 के ऊपर कारोबार कर रहा है. इस बीच, मारुति और टाटा स्टील के शेयरों में 2 प्रतिशत का उछाल देखने को मिला है.

Stock Market Today: हफ्ते के दूसरे कारोबारी दिन की शुरुआत बाजार में बढ़त के साथ हुई है. मंगलवार 23 सितंबर 2025 को बीएसई पर 30 अंकों वाला सेंसेक्स 100 अंक की तेजी के साथ खुला. वहीं एनएसई पर निफ्टी 500 भी 25,200 के ऊपर कारोबार कर रहा है. इस बीच, मारुति और टाटा स्टील के शेयरों में 2 प्रतिशत का उछाल देखने को मिला है.
शेयर बाजार की सपाट चाल
इससे एक दिन पहले सोमवार को एच-1बी वीजा फीस में भारी बढ़ोतरी के चलते आईटी कंपनियों पर भारी दबाव की वजह से भारतीय बाजार गिरावट के साथ बंद हुआ था. इन शेयरों में जबरदस्त बिकवाली देखी गई.
जियोजीत इन्वेस्टमेंट्स के चीफ इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटजिस्ट डॉ. वी.के. विजयकुमार का कहना है कि सितंबर 2024 के बाद पहली बार विदेशी निवेशकों (FIIs) की इस स्तर पर बिकवाली देखने को मिल रही है. उन्होंने बताया कि पिछले साल विदेशी निवेशकों ने कुल 1,21,210 करोड़ रुपये की बिकवाली की थी, जबकि इस साल अब तक यह आंकड़ा बढ़कर 1,79,200 करोड़ रुपये तक पहुंच चुका है.
मार्केट एक्सपर्टस का मानना है कि विदेशी निवेशकों की इतनी बड़ी बिकवाली का सीधा असर घरेलू शेयर बाजार पर पड़ा है. इससे रुपये पर दबाव बढ़ा है और बाजार में उतार-चढ़ाव भी तेज हो गया है. हालांकि, विश्लेषकों का मानना है कि घरेलू निवेशकों की मजबूत भागीदारी और लंबी अवधि में भारतीय अर्थव्यवस्था की बेहतर संभावनाएं बाजार को सहारा देती रहेंगी.
IT कंपनियों पर दबाव, लेकिन उछले स्टील-मारुति
जियोजीत इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के रिसर्च हेड विनोद नायर का कहना है कि एच-1बी वीजा की फीस में तेज वृद्धि के बीच घरेलू बाजार में गिरावट देखी गई, जिसका असर आईटी सूचकांक पर पड़ा. वहीं हाल की बढ़त के बाद मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में मुनाफावसूली हुई.
उन्होंने कहा कि जीएसटी को युक्तिसंगत बनाने, सामान्य मॉनसून, कम ब्याज दरों और कर प्रोत्साहनों से उपभोग को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है. इससे मूल्यांकन और वृद्धि की संभावनाओं के बीच का अंतर कम होगा. विनोद नायर ने आगे कहा कि वित्त वर्ष 2025-26 की दूसरी छमाही में आय में सुधार की उम्मीद है. इसी के साथ विदेशी निवेशक धीरे-धीरे खरीदार बन रहे हैं. उपभोग-केंद्रित क्षेत्रों के बाजार का ध्यान आकर्षित करने और उसे समर्थन मिलने की संभावना है.
डिस्क्लेमर: (यहां मुहैया जानकारी सिर्फ़ सूचना हेतु दी जा रही है. यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है. निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें. ABPLive.com की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है.)
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